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MP Morning News: मोहन कैबिनेट की अहम बैठक आज, विधानसभा में पेश होगा पहला पेपरलेस बजट; ग्वालियर में किसान सम्मेलन, विपक्ष मांगेगा कर्ज पर श्वेत पत्र

भोपाल । मध्य प्रदेश की सियासत और प्रशासनिक गतिविधियां आज बेहद अहम रहने वाली हैं। विधानसभा बजट सत्र के तीसरे दिन सुबह 10 बजे मुख्यमंत्री Mohan Yadav की अध्यक्षता में मोहन कैबिनेट की बैठक होगी जिसमें वित्तीय वर्ष 2026-27 के वार्षिक बजट को अंतिम मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद सुबह 11 बजे सदन में वित्त मंत्री Jagdish Devda बजट पेश करेंगे। अनुमान है कि इस बार का बजट करीब 4.70 लाख करोड़ रुपए का हो सकता है जो पिछले वर्ष की तुलना में 12 से 15 प्रतिशत अधिक होगा। सरकार इस बजट को खास बनाने जा रही है क्योंकि यह मध्य प्रदेश विधानसभा का पहला पेपरलेस बजट होगा। वित्त मंत्री पारंपरिक ब्रीफकेस की जगह टैबलेट के माध्यम से बजट प्रस्तुत करेंगे। इससे पहले वर्ष 2025-26 में राज्य का बजट 4.21 लाख करोड़ रुपए था जबकि सरकार ने 2028 तक इसे 7.28 लाख करोड़ रुपए तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। बजट के साथ सरकार अगले तीन वर्षों का रोडमैप भी पेश करेगी। वर्ष 2026 को कृषि वर्ष घोषित किए जाने के मद्देनजर किसानों के लिए विशेष प्रावधानों की उम्मीद है। सिंचाई परियोजनाओं ग्रामीण बुनियादी ढांचे और कृषि नवाचारों पर जोर दिया जा सकता है। युवाओं के लिए नई सरकारी नौकरियों की घोषणा और महिलाओं-गरीबों के लिए कल्याणकारी योजनाओं को भी प्राथमिकता मिल सकती है। साथ ही सिंहस्थ 2028 के लिए विशेष वित्तीय प्रावधान की संभावना जताई जा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का दिन भी व्यस्त रहेगा। वे सुबह विधानसभा की कार्यवाही में भाग लेने के बाद ग्वालियर रवाना होंगे। ग्वालियर ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के ग्राम कुलैथा में आयोजित प्रदेश स्तरीय किसान सम्मेलन में वे मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। यहां लगभग 88 से 90 करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और भूमिपूजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री प्रदेशभर के किसानों को सिंगल क्लिक के माध्यम से किसान सम्मान राशि भी वितरित करेंगे। सम्मेलन में विधानसभा अध्यक्ष Narendra Singh Tomar और सांसद Bharat Singh Kushwah सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री मुंबई दौरे पर जाएंगे जहां 17 से 19 फरवरी तक आयोजित मुंबई क्लाइमेट वीक-2026 में मध्य प्रदेश की ओर से नवीकरणीय ऊर्जा और ऊर्जा भंडारण से जुड़े नवाचारों पर प्रस्तुति दी जाएगी। मुख्यमंत्री विशेष सत्र की अध्यक्षता भी करेंगे। उधर विधानसभा में विपक्ष भी आक्रामक रुख अपनाने की तैयारी में है। कांग्रेस राज्य पर बढ़ते कर्ज को लेकर सरकार से श्वेत पत्र जारी करने की मांग करेगी। आंकड़ों के अनुसार प्रदेश पर करीब 4.94 लाख करोड़ रुपए का कर्ज है जबकि सरकार लगभग 4.75 लाख करोड़ रुपए का बजट पेश करने जा रही है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार को कर्ज की वास्तविक स्थिति और वित्तीय प्रबंधन पर पारदर्शिता दिखानी चाहिए। इस तरह आज का दिन मध्य प्रदेश की राजनीति और नीतिगत दिशा तय करने के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

MP NEWS: नर्मदापुरम में करोड़ों की मूंग चोरी: वेयरहाउस से 10 हजार से ज्यादा बोरियां गायब, प्रशासन ने तोड़ा ताला तो खुला राज

