गुरुवार 26 फरवरी 2026: रवि योग, अमृतकाल, राहुकाल और शुभ मुहूर्त की पूरी जानकारी

नई दिल्ली। सनातन धर्म में पंचांग का विशेष महत्व है। यह दिन-प्रतिदिन के कार्यों के लिए शुभ और अशुभ समय बताता है। 26 फरवरी गुरुवार को नारायण और देवगुरु बृहस्पति को समर्पित है। इस दिन शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि रात 12 बजकर 33 मिनट तक रहेगी, उसके बाद एकादशी आरंभ होगी। पंचांग के पांच अंग होते हैं-तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। इनका मिलकर शुभ-अशुभ समय निर्धारित करने में उपयोग होता है। 26 फरवरी को नक्षत्र मृगशिरा दोपहर 12 बजकर 11 मिनट तक रहेगा, उसके बाद आर्द्रा नक्षत्र प्रारंभ होगा। योग प्रीति रात 10 बजकर 33 मिनट तक रहेगा। यह दिन रवि योग से युक्त है, जो अत्यंत शुभ फलदायी माना जाता है। सूर्योदय 6 बजकर 49 मिनट पर और सूर्यास्त शाम 6 बजकर 19 मिनट पर होगा। मुहूर्त का ज्ञान भी पंचांग से ही मिलता है। गुरुवार के शुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं- अभिजित मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 11 मिनट से 12 बजकर 57 मिनट तक, विजय मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 29 मिनट से 3 बजकर 15 मिनट तक। ब्रह्म मुहूर्त सुबह 5 बजकर 9 मिनट से 5 बजकर 59 मिनट तक रहेगा। गोधूलि मुहूर्त शाम 6 बजकर 16 मिनट से 6 बजकर 42 मिनट तक है। अमृत काल रात 1 बजकर 23 मिनट से 2 बजकर 53 मिनट तक रहेगा। पूरे दिन रवि योग का प्रभाव बना रहेगा। पंचांग में अशुभ काल का विशेष महत्व होता है। राहुकाल दोपहर 2 बजे से 3 बजकर 27 मिनट तक रहेगा। यमगंड सुबह 6 बजकर 49 मिनट से 8 बजकर 16 मिनट तक रहेगा। गुलिक काल सुबह 9 बजकर 42 मिनट से 11 बजकर 8 मिनट तक है। दुर्मुहूर्त सुबह 10 बजकर 39 मिनट से 11 बजकर 25 मिनट तक रहेगा। इस दौरान किसी भी नए या महत्वपूर्ण कार्य से परहेज करना चाहिए। गुरुवार के दिन देवगुरु बृहस्पति और नारायण को समर्पित पूजन का विधान है। पीले रंग का भोजन करना, पीले वस्त्र धारण करना और मस्तक पर पीला चंदन या हल्दी लगाना शुभ माना जाता है। इस दिन दान करना और नारायण की विशेष पूजा करना अत्यंत फलदायी होता है।संपूर्ण दिन के पंचांग का पालन करके व्यक्ति अपने कार्यों में सफलता और समृद्धि प्राप्त कर सकता है। शुभ मुहूर्त और रवि योग का ध्यान रखते हुए गुरुवार को किए गए कार्य विशेष फलदायी माने जाते हैं।
जानिए आज गुरुवार का राशिफल

युगाब्ध-5126, विक्रम संवत 2082, राष्ट्रीय शक संवत-1947, सूर्योदय 06.44, सूर्यास्त 06.04, ऋतु – शीतफाल्गुन शुक्ल पक्ष नवमी, गुरुवार, 26 फरवरी 2026 का दिन आपके लिए कैसा रहेगा। आज आपके जीवन में क्या-क्या परिवर्तन हो सकता है, आज आपके सितारे क्या कहते हैं, यह जानने के लिए पढ़ें आज का भविष्यफल। मेष राशि :- पूर्व नियोजित कार्यक्रम सरलता से संपन्न हो जाएंगे। जोखिम से दूर रहना ही बुद्घिमानी होगी। शुभ कार्यों की प्रवृत्ति बनेगी और शुभ समाचार भी मिलेंगे। किसी से कहा सुनी न हो यही ध्यान रहे। अपना कार्य दूसरों के सहयोग से बना लेंगे। लाभकारी गतिविधियों में सक्रियता रहेगी। शुभांक-1-4-6 वृष राशि :- अपने संघर्ष में स्वयं