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मप्र का डिण्डौरी जिला जल अभावग्रस्त घोषित, 30 जून तक नलकूप एवं हैंडपंप खनन पर प्रतिबंध

डिण्डौरी। मध्य प्रदेश के डिंडौरी जिले में अल्प वर्षा के कारण ग्रीष्म ऋतु के दौरान संभावित पेयजल संकट को देखते हुए जिला प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने प्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए संपूर्ण डिण्डौरी जिले को जल अभावग्रस्त क्षेत्र घोषित किया है। इस संबंध में कलेक्टर ने सोमवार को आदेश जारी किया है। यह आदेश 10 फरवरी 2026 से 30 जून 2026 तक प्रभावशील रहेगा। आदेश के तहत जिले के समस्त सार्वजनिक जल स्रोतों से पानी का उपयोग केवल पेयजल एवं दैनिक घरेलू आवश्यकताओं के लिए ही किया जा सकेगा। सिंचाई, निर्माण कार्यों एवं किसी भी प्रकार की व्यवसायिक गतिविधियों के लिए पानी का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही विद्युत अथवा डीजल से जल लिफ्ट करना भी वर्जित किया गया है। कलेक्टर द्वारा जारी आदेश में निजी नलकूप एवं हैंडपंप खनन पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। हालांकि, अत्यावश्यक परिस्थितियों में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) द्वारा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की अनुशंसा के आधार पर अनुमति दी जा सकेगी। आदेश के पालन को सुनिश्चित करने हेतु पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया गया है कि जिले के समस्त थाना प्रभारियों को सूचित कर प्रतिबंधित कार्यों में जल उपयोग करने वालों के विरुद्ध विधिसम्मत कार्यवाही की जाए। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे जल संरक्षण में सहयोग करें तथा निर्धारित अवधि में नियमों का पालन कर पेयजल संकट से निपटने में प्रशासन का साथ दें।

भोपाल में प्रोफेसर की खुदकुशी: 'बीमारी से तंग आ गया हूं…' सुसाइड नोट लिख फंदे पर झूले शैलेंद्र, पत्नी भी लड़ रही कैंसर से जंग

भोपाल। राजधानी के रातीबड़ इलाके में एक निजी कॉलेज के प्रोफेसर द्वारा सुसाइड करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात 32 वर्षीय प्रोफेसर शैलेंद्र सिंह ठाकुर ने अपने किराए के कमरे में फांसी लगाकर जीवनलीला समाप्त कर ली। बुधवार सुबह जब परिजनों ने उन्हें फंदे पर लटका देखा तो इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस को मौके से एक भावुक सुसाइड नोट भी मिला है जिसमें मृतक ने अपनी बीमारी और मानसिक पीड़ा का जिक्र किया है। मूल रूप से सीहोर जिले के आष्टा गोपालपुर के रहने वाले शैलेंद्र पिछले 6 महीनों से भोपाल की गोल्डन सिटी में किराए से रह रहे थे और रातीबड़ के ही एक प्राइवेट कॉलेज में अध्यापन कार्य कर रहे थे। पुलिस के अनुसार शैलेंद्र के कमरे से मिले सुसाइड नोट में लिखा है मैं अपनी बीमारी से बहुत तंग आ चुका हूं… इसलिए अब जीना नहीं चाहता। मैं आप सभी से बहुत प्यार करता हूं कृपया अपना ध्यान रखें और स्वस्थ रहें। हैरानी की बात यह है कि परिजनों ने शैलेंद्र को किसी भी तरह की ‘गंभीर’ बीमारी होने से इनकार किया है। भाई के मुताबिक शैलेंद्र अक्सर मामूली मौसमी बीमारियों जैसे सर्दी-जुकाम और उसके बाद होने वाली शारीरिक कमजोरी से परेशान रहते थे। हालांकि पुलिस जांच में एक और दुखद पहलू सामने आया है। बताया जा रहा है कि शैलेंद्र की पत्नी ‘बच्चेदानी के कैंसर’ से जूझ रही हैं और पिछले एक साल से उनका इलाज चल रहा है। वर्तमान में पत्नी अपने मायके में रहकर उपचार करा रही हैं जिसे लेकर शैलेंद्र काफी समय से गहरे तनाव में थे। जांच अधिकारी SI गब्बर सिंह ने बताया कि पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अब इस मामले की जांच मानसिक स्वास्थ्य और पारिवारिक परिस्थितियों के नजरिए से भी कर रही है। यह घटना दर्शाती है कि कभी-कभी छोटी दिखने वाली शारीरिक समस्याएं और अपनों की बीमारी का बोझ एक व्यक्ति को भीतर से कितना कमजोर कर सकता है।