  MP NEWS: नर्मदापुरम । नर्मदापुरम जिले के माखननगर स्थित चीलाचौंन के एकलव्य वेयरहाउस से सरकारी मूंग की बड़ी चोरी का मामला सामने आया है जिसने प्रशासनिक व्यवस्था और वेयरहाउस प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बताया जा रहा है कि वेयरहाउस में रखे सरकारी स्टॉक में से दो स्टॉक पूरी तरह गायब पाए गए जिनमें करीब 10 हजार 200 से अधिक बोरियां मूंग की थीं। इनकी अनुमानित कीमत लगभग 4 करोड़ 25 लाख रुपए बताई जा रही है। मामले की गंभीरता तब सामने आई जब 13 फरवरी 2026 को माखननगर ब्रांच मैनेजर हेमंत नाथ ने वेयरहाउस से दो स्टॉक मूंग गायब होने की सूचना विभागीय अधिकारियों को दी। इसके बाद तहसीलदार एमपी वेयरहाउसिंग के क्षेत्रीय प्रबंधक अतुल सोरटे और जिला वेयरहाउसिंग प्रबंधक वासुदेव दवंडे सहित अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची। तीन दिनों तक वेयर संचालक की अनुपस्थिति के बाद प्रशासन की मौजूदगी में वेयरहाउस का ताला तोड़ा गया। अंदर निरीक्षण करने पर दो स्टॉक मूंग पूरी तरह गायब मिले। प्रशांत किशोर का VIDEO वायरल, ‘जितने लोग हमारे साथ फोटो खींचते हैं उतना वोट भी नहीं मिला’ जानकारी के अनुसार वेयरहाउस के अंदर कुल दस स्टॉक मूंग रखी गई थी। इनमें से दो स्टॉक के गायब होने से यह स्पष्ट है कि बड़ी मात्रा में अनाज की निकासी बिना आधिकारिक रिकॉर्ड के की गई है। इतनी बड़ी संख्या में बोरियों की चोरी होना अपने आप में कई गंभीर सवाल खड़े करता है क्या यह अंदरूनी मिलीभगत का मामला है? क्या निगरानी व्यवस्था पूरी तरह विफल रही? और सबसे बड़ा सवाल प्रशासन को इतनी बड़ी गड़बड़ी की जानकारी समय रहते क्यों नहीं हुई? मामले में एक और दिलचस्प पहलू यह है कि सरकारी मूंग एक निजी एकलव्य वेयरहाउस में रखी गई थी। बताया जा रहा है कि वेयरहाउस मालिक आरती तोमर का एपी कॉर्पोरेशन वेयरहाउसिंग के साथ अनुबंध है जिसके तहत सरकारी अनाज की सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी वेयरहाउस संचालक की होती है। हालांकि वेयर संचालक ने माखननगर थाने में आवेदन देकर विभागीय अधिकारियों और ब्रांच मैनेजर पर ही मूंग चोरी कराने का आरोप लगाया है। वेयरहाउस की एक-एक चाबी मालिक और प्रबंधक के पास होने की बात सामने आई है जिससे संदेह और गहरा हो गया है। यदि दोनों पक्षों के पास चाबी थी तो इतनी बड़ी मात्रा में मूंग बाहर कैसे चली गई? क्या स्टॉक रजिस्टर और भौतिक सत्यापन में गड़बड़ी थी? या फिर यह सुनियोजित ढंग से की गई बड़ी चोरी है? वेयरहाउसिंग क्षेत्रीय प्रबंधक अतुल सोरटे ने बताया कि एसडीएम तहसीलदार और विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया। उन्होंने कहा कि वेयर संचालक को कई बार मौके पर उपस्थित होने के लिए कहा गया था लेकिन उनके नहीं आने पर यह कदम उठाया गया। फिलहाल प्रशासन मामले की विस्तृत जांच में जुटा है और जिम्मेदारों की पहचान की जा रही है। करोड़ों रुपए के सरकारी अनाज की इस कथित चोरी ने न केवल वेयरहाउस प्रबंधन बल्कि प्रशासनिक निगरानी व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगा दिया है। अब सबकी नजर जांच रिपोर्ट पर टिकी है जिससे साफ होगा कि आखिर इस बड़े घोटाले के पीछे कौन जिम्मेदार है।

PATWARI CAUGHT RED HANDED: लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई: रिश्वत की दूसरी किस्त ₹30,000 लेते पटवारी हरीश पाटीदार को रंगे हाथों गिरफ्तार, कार्रवाई जारी

PATWARI CAUGHT RED HANDED: मंदसौर । मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त की कार्रवाई एक बार फिर सुर्खियों में है। मंदसौर जिले के सुवासरा तहसील में पदस्थ पटवारी हरीश पाटीदार को रिश्वत की दूसरी किस्त ₹30,000 लेते हुए लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत की जा रही है और मामले में जांच तथा अन्य कदम जारी हैं। यह पूरा घटनाक्रम तब सामने आया जब एक किसान दिनेश चंद्र जोशी ने उज्जैन लोकायुक्त कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई कि उसका दत्तक पुत्र आनंद जोशी के नाम पर कृषि भूमि का नामांतरण करवाने के लिए पटवारी ने पहले ₹40,000 की रिश्वत मांगी थी। शिकायत के आधार पर लोकायुक्त पुलिस ने सत्यापन कराकर 30 हजार रुपए की रिश्वत लेते समय पटवारी को स्थानीय तहसील कार्यालय में पकड़ा। आरोपी पटवारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन) 2018 की धारा-7 के तहत मामला दर्ज किया गया है और आगे की कार्रवाई जारी है। लोकायुक्त की यह कार्रवाई प्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के हिस्से के रूप में सामने आई है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि लोकायुक्त विभाग भ्रष्ट सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के खिलाफ सतर्क है। जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ता ने बताया कि नामांतरण के लिए पटवारी ने जबरदस्ती रिश्वत की मांग की थी और नामांतरण प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ा रहा था, जिसके बाद उन्होंने लोकायुक्त में शिकायत की। इस शिकायत पर लोकायुक्त टीम ने पहले सत्यापन किया और उसके बाद पटवारी को दूसरी किस्त लेते समय ट्रैप में फँसाकर गिरफ्तार किया। मामले का यह पहलू बताता है कि आम जनता द्वारा की गई शिकायत पर लोकायुक्त की टीम ने तात्कालिक प्रतिक्रिया दी और भ्रष्टाचार के आरोप में आरोपी को पकड़कर छानबीन शुरू कर दी है। इस गिरफ्तारी ने दिखाया है कि लोकायुक्त सदैव भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करने को तैयार रहता है, चाहे वह किसी भी सरकारी तंत्र का अधिकारी हो। इस गिरफ्तारी के साथ ही लोकायुक्त की टीम अब आगे पूरे मामले की जांच कर रही है, जिसमें यह पता लगाया जाएगा कि कथित रिश्वत की मांग और लेन-देन में और कौन-कौन शामिल था। लोकायुक्त की कार्रवाई से जिले में अधिकारियों-कर्मचारियों में हड़कंप मचा हुआ है और जनता के बीच भ्रष्टाचार के खिलाफ संदेश भी गया है कि शिकायत करने पर कार्रवाई संभव है।

BHIND NEWS: सस्ते मेकअप का झांसा देकर 1.12 लाख की ठगी, IndiaMART के जरिए व्यापारी बना शिकार

MAKEUP FRAUD

HIGHLIGHTS: IndiaMART के जरिए सस्ते मेकअप सामान का झांसा देकर 1.12 लाख की ठगी। व्यापारी ने तीन किस्तों में किए 78 हजार, 21 हजार और 13 हजार रुपये का भुगतान। ठग ने फर्जी ट्रांसपोर्ट बिल्टी भेजकर किया भरोसे का खेल। पैसे मिलने के बाद आरोपी ने फोन बंद किया, सामान नहीं पहुंचाया। पुलिस ने धोखाधड़ी का केस दर्ज कर साइबर जांच शुरू की। BHIND NEWS: भिंड। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म IndiaMART के माध्यम से सस्ते कॉस्मेटिक सामान का लालच देकर एक व्यापारी से 1 लाख 12 हजार रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। ठगों ने फर्जी ट्रांसपोर्ट बिल्टी थमाकर पैसे ऐंठ लिए और बाद में फोन बंद कर फरार हो गए। एमपी बजट 2026‑27: 8वीं तक टेट्रा पैक दूध फ्री, 15,000 शिक्षक भर्ती, लाड़ली बहनों के लिए 23,882 करोड़ का बड़ा प्रावधान जानकारी के अनुसार, कुसुमबाई मार्केट में कॉस्मेटिक का व्यापार करने वाले सोनू श्रीवास ने करीब छह महीने पहले ऑनलाइन मेकअप सामग्री खरीदने के लिए आवेदन किया था। इसी दौरान उनकी पहचान एक कथित सप्लायर से हुई, जो सस्ते दामों में सामान उपलब्ध कराने का झांसा देता रहा। तीन किस्तों में जमा कराए रुपये 2 फरवरी को व्यापारी ने 78 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर किए। इसके बाद 3 फरवरी को 21 हजार रुपये और 6 फरवरी को 13 हजार रुपये नगद व ऑनलाइन माध्यम से दिए। इस तरह कुल 1 लाख 12 हजार रुपये का भुगतान कर दिया गया। भुगतान के बाद आरोपी ने माल भेजने का भरोसा दिलाया और एक फर्जी ट्रांसपोर्ट बिल्टी भी भेज दी। T20 WORLD CUP: टी20 वर्ल्ड कप: 10 टीमें टूर्नामेंट से बाहर, पाकिस्तान की किस्मत का फैसला आज, नामीबिया से होगी टक्‍कर संपर्क बंद, नहीं पहुंचा सामान कुछ दिन बाद जब व्यापारी ने डिलीवरी के संबंध में संपर्क किया तो आरोपी ने फोन उठाना बंद कर दिया। न तो सामान भेजा गया और न ही रकम वापस की गई। ठगी का एहसास होने पर पीड़ित ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर ट्रांजैक्शन डिटेल, कॉल रिकॉर्ड और फर्जी दस्तावेजों की जांच शुरू कर दी है। साइबर साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान कर जल्द कार्रवाई का दावा किया गया है।

MP BUDGET: एमपी बजट पर सियासी संग्राम: PCC चीफ जीतू पटवारी ने बजट को ‘ठग-गुब्बारा और धांधलियों का बजट’ कहा, भ्रष्टाचार की नसबंदी की मांग

  MP BUDGET: भोपाल । मध्य प्रदेश में वित्त वर्ष 2026-27 के बजट पेश होने के साथ ही सियासी तनाव भी तेज़ हो गया है। बुधवार को वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा द्वारा पेपरलेस बजट विधानसभा में पेश किया गया, जिसमें किसानों, महिलाओं, युवाओं और गरीबों के लिए बड़े प्रावधान किए गए हैं। इस दौरान विपक्ष खासकर कांग्रेस ने बजट पर तीखी टिप्पणी की, इसे जनता के साथ धोखा, ठग, गुब्बारा और धांधलियों का बजट करार दिया। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाया कि यह बजट भ्रष्टाचार की नसबंदी करने की बजाय सरकार का ढोंग बजट है। उन्होंने कहा कि सरकार सदन में कुत्तों की नसबंदी जैसी बातों पर समय बर्बाद कर रही है, जबकि असल मुद्दों भ्रष्टाचार और आर्थिक संकट पर काम होना चाहिए। पटवारी ने दावा किया कि पिछले वित्त वर्ष में केंद्र से मिलने वाला ₹50,000 करोड़ नहीं मिला, जिसके कारण सरकार अब तक अपने बजट का सिर्फ़ आधा ही खर्च कर सकी है और यह बजट फर्जी तथा खोखला है। भारत में 16 साल से कम उम्र के बच्चों पर सोशल मीडिया बैन? सरकार ले सकती है बड़ा फैसला पटवारी ने कर्ज बढ़ने का मुद्दा भी उठाया और कहा कि सरकार रोज़ाना ₹213 करोड़ कर्ज ले रही है तथा इस वित्त वर्ष में लगभग ₹72,000 करोड़ का उधार लिया गया है, जिससे राज्य गंभीर आर्थिक संकट के कगार पर है। उन्होंने कहा कि बजट को वास्तविकता के साथ पेश करना चाहिए और मुख्यमंत्री मोहन यादव को राज्य के अधिकारों की रक्षा के लिए कड़े कदम उठाने की जरूरत है। विपक्ष ने बजट को गुब्बारा एवं धांधलियों का बजट बताया, जिसमें सिर्फ वाढ़ती व्यय और घोषणाओं का फोकस है लेकिन जमीन पर कोई ठोस योजना या क्रियान्वयन नहीं दिख रहा। इतना ही नहीं, कांग्रेस ने आरोप लगाया कि बजट में निवेश वाले वादे सिर्फ़ शोरगरबा हैं और वास्तव में जनता को इससे कोई ठोस लाभ नहीं मिलेगा। पटवारी ने सवाल उठाया कि यदि प्रति व्यक्ति आय बढ़ी है, तो क्यों गरीबी बनी हुई है और राशन की लंबी कतारें आज भी चल रहीं हैं? उन्होंने कहा कि बजट में रोज़गार और महंगाई जैसे मुद्दे पर कोई ठोस प्रावधान नहीं है और सरकार का आर्थिक समझ बिल्कुल जीरो है। इसके अलावा कांग्रेस ने न्यायिक जांच की मांग भी की, विशेष रूप से बेटियों की सुरक्षा और एेसी अन्य भयावह स्थितियों पर जहाँ प्रतिदिन लड़कियों के लापता होने और बलात्कार की घटनाएं बढ़ रही हैं। पीसीसी चीफ ने कहा कि यह मामला सिर्फ़ प्रदेश का नहीं है इसके लिए केंद्रीय गृह एवं विदेश मंत्रालय को भी तत्काल हस्तक्षेप करना चाहिए। वहीं, बजट सत्र के दौरान वित्त मंत्री ने सत्तापक्ष की ओर से बजट को गरीबों, महिलाओं और युवाओं के हित का बताया और कहा कि इसमें कोई नया टैक्स नहीं लगाया गया है। लेकिन विपक्ष इस बात पर अड़ा है कि बजट सिर्फ़ प्रचार का औज़ार है और आर्थिक वास्तविकताओं से इसका कोई वास्ता नहीं है।  इस बीच बजट को सरकार की लंबी-अगली रणनीति के रूप में देखा जा रहा है और समर्थन तथा विरोध दोनों तरफ से इसका सियासी विश्लेषण जारी है।

MP BUDGET: एमपी बजट 2026‑27: 8वीं तक टेट्रा पैक दूध फ्री, 15,000 शिक्षक भर्ती, लाड़ली बहनों के लिए 23,882 करोड़ का बड़ा प्रावधान

  MP BUDGET:  भोपाल । मध्य प्रदेश विधानसभा में बुधवार को वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने वित्तीय वर्ष 2026‑27 का बजट ₹4,38,317 करोड़ के प्रावधान के साथ पेश किया, जिसे सरकार गरीब, महिला, युवा, किसान और इंफ्रास्ट्रक्चर पर केंद्रित बताया। इस बजट में कोई नया टैक्स नहीं लगाया गया है और शिक्षा, महिला सशक्तिकरण व पोषण जैसे कई बड़े लाभार्थी कदम उठाए गए हैं। सबसे बड़ा ऐलान लाड़ली बहना योजना के लिए ₹23,882 करोड़ के भारी प्रावधान का रहा, जिससे महिलाओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता जारी रहेगी। योजना के तहत लगभग 1.25 करोड़ महिलाएं प्रतिमाह ₹1,500 की राशि पा रही हैं और सरकार ने इसे प्राथमिकता देने की बात कही। शिक्षा क्षेत्र में भी बड़ा कदम उठाया गया है। सरकार ने घोषणा की कि 8वीं कक्षा तक के सभी बच्चों को सरकारी स्कूलों में टेट्रा पैक दूध मुफ्त मिलेगा, जिससे बच्चों के पोषण स्तर में सुधार होगा और स्कूल उपस्थिति भी बढ़ेगी। इसके साथ ही 15,000 नए शिक्षकों की भर्ती की घोषणा कर शिक्षा तंत्र को और मजबूत किए जाने का लक्ष्य रखा गया। बजट में 5,700 वर्किंग वुमन हॉस्टल बनाये जाने का प्रावधान किया गया है, जिससे कामकाजी महिलाओं को बेहतर आवास सुविधाएं मिल सकें, और पंचायत एवं ग्रामीण विकास के लिए लगभग ₹40,062 करोड़ आवंटित किया गया है, जो ग्रामीण क्षेत्रों के विकास व बुनियादी ढांचे के विस्तार की दिशा में कदम है। सरकार ने किसानों के लिए भी बड़े ऐलान किए। बजट में 1 लाख किसानों को सोलर पंप उपलब्ध कराने की घोषणा की गई है, जिससे विद्युत लागत बचाने और सिंचाई क्षमताओं का विस्तार करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा जी‑राम‑जी योजना और पीएम जनमन योजना के लिए भी करोड़ों रुपये का प्रावधान किया गया है। वित्त मंत्री ने बजट भाषण में कहा कि यह बजट “PM के सपनों को साकार करने वाला बजट” और हर नारी को न्याय देने वाला है, जिससे प्रदेश को युवा, रोजगार और महिला सशक्तिकरण की नई दिशा मिलेगी। उन्होंने यह भी बताया कि यह पहला “रोलिंग बजट” है, जिसमें अगले तीन वित्तीय वर्षों के लिए योजनाएं शामिल की गई हैं। बजट पेश करते समय विधानसभा में विपक्ष के कुछ विधायकों ने विधायक निधि नहीं बढ़ाये जाने पर हंगामा भी किया। कांग्रेस विधायकों ने कर्ज बढ़ने की चिंता जताते हुए खाली डिब्बे और गुल्लक लेकर विरोध प्रदर्शन किया और बजट पर सवाल उठाये। कुल मिलाकर, मध्य प्रदेश का यह बजट शिक्षा, पोषण, महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण विकास पर बड़ी योजनाओं के साथ अर्थव्यवस्था तथा सामाजिक कल्याण को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वाकांक्षी रूपरेखा पेश करता है।

GWARKA ACCIDENT: साहिल की मां ने आरोपी परिवार की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की, कहा – ‘इमोशनल ड्रामा कर रहे हैं, बचने नहीं दूंगी’

  GWARKA ACCIDENT: नई दिल्ली । दिल्ली के द्वारका में 3 फरवरी को हुए कार हादसे में साहिल धनेशरा की मौत के बाद उनकी मां ने आरोपी और उसके पिता की गिरफ्तारी की मांग उठाई है। उनका आरोप है कि हादसे के बाद आरोपी परिवार संवेदना दिखाने के नाम पर इमोशनल ड्रामा कर रहा है और जनता को भावुक करके जिम्मेदारी से बचने की कोशिश कर रहा है। साहिल की मां ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में कहा कि अब तक आरोपी बाहर क्यों है और उनके पिता को तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए। हादसे में साहिल की मौके पर ही मौत हो गई थी। उनका कहना है कि केवल चालक ही नहीं बल्कि उसके पिता को भी गिरफ्तार किया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरा परिवार क्रिमिनल है और लोगों को उनके नाटक से भावुक होने की जरूरत नहीं है क्योंकि सच्चाई सबके सामने है। उन्होंने कहा “अब तक आरोपी बाहर क्यों है… क्या उन्हें इंतजाम करना है जुगाड़ करना है? साहिल की मां ने आरोपी माता-पिता पर भी सवाल उठाए और कहा कि ऐसे माता-पिता जिनको यह भी नहीं पता कि उनका बच्चा गाड़ी लेकर निकल जाता है वे बच्चों की जिम्मेदारी कैसे उठा सकते हैं। उनके अनुसार हादसे के बाद आरोपी पक्ष की ओर से कोई संवेदना नहीं दिखाई गई जबकि उनका बेटा हमेशा के लिए उनसे छिन गया। साहिल की मां ने ओवरटेक और सड़क नियमों को लेकर उठाए गए सवालों का भी जवाब दिया। उन्होंने कहा कि साहिल बस के पीछे चल रहा था और ट्रैफिक रुकने पर नियम के अनुसार दाहिनी ओर से ओवरटेक किया गया था जबकि स्कॉर्पियो चालक ने बाईं ओर से कट मारा जिससे हादसा हुआ। उन्होंने कहा कि सड़क कर्वेचर वाली थी और स्कॉर्पियो बस के सामने से कट करते हुए सीधे साहिल से टकरा गया। भावुक होते हुए साहिल की मां ने कहा “बच्चे की जगह मां की गोद में होती है न कि सड़क पर। मैं अपने बेटे को जिस हालत में देख कर आई हूं उसे कभी नहीं भूल सकती और न्याय मिलने तक चुप नहीं बैठूंगी।” उन्होंने साफ संदेश दिया कि वे आरोपियों को बचने नहीं देंगी और कानूनी लड़ाई अंत तक लड़ेंगी।

RAJYASABHA ELECTION 2026: महाराष्ट्र, बंगाल, बिहार और हरियाणा समेत 10 राज्यों के लिए राज्यसभा चुनाव की घोषणा, 16 मार्च को होगा मतदान

  RAJYASABHA ELECTION 2026: नई दिल्ली । चुनाव आयोग ने राज्यसभा चुनाव का कार्यक्रम घोषित कर दिया है। यह चुनाव उन सदस्यों की जगह भरे जाने के लिए कराया जा रहा है, जिनका कार्यकाल अप्रैल 2026 में समाप्त हो रहा है। कुल 10 राज्यों की 37 सीटों पर चुनाव होंगे। आयोग के अनुसार 26 फरवरी 2026 को अधिसूचना जारी होगी। नामांकन दाखिल करने, जांच और नाम वापस लेने की प्रक्रिया तय समय सीमा के अनुसार पूरी की जाएगी। सभी सीटों के लिए मतदान और मतगणना 16 मार्च 2026 को ही होंगे। मतदान और मतगणना का कार्यक्रम 26 फरवरी 2026 को नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा। नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 5 मार्च 2026 है, जबकि 6 मार्च को नामांकन पत्रों की जांच होगी। नाम वापस लेने की अंतिम तारीख 9 मार्च 2026 तय की गई है। मतदान 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और मतगणना उसी दिन शाम 5 बजे से शुरू होगी। चुनाव प्रक्रिया 20 मार्च तक पूरी कर ली जाएगी। कौन से राज्यों की सीटों पर चुनाव इस चुनाव में महाराष्ट्र, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, बिहार, ओडिशा, असम, छत्तीसगढ़, हरियाणा, तेलंगाना और हिमाचल प्रदेश की सीटों के लिए चुनाव होगा। राजनीतिक दलों ने अपने उम्मीदवार तय करने की प्रक्रिया तेज कर दी है और राज्यों में चुनावी हलचल बढ़ गई है। रिटायर हो रहे सदस्य महाराष्ट्र: डॉ. भगवत किशनराव कराड, डॉ. फौजिया तहसीन अहमद खान, प्रियंका विक्रम चतुर्वेदी, शरदचंद्र गोविंदराव पवार, धैर्यशील मोहन पाटिल, रजनी अशोकराव पाटिल, रामदास बंदू अठावले। ओडिशा: ममता मोहंता, मुजीबुल्ला खान, सुजीत कुमार, निरंजन बिशी। तमिलनाडु: एन आर एलंगो, पी सेल्वारासु, एम थम्बिदुरई, तिरुची सिवा, डॉ. कनिमोझी एन वी एन सोमू, जी के वासन। पश्चिम बंगाल: साकेत गोखले, ऋतब्रत बनर्जी, बिकाश रंजन भट्टाचार्य, मौसम नूर, सुब्रत बक्शी। असम: रामेश्वर तेली, भुवनेश्वर कलिता, अजीत कुमार भुइयां। बिहार: अमरेंद्र धारी सिंह, प्रेम चंद गुप्ता, रामनाथ ठाकुर, उपेन्द्र कुशवाहा, हरिवंश नारायण सिंह। छत्तीसगढ़: कवि तेजपाल सिंह तुलसी, फूलो देवी नेताम। हरियाणा: किरण चौधरी, राम चंदर जांगड़ा। हिमाचल प्रदेश: इंदु बाला गोस्वामी। तेलंगाना: डॉ. अभिषेक मनु सिंघवी, के आर सुरेश रेड्डी। राजनीतिक दल अब अपने उम्मीदवार तय कर रहे हैं और 16 मार्च 2026 को इन सभी सीटों के लिए मतदान होगा।

T20 WORLD CUP: टी20 वर्ल्ड कप: 10 टीमें टूर्नामेंट से बाहर, पाकिस्तान की किस्मत का फैसला आज, नामीबिया से होगी टक्‍कर

  T20 WORLD CUP: नई दिल्ली । टी20 वर्ल्ड कप सुपर-8 की तस्वीर आज पूरी तरह साफ हो जाएगी। इस बार टूर्नामेंट में कुल 20 टीमों ने हिस्सा लिया था, जिनमें से 10 टीमें पहले ही बाहर हो चुकी हैं। इनमें सबसे बड़ा नाम ऑस्ट्रेलिया का है। आज दो और टीमों का टूर्नामेंट से पत्ता कट सकता है और इस लिस्ट में पाकिस्तान भी शामिल है। पाकिस्तान का लीग स्टेज का आखिरी मैच नामीबिया के खिलाफ है। अगर पाकिस्तान को हार का सामना करना पड़ा तो टीम टी20 वर्ल्ड कप से बाहर हो सकती है और सुपर-8 का टिकट यूएसए के पास चला जाएगा, क्योंकि उसका नेट रन रेट बेहतर है। सुपर-8 के लिए 7 टीमें पहले ही क्वालीफाई टी20 वर्ल्ड कप सुपर-8 के लिए भारत, श्रीलंका, जिम्बाब्वे, वेस्टइंडीज, इंग्लैंड, साउथ अफ्रीका और न्यूजीलैंड की टीमें पहले ही क्वालीफाई कर चुकी हैं। आखिरी पायदान के लिए रेस में पाकिस्तान, यूएसए और नीदरलैंड्स की टीमें हैं। अब तक कौन सी 10 टीमें बाहर हो चुकी हैं ऑस्ट्रेलिया, नामीबिया, आयरलैंड, ओमान, स्कॉटलैंड, इटली, नेपाल, अफगानिस्तान, यूएई और कनाडा की टीमें टी20 वर्ल्ड कप 2026 से बाहर हो चुकी हैं। आज ही बची दो टीमों का नाम तय होगा। आज के मुकाबले 18 फरवरी को भारत का मुकाबला नीदरलैंड्स से है, पाकिस्तान नामीबिया से भिड़ेगा और दिन का तीसरा मैच साउथ अफ्रीका और यूएई के बीच खेला जाएगा। सभी की नजरें पाकिस्तान और नामीबिया मैच पर रहेंगी, क्योंकि यही मैच सुपर-8 की 8वीं और आखिरी टीम तय करेगा। पाकिस्तान के सुपर-8 में क्वालीफाई करने का रास्ता पाकिस्तान, यूएसए और नीदरलैंड्स तीनों टीमों के बराबर 4-4 अंक हैं। पाकिस्तान को सुपर-8 में जगह बनाने के लिए हर हाल में नामीबिया को हराना होगा। जीत के साथ पाकिस्तान 6 अंकों तक पहुंच जाएगा और सुपर-8 का टिकट सुनिश्चित करेगा। हार की स्थिति में मामला नेट रन रेट पर जाएगा, जहां पाकिस्तान का नेट रन रेट यूएसए से काफी कमजोर है।

MORENA MURDER CASE: मुरैना में दिनदहाड़े सड़क पर हुई गोलीबारी, युवक की मौके पर मौत

MORENA MURDER

HIGHLIGHTS: मुरैना के रिठौरा गांव में युवक महादेवा गुर्जर को सड़क पर गोली मारी गई। 20-25 हथियारबंद बदमाशों ने दिनदहाड़े युवक को घेरा। घटना सुबह 9 बजे हुई, मृतक मौके पर ही दम तोड़ गया। परिवार का कहना है कि कोई पुराना विवाद नहीं था। पुलिस आरोपी तलाशने में लगी हुई है और पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। MORENA MURDER CASE: ग्वालियर। मुरैना के रिठौरा गांव में बुधवार सुबह एक मामूली सड़क विवाद ने खौफनाक रूप ले लिया। बता दें कि महादेवा गुर्जर नामक युवक को 20-25 हथियारबंद बदमाशों ने घेर लिया और उसे सीने में गोली मार दी। घटना सुबह करीब 9 बजे सराय छोला थाना क्षेत्र के रास्ते पर हुई। जहां मृतक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। ऐतिहासिक होगा वर्ष 2026-27 का बजट : मुख्यमंत्री डॉ. यादव आरोपी फरार, पुलिस जांच में जुटी घटना के बाद से आरोपी फरार हैं। सराय छोला पुलिस ने शव को रिकवर कर मुरैना मुख्यालय मर्चुरी भेज दिया है, जहां उसका पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। साथ ही पुलिस ने संभावित ठिकानों पर दबिश देना भी शुरू कर दिया है। एनजीटी में याचिका हुई दायर, जबलपुर में सप्लाय हो रहा 47 प्रतिशत पानी पीने के योग्य नहीं, कोई पुराना विवाद नहीं महादेवा के बड़े भाई कोमल सिंह गुर्जर का कहना है कि किसी प्रकार का पुराना विवाद नहीं था, बस रास्ते को लेकर मामूली कहासुनी हुई थी। उनका आरोप है कि आरोपी आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और पहले से ही हथियार लेकर वहां मौजूद थे। महाशिवरात्रि पर्व पर महाकाल मंदिर को शीघ्र दर्शन से 62.50 लाख रुपये की आय गांव में तनाव का माहौल घटना के बाद पूरे गांव में तनाव फैल गया है। स्थानीय लोग और परिवार वाले घटना को लेकर चिंतित हैं और पुलिस की कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि मामले मैं आगे की जाँच की जा रही है और आरोपियों को सख्त से सख्त सज़ा दी जाएगी।