को अकेला महसूस करेंगे। विशेष परिश्रम से ही अभिष्ट कार्य सिद्घ होंगे। व्यर्थ प्रपंच में समय नहीं गंवाकर अपने काम पर ध्यान दीजिए। बनते हुए कार्यों में बाधा आएगी। विरोधियों के सक्रिय होने की संभावना है। चल-अचल सम्पति में वृद्घि होगी। बाहरी सहयोग की अपेक्षा रहेगी। शुभांक-2-4-6 मिथुन राशि :- रोजगार में तरक्की मिलेगी। जमीन जायदाद का लाभ भी हो सकता है। अपने संघर्ष में स्वयं के आर्थिक उन्नति के मार्ग प्रशस्त होंगे। आवास, मकान तथा वाहन की सुविधाएं मिलेंगी। कर्ज तथा रोगों से मुक्ति भी संभव है। शत्रुओं की पराजय होगी। कुछ आर्थिक चिंताएं भी कम होगी। शुभांक-2-5-6 कर्क राशि :- उच्चमनोबल रखकर कार्य करें, सफल होंगे। समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा। आय-व्यय की स्थिति समान रहेगी। शैक्षणिक कार्य आसानी से पूरे होते रहेंगे। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा। व्यापार व व्यवसाय में ध्यान देने से सफलता मिलेगी। मेल-मिलाप से काम बनाने की कोशिश लाभ देगी। शुभांक-2-5-7 सिंह राशि :- सुविधा और समन्वय बना रहने से कामकाज में प्रगति बनेगी। यात्रा का दूरगामी परिणाम मिल जाएगा। कामकाज में आ रही बाधा को दूर कर लेंगे। लाभदायक कार्यों की चेष्टाएं प्रबल होंगी। बुद्घितत्व की सक्रियता से अल्प लाभ का हर्ष होगा। कुछ महत्त्वपूर्ण कार्य बनाने के लिए भाग-दौड़ रहेगी। शुभांक-4-6-7 कन्या राशि :- घर-परिवार में प्रसन्नता व सहयोग का वातावरण बनेगा। मानसिक एवं शारीरिक शिथिलता पैदा होगी। व्ययाधिक्य का अवसर आ सकता है। कामकाज की अधिकता रहेगी। लाभ भी होगा और पुराने मित्रों का समागम भी। बाहरी सहयोग की अपेक्षा रहेगी। श्रम अधिक करना पड़ सकता है। शुभांक-4-6-8 तुला राशि :- वरिष्ठजनों से मतभेद उभर सकते हैं। शांतिपूर्वक नित्य कार्य करें। संतान की प्रगति से संतोष होगा। व्यर्थ की भाग-दौड़ में समय व्यतीत होगा। समय नकारात्मक परिणाम देने वाला बन रहा है। कलह विवाद का डर बना रहेगा। पारिवारिक तनाव, अलगाव का सामना करना पड़ सकता है। शुभांक-4-6-7 वृश्चिक राशि :- अपना कार्य दूसरों के सहयोग से बना लेंगे। प्रतिष्ठा बढ़ाने वाले सामाजिक कार्य संपन्न होंगे। आमोद-प्रमोद का दिन होगा और व्यावसायिक प्रगति भी होगी। ज्ञान-विज्ञान की वृद्घि होगी और सज्जनों का साथ भी रहेगा। कुछ कार्य भी सिद्घ होंगे। किसी अपने की सलाह उपयोगी सिद्घ होगी। शुभांक-1-5-9 धनु राशि :- बुद्घि और धन का दुरूपयोग न करें व्यर्थ के आडम्बरों से बचें। परिवार में किसी का स्वास्थ्य खराब हो सकता है। मानसिक तनाव में बढ़ोतरी होगी। किसी का अभद्र व्यवहार खिन्नता व तनाव बढ़ायेगा। विरोधियों के सक्रिय होने की संभावना है। आज का परिश्रम आगे लाभ देगा। शुभांक-2-5-7 मकर राशि :- आगे बढ़ने के अवसर लाभकारी सिद्घ हो रहे हैं। कुछ आर्थिक संकोच पैदा हो सकते हैं। कोई प्रिय वस्तु अथवा नवीन वस्त्राभूषण प्राप्त होंगे। मान-सम्मान बढ़ेगा। धार्मिक आस्थाएं फलीभूत होंगी। सुख-आनंद कारक समय है। लाभदायक कार्यों की चेष्टाएं प्रबल होंगी। आय के अच्छे योग बनेंगे। शुभांक-3-7-9 कुम्भ राशि :- बुद्घितत्व की सक्रियता से अल्प लाभ का हर्ष होगा। कुछ महत्वपूर्ण कार्य बनