Indore Kinnar Suicide : इंदौर। नंदलालपुरा क्षेत्र में किन्नरों के दो गुटों के बीच चल रहा विवाद अब गंभीर मोड़ पर पहुंच गया है। मंगलवार रात विवाद के चलते 24 किन्नरों ने सामूहिक रूप से फिनाइल पी लिया, जबकि चार ने आत्मदाह की कोशिश की। सभी को एमवाय अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
बीजेपी प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस कमिश्नर से की मुलाकात
घटना के बाद गुरुवार को बीजेपी नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह से मिला। उन्होंने डेरे के सभी किन्नरों के मेडिकल टेस्ट, डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और पंजीकरण की मांग की। साथ ही मालेगांव कनेक्शन, टेरर फंडिंग, धर्मांतरण और मनी लॉन्ड्रिंग के एंगल से जांच की बात कही।
प्रतिनिधिमंडल में सांसद शंकर लालवानी, विधायक रमेश मेंदोला, महेंद्र हार्डिया, मधु वर्मा, मालिनी गौड़, गोलू शुक्ला और नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा शामिल रहे।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह विवाद करीब 150 से 200 करोड़ रुपए की संपत्ति, गद्दी के अधिकार और नेग वसूली को लेकर है। मुख्य गुरु की मौत के बाद पायल गुरु को गद्दी पर बैठाया गया, जबकि सपना गुरु को बाहर कर दिया गया। इसी से विवाद बढ़ा।
चार महीने से जांच में सुस्ती पर उठे सवाल
चार महीने पहले बनी SIT ने अब तक किसी का बयान नहीं लिया। अधिकारियों के तबादले के बाद जांच ठप हो गई थी। बीजेपी प्रतिनिधिमंडल ने इस लापरवाही पर भी सवाल उठाए।
प्रतिनिधिमंडल ने गंभीर आरोप लगाए कि डेरे में किन्नरों को गर्म सरियों से जलाया जाता है और एचआईवी संक्रमण जानबूझकर फैलाया जा रहा है। साथ ही नेग वसूली में धमकाने और जबरन पैसे मांगने की शिकायतें भी मिली हैं।
एमआर-10 में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
पुलिस ने इस मामले में सपना गुरु को हिरासत में लिया है, जबकि राजा हाशमी, अक्षय कुमार और पंकज जैन की तलाश जारी है। हाल ही में एक किन्नर ने इन्हीं तीनों पर दुष्कर्म का आरोप लगाया था।
डीसीपी आनंद कलादगि ने बताया कि जांच को तेज किया गया है और सभी संबंधित लोगों के बयान जल्द दर्ज किए जाएंगे। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, जबकि एमआर-10 क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
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