Bhind News: भिंड नगर पालिका के संबल पोर्टल क्लर्क राजेंद्र सिंह चौहान को पुलिस ने उस समय गिरफ्तार कर लिया जब वह विदिशा के एक मैदान में दोस्तों के साथ क्रिकेट खेल रहा था। करीब एक साल से फरार चल रहे इस आरोपी ने संबल योजना में 3 करोड़ रुपए के गबन की बात पुलिस पूछताछ में कबूल ली है।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी के बाद चौहान ने अजीबोगरीब जिद की। उसने कहा, “मैं अपनी ब्रेजा कार से ही भिंड चलूंगा।” पुलिस ने उसकी बात मान ली और पूरी टीम आरोपी को उसकी ही ग्रैंड विटारा ब्रेजा कार में बैठाकर विदिशा से भिंड लेकर आई।
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गबन के पैसों से बना रखा था ऐशो-आराम का साम्राज्य
आरोपी ने बताया कि उसने गबन की रकम में से करीब डेढ़ करोड़ रुपए खुद खर्च किए:
– विदिशा में प्लॉट और मकान खरीदे
– शेयर मार्केट व म्यूचुअल फंड में निवेश किया
– नई ग्रैंड विटारा कार ली
– महंगे एपल आईफोन और अन्य लग्जरी सामान खरीदे
5 दलालों का था पूरा नेटवर्क
चौहान ने खुलासा किया कि उसने 5 दलालों के साथ मिलकर फर्जी लाभार्थी बनाकर और डुप्लीकेट दस्तावेजों के जरिए करोड़ों का गबन किया। पुलिस अब इन पांचों दलालों की तलाश कर रही है।
मामला पिछले साल का है जब सिटी कोतवाली थाने में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत FIR दर्ज हुई थी। लगातार लोकेशन बदल रहे आरोपी को मुखबिर की सूचना पर विदिशा में दबिश देकर पकड़ा गया।
कार्रवाई में सीएसपी निरंजन सिंह राजपूत, टीआई ब्रजेंद्र सिंह सेंगर, एसआई बलराम यादव, प्रआर मनीष सिंह, मनीष सिंह भदौरिया और राकेश तोमर की टीम अहम रही।
पुलिस अब आरोपी की संपत्तियों को कुर्क करने और बाकी दलालों तक पहुंचने की तैयारी कर रही है। कहा जा रहा है कि यह मध्य प्रदेश के नगरीय निकायों में संबल योजना का अब तक का सबसे बड़ा घोटाला है। (Bhind News)