दीनदयाल उपाध्याय: एकात्म मानववाद और अंत्योदय के प्रणेता, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया नमन

भोपाल । मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए और उनके आदर्शों को देश-प्रदेश की प्रगति की प्रेरणा बताया। उन्होंने कहा कि जब विश्व में साम्यवाद और समाजवाद की विचारधाराएँ व्यापक रूप से प्रभावी थीं तब दीनदयाल जी ने भारतीय सनातन विचारधारा को युगानुकूल रूप में प्रस्तुत कर एकात्म मानववाद और अंत्योदय की कल्याणकारी दृष्टि दी। यह हमारी सांस्कृतिक विरासत को निरंतरता प्रदान करने का एक प्रभावी प्रयास था। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय एकात्म मानववाद और अंत्योदय के प्रणेता तथा समर्थ भारत निर्माण के चिंतक थे। वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के चिंतक संगठनकर्ता और भारतीय जनसंघ के सह संस्थापक रहे। दीनदयाल जी का मानना था कि स्वतंत्रता तभी सार्थक होती है जब वह हमारी संस्कृति की अभिव्यक्ति का साधन बने। उनके विचारों ने समाज के अंतिम पंक्ति के अंतिम व्यक्ति के जीवन में उजास लाने का मार्ग प्रशस्त किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव लालघाटी स्थित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित करने के बाद उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि दीनदयाल जी के विचार भारतीय मानस को सशक्त राष्ट्र और समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करते हैं। इस अवसर पर उन्होंने पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा के निकट विकसित ‘नमो वन’ का अवलोकन किया और रुद्राक्ष का पौधा रोपा। मुख्यमंत्री ने कहा कि दीनदयाल जी के विचारों के अनुरूप प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गरीब किसान युवा और महिलाओं के कल्याण के साथ सभी को प्रगति के अवसर उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में राज्य सरकार भी इसी दिशा में निरंतर सक्रिय है और विश्व में देश का प्रभाव बढ़ रहा है। डॉ. यादव ने यह भी बताया कि पुण्यतिथि पर केश शिल्पियों को उपलब्ध कराई जा रही किट दीनदयाल जी के अंत्योदय के विचारों को व्यावहारिक रूप देने का सार्थक प्रयास है। इस अवसर पर खेल एवं युवा कल्याण सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग भोपाल महापौर मालती राय रविंद्र यति सहित अन्य जनप्रतिनिधि और स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।

80 नहीं, पूरे 136 विधायक मेरे साथ: कर्नाटक में नेतृत्व परिवर्तन की चर्चाओं पर डीके शिवकुमार का करारा जवाब

बेंगलुरु/नई दिल्ली। कर्नाटक में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी के भीतर मुख्यमंत्री पद को लेकर मची हलचल के बीच उपमुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डीके शिवकुमार ने एक बड़ा बयान देकर नेतृत्व परिवर्तन की अटकलों को नया मोड़ दे दिया है। दिल्ली में पार्टी आलाकमान के साथ बैठकों के दौर के बीच शिवकुमार ने उन दावों को सिरे से खारिज कर दिया, जिनमें कहा जा रहा था कि उनके खेमे में विधायकों की संख्या कम है। उन्होंने दोटूक शब्दों में कहा कि विधानसभा में कांग्रेस के सभी 136 विधायक उनके साथ हैं। पिछले कुछ समय से राज्य में ‘पावर-शेयरिंग’ फॉर्मूलेढाई-ढाई साल के कार्यकाल को लेकर कयासों का बाजार गर्म है, खासकर तब जब नवंबर 2025 में सरकार का आधा कार्यकाल पूरा हो चुका है। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र सिद्धारमैया के उस बयान के बाद कि ‘उनके पिता पूरे 5 साल मुख्यमंत्री रहेंगे’, राजनीति और गरमा गई थी। इसी पृष्ठभूमि में शिवकुमार का यह कहना कि136 विधायक मेरे साथ हैं, न केवल उनकी संगठन पर पकड़ को दर्शाता है, बल्कि आलाकमान को भी अपनी ताकत का सीधा संकेत है। शिवकुमार ने स्पष्ट किया कि फिलहाल मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उनके बीच कोई गोपनीय समझौता नहीं है जो सार्वजनिक न हो। उन्होंने पार्टी नेताओं को चेतावनी भी दी कि नेतृत्व को लेकर सार्वजनिक बयानबाजी से पार्टी की छवि को नुकसान पहुँचता है। हालांकि, उन्होंने यह जरूर जोड़ा कि वह दिल्ली में आगामी चुनावोंजैसे असम विधानसभा चुनाव की रणनीति और पार्टी मामलों पर चर्चा करने आए हैं, न कि मुख्यमंत्री की कुर्सी की मांग करने। राज्य में विपक्ष भाजपा लगातार कांग्रेस के भीतर चल रहे इस शीतयुद्ध को ‘अस्थिरता’ का नाम दे रहा है। ऐसे में शिवकुमार का ‘136 विधायकों’ वाला बयान पार्टी के भीतर एक मनोवैज्ञानिक दबाव बनाने की रणनीति भी माना जा रहा है। अब सबकी निगाहें मार्च 2026 में पेश होने वाले राज्य बजट पर टिकी हैं, जहाँ सिद्धारमैया अपना रिकॉर्ड 17वां बजट पेश करेंगे।

GWALIOIR CYBER SCRIMES: एयरफोर्स अफसर से साइबर ठगी: 1.66 लाख में खरीदे 8 मोबाइल, APK लिंक पर क्लिक की आशंका

CYBER CRIMES

HIGHLIGHTS: एयरफोर्स के ज्वाइंट वारेंट ऑफिसर से 1.66 लाख की ऑनलाइन ठगी दो क्रेडिट कार्ड से एक ही समय पर हुए ट्रांजैक्शन ठगों ने खरीदे 8 मोबाइल फोन 1930 हेल्पलाइन से दर्ज हुई ई-जीरो एफआईआर संदिग्ध APK फाइल से डेटा लीक की आशंका GWALIOIR CYBER SCRIMES: ग्वालियर। महाराजपुरा स्थित एयरफोर्स स्टेशन में पदस्थ ज्वाइंट वारेंट ऑफिसर ऑनलाइन फ्रॉड का शिकार हो गए। बता दें कि ठगों ने उनके दो क्रेडिट कार्ड से 1.66 लाख रुपए की ऑनलाइन शॉपिंग की और 8 मोबाइल फोन खरीदे। मामले की शिकायत दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। अभिनेता श्रेयस तलपड़े की बढ़ी मुश्किलें: करोड़ों के बैंक घोटाले में नाम आने के बाद मैनपुरी पुलिस ने शुरू की जांच, जानें क्या है पूरा मामला देर रात आया ट्रांजैक्शन अलर्ट पीड़ित अधिकारी ऋषि नरगोवा, मूल रूप से जम्मू के निवासी हैं और ग्वालियर में एक कराये के घर में रहते हैं। 6 फरवरी की रात 10:11 बजे उनके मोबाइल पर दो ट्रांजैक्शन मैसेज आए। एसबीआई क्रेडिट कार्ड से 95,020 रुपए और इंडसइंड बैंक क्रेडिट कार्ड से 70,753 रुपए निकले गए। दोनों ट्रांजैक्शन एक ही समय पर दर्ज हुए, जिससे धोखाधड़ी की पुष्टि हो सकी। 8 मोबाइल फोन की हुई खरीदारी मैसेज मिलते ही अधिकारी ने तुरंत दोनों कार्ड ब्लॉक कराए। अगले दिन बैंक पहुंचने पर जानकारी मिली कि दोनों कार्ड से कुल 8 मोबाइल फोन खरीदे गए हैं। अधिकारी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने किसी को ओटीपी साझा नहीं किया और न ही किसी कॉल पर बैंक संबंधी जानकारी दी। सूदखोरी के जाल में उलझकर बीजेपी नेता ने गंवाई जान, कांग्रेस नेता पर मौत से पहले लगाए गंभीर आरोप 1930 हेल्पलाइन से ई-जीरो एफआईआर पीड़ित ने तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद ई-जीरो एफआईआर के जरिए मामला महाराजपुरा थाने पहुंचा। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। APK फाइल खोलने की आशंका पुलिस को आशंका है कि अधिकारी ने अनजाने में किसी संदिग्ध एपीके (APK) फाइल या लिंक को ओपन किया हो सकता है। इससे मोबाइल डेटा तक ठगों की पहुंच बन गई होगी। फिलहाल पुलिस यह जांच कर रही है कि मोबाइल किस आईडी से खरीदे गए और उनकी डिलीवरी कहां हुई।

सिनेमा प्रेमियों के लिए बड़ी खबर! मुन्नाभाई 3 और 3 इडियट्स 2 की स्क्रिप्ट पर काम शुरू, राजकुमार हिरानी ने खुद किया खुलासा

नई दिल्ली। हिंदी सिनेमा के दिग्गज निर्देशक राजकुमार हिरानी ने अपने करोड़ों प्रशंसकों को एक साथ दो बड़ी खुशियां दी हैं। लंबे समय से चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए हिरानी ने पुष्टि कर दी है कि वे अपनी कल्ट क्लासिक फिल्मों- ‘3 इडियट्स’ 3 Idiots और ‘मुन्नाभाई एमबीबीएस’ Munnabhai MBBS-के अगले भाग पर सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं। वैराइटी इंडिया को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया कि उनके पास इस वक्त कई विचार हैं जिन्हें वे बड़े पर्दे पर उतारने की तैयारी में हैं। हिरानी ने बताया कि ‘मुन्नाभाई 3’ के लिए उनके पास एक बेहद दमदार और बड़ा आइडिया है जो दर्शकों को एक बार फिर संजय दत्त और अरशद वारसी की प्रतिष्ठित जोड़ी के करीब लाएगा। हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि फिलहाल वे कहानी के सही अंत Climax को तलाश रहे हैं। निर्देशक का कहना है कि जब तक स्क्रिप्ट पूरी तरह से संतोषजनक नहीं होती वे शूटिंग शुरू नहीं करेंगे। ‘मुन्नाभाई’ सीरीज ने न केवल बॉक्स ऑफिस पर राज किया था बल्कि समाज को ‘गांधीगिरी’ और ‘जादू की झप्पी’ जैसे विचार भी दिए थे। वहीं ‘3 इडियट्स’ के सीक्वल पर बात करते हुए हिरानी ने मुस्कुराते हुए कहा कि उनके मन में अचानक एक नया विचार आया है जिस पर काम शुरू हो चुका है। साल 2009 में रिलीज हुई ‘3 इडियट्स’ ने आमिर खान आर. माधवन और शर्मन जोशी की तिकड़ी के जरिए शिक्षा व्यवस्था पर जो कटाक्ष किया था वह आज भी प्रासंगिक है। निर्देशक के पास इस वक्त 3 से 4 अलग-अलग स्क्रिप्ट्स तैयार हो रही हैं और उन्हें जल्द ही यह फैसला करना होगा कि वे पहले किस फिल्म के साथ आगे बढ़ेंगे। फिलहाल यह तय नहीं है कि पहले ‘रैंचो’ की वापसी होगी या ‘मुन्ना भाई’ की, लेकिन हिरानी की इस पुष्टि ने सोशल मीडिया पर हलचल तेज कर दी है। दर्शक यह जानने को उत्सुक हैं कि क्या पुरानी स्टारकास्ट ही इन सीक्वल का हिस्सा होगी। एक बात तो तय है कि राजकुमार हिरानी की ये फिल्में एक बार फिर बॉक्स ऑफिस के कई रिकॉर्ड्स ध्वस्त करने की क्षमता रखती हैं।

अभिनेता श्रेयस तलपड़े की बढ़ी मुश्किलें: करोड़ों के बैंक घोटाले में नाम आने के बाद मैनपुरी पुलिस ने शुरू की जांच, जानें क्या है पूरा मामला

नपुरी/नई दिल्ली। बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता श्रेयस तलपड़े एक बड़ी कानूनी मुसीबत में फंसते नजर आ रहे हैं। उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में करोड़ों रुपये की कथित बैंक धोखाधड़ी के मामले में कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद श्रेयस तलपड़े समेत 12 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। यह मामला सागा ग्रुप द्वारा संचालित एलयूसीसी LUCC बैंक से जुड़ा है, जिस पर निवेशकों की गाढ़ी कमाई लेकर फरार होने का संगीन आरोप लगा है। जानकारी के अनुसार, महाराष्ट्र स्थित सागा ग्रुप ने साल 2015 में उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, कर्नाटक और राजस्थान जैसे कई राज्यों में अपनी शाखाएं खोली थीं। मैनपुरी और आगरा मंडल में इन शाखाओं ने खुद को आरबीआई के अधीन बताकर लोगों का भरोसा जीता और करोड़ों रुपये का निवेश करवाया। पीड़ितों का आरोप है कि नवंबर 2024 में बैंक की शाखाएं अचानक बंद कर दी गईं और कर्मचारी व संचालक निवेशकों के करीब 30 करोड़ रुपये लेकर रफूचक्कर हो गए। भोगांव निवासी विकास तिवारी सहित 14 पीड़ितों ने जब पुलिस में सुनवाई न होने पर अदालत का दरवाजा खटखटाया, तो कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया। पुलिस ने अब बैंक संचालक समीर अग्रवाल, उनकी पत्नी सानिया अग्रवाल और अभिनेता श्रेयस तलपड़े सहित अन्य के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। शिकायतकर्ताओं का दावा है कि जब उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे, तो उन्हें झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकी दी गई। श्रेयस तलपड़े का नाम इस मामले में शामिल होने से फिल्म इंडस्ट्री में खलबली मच गई है। हालांकि, इस घोटाले में उनकी वास्तविक भूमिका क्या थी-क्या वे केवल ब्रांड एंबेसडर थे या प्रबंधन का हिस्सा-यह पुलिस जांच के बाद ही साफ हो पाएगा। फिलहाल, श्रेयस तलपड़े या उनकी टीम की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। पुलिस अब सागा ग्रुप के दस्तावेजों और बैंक के लेन-देन की बारीकी से जांच कर रही है।

धार में दर्दनाक सड़क हादसा: ट्राले ने बाइक सवार दो युवकों को रौंदा, जन्मदिन पार्टी जा रहे थे मौके पर ही मौत

धार। मध्य प्रदेश के धार जिले के कुक्षी थाना क्षेत्र में मंगलवार देर रात एक भीषण सड़क हादसे ने दो परिवारों को अंधेरे में डुबो दिया। कुक्षी मनावर रोड पर ग्राम लोहारी के पास तेज रफ्तार ट्राले ने बाइक सवार दो युवकों को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों युवक घटनास्थल पर ही दम तोड़ गए। मृतकों की पहचान कुक्षी के एक होटल में काम करने वाले युवकों के रूप में हुई है। दोनों दोस्त बाइक से लोहारी गांव की ओर जा रहे थे, जहां वे एक साथी की जन्मदिन की पार्टी में शामिल होने वाले थे। रात के अंधेरे में ट्राले ने उनकी बाइक को चपेट में ले लिया और वे गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास के ग्रामीणों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। हादसे के बाद ट्राला चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। कुक्षी पुलिस की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और एंबुलेंस की मदद से दोनों शवों को कुक्षी सिविल अस्पताल लाया गया। जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शवों का पंचनामा कर मर्ग दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा की चुनौतियों और तेज रफ्तार वाहनों के खतरों को उजागर करता है। स्थानीय लोग सड़क पर तेज रफ्तार ट्रालियों की आवाजाही पर रोक की मांग कर रहे हैं। वहीं परिवारों में शोक की लहर है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

ओ रोमियो की रिलीज से पहले 'फर्जी 2' का धमाका; शाहिद कपूर बोले-फेकर्स ने काम शुरू कर दिया है, फैंस में भारी उत्साह

नई दिल्ली। शाहिद कपूर के फैंस के लिए खुशियां दोगुनी हो गई हैं। एक तरफ जहां उनकी बड़ी फिल्म ओ रोमियो इस शुक्रवार सिनेमाघरों में दस्तक देने वाली है वहीं दूसरी तरफ उनकी सबसे चर्चित वेब सीरीज फर्जी के सीजन 2 की आधिकारिक घोषणा कर दी गई है। साल 2023 में प्राइम वीडियो पर धमाका करने वाली इस सीरीज के दूसरे सीजन का इंतजार अब खत्म होने वाला है। सीरीज की तीसरी एनिवर्सरी के खास मौके पर मेकर्स ने साफ कर दिया है कि जाली नोटों का खेल अब अगले लेवल पर पहुंचने वाला है। 10 फरवरी 2026 को मशहूर डायरेक्टर जोड़ी राज एंड डीके ने अपने सोशल मीडिया हैंडल से एक दिलचस्प तस्वीर साझा की। इस तस्वीर में नोटों के बंडल दिखाई दे रहे हैं जिस पर बड़े अक्षरों में लिखा है-राउंड 2 इन प्रोग्रेस। इसके साथ ही उन्होंने कैप्शन में लिखासेकेंड बैच वर्क इन प्रोग्रेस। इस पोस्ट ने देखते ही देखते इंटरनेट पर आग लगा दी। खुद शाहिद कपूर ने भी राज और डीके के साथ एक मुस्कुराती हुई फोटो शेयर करते हुए लिखाफेकर्स अपना काम शुरू कर चुके हैं। बता दें कि फर्जी के पहले सीजन में शाहिद कपूर के साथ विजय सेतुपति केके मेनन और राशि खन्ना जैसे कलाकारों ने अपनी एक्टिंग से जान फूंक दी थी। आईएमडीबी पर 8.3 रेटिंग वाली यह सीरीज भारत की सबसे ज्यादा देखी जाने वाली स्ट्रीमिंग सीरीज में शुमार है। पहले सीजन का अंत एक ऐसे मोड़ पर हुआ था जिसने दर्शकों के मन में कई सवाल छोड़ दिए थे और अब सीजन 2 उन्हीं अनसुलझी गुत्थियों को सुलझाने की तैयारी में है। शाहिद कपूर इन दिनों अपनी फिल्म ओ रोमियो को लेकर भी सुर्खियों में हैं जिसका निर्देशन विशाल भारद्वाज ने किया है। यह फिल्म 13 फरवरी को रिलीज होगी जिसमें उनके साथ तृप्ति डिमरी और विक्रांत मैसी जैसे सितारे नजर आएंगे। लेकिन फिल्म की रिलीज से ठीक पहले ‘फर्जी 2’ के इस अपडेट ने सोशल मीडिया पर शाहिद कपूर के नाम का जबरदस्त हाइप बना दिया है। फिलहाल मेकर्स ने रिलीज डेट का खुलासा नहीं किया है लेकिन ‘वर्क इन प्रोग्रेस’ के सिग्नल से यह साफ है कि शूटिंग जोरों पर है।

भोपाल नगर निगम की नई भयानक योजना: पानी की लाइन के ऊपर शौचालय निर्माण, भागीरथपुरा जैसी जल त्रासदी का खतरा

भोपाल। इंदौर के भागीरथपुरा में जल त्रासदी के बाद अब तक 35 लोगों की जान जा चुकी है, लेकिन इस हादसे ने भोपाल नगर निगम को कोई सबक नहीं सिखाया। शहर के एक गैस पीड़ित इलाके में नगर निगम द्वारा पानी की पाइपलाइन के ऊपर शौचालय निर्माण का मामला सामने आया है, जो एक नई आपदा को जन्म दे सकता है। बताया जा रहा है कि जिस जगह से पीने के पानी की पाइपलाइन गुजर रही है, उसी के ऊपर शौचालय बनाया जा रहा है। यदि पाइपलाइन लीक हो जाती है, तो शौचालय का पानी सीधे पाइपलाइन में मिल जाएगा। इससे न केवल पानी दूषित होगा, बल्कि सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए यह एक गंभीर संकट भी बन सकता है। साथ ही यह सवाल भी उठता है कि अगर पाइपलाइन में गड़बड़ी हो, तो उसे कैसे ठीक किया जाएगा, जब ऊपर शौचालय का निर्माण चल रहा हो। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह निर्माण कार्य सीधे मानवीय जीवन को जोखिम में डालने वाला है। वे निगम से मांग कर रहे हैं कि तुरंत इस निर्माण को रोका जाए और पाइपलाइन की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी ने मामले पर कहा कि लोकल इंजीनियर ने टेक्निकल एनालिसिस किया होगा। उन्होंने कहा कि विषय संज्ञान में आया है और अधिकारियों से चर्चा की जाएगी। हालांकि अभी तक निगम की ओर से कोई ठोस कदम नहीं दिख रहा है। भागीरथपुरा जैसी त्रासदी के बाद भी नगर निगम की इस उदासीनता पर सवाल उठ रहे हैं। यदि जल्द ही सुधार नहीं किया गया, तो भोपाल में भी जल संकट और बीमारी फैलने जैसी स्थिति बन सकती है। नागरिकों का कहना है कि पानी की सुरक्षा को प्राथमिकता नहीं दी गई तो नुकसान भारी हो सकता है।