MP SIR News : हरदा। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) 2025 से संबंधित एक महत्वपूर्ण गूगल मीटिंग में शामिल न होने पर हरदा जिले के कलेक्टर सिद्धार्थ जैन ने 21 अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की है। कलेक्टर ने इन अधिकारियों का एक दिन का वेतन काटने के निर्देश जारी किए हैं। यह कदम निर्वाचन कार्य में लापरवाही को रोकने और काम की गंभीरता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
टिमरनी विधानसभा क्षेत्र 134 से जिन कर्मचारियों का वेतन काटा गया है, उनमें ग्रामीण उद्यान विस्तार अधिकारी अनिल गरीड, पशुपालन विभाग के डॉ. नागेन्द्र पाटिल और धर्मेंद्र कुमार यादव, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के सहायक यंत्री विश्वजीत पाटीदार, वन विभाग के प्रेमपाल धुर्वे, रामलाल मरापे, बेल सिंह मेहता, सुकुमार सिंह उईके, बोरेलाल धुर्वे और मकड़ाई के प्रभारी परिक्षेत्र अधिकारी राजेन्द्र प्रसाद परते शामिल हैं। इसके अलावा लोक निर्माण विभाग के उपयंत्री कल्याण सिंह ठाकुर का भी एक दिन का वेतन काटने का आदेश हुआ है।
हरदा विधानसभा क्षेत्र के अधिकारी भी कार्रवाई में शामिल
हरदा विधानसभा 135 से उप वनक्षेत्रपाल मुन्नालाल मवासी, पीडब्ल्यूडी के अनुविभागीय अधिकारी आर.एल. कुम्हार, सहायक यंत्री संजय इवने, उद्यानिकी विभाग के सहायक संचालक विजय सिंह, कृषि विभाग के सहायक संचालक रामकृष्ण मंडलोई, महिला एवं बाल विकास के राजा रंगारे, श्रम विभाग के आशीष चौरसिया, जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के प्रबंधक सचिन रोमड़े और विकासखंड स्रोत समन्वयक रमेश पटेल का भी वेतन काटा जाएगा।
कलेक्टर की सख्त चेतावनी
कलेक्टर सिद्धार्थ जैन ने सभी विभागीय प्रमुखों को निर्देशित किया है कि वे अपने अधीनस्थ कर्मचारियों और बीएलओ को वोटर लिस्ट पुनरीक्षण कार्य गंभीरता से करने के लिए सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि भविष्य में किसी भी तरह की लापरवाही पर संबंधित बीएलओ और सुपरवाइज़रों के खिलाफ निर्वाचन नियमों के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
वोटर लिस्ट पुनरीक्षण की अहमियत के चलते बढ़ी सख्ती
कलेक्टर की यह कार्रवाई इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि वोटर लिस्ट का सही और समय पर पुनरीक्षण आगामी चुनाव प्रक्रियाओं की नींव होता है। अधिकारियों की अनुपस्थिति को प्रशासन ने सीधे तौर पर गंभीर लापरवाही माना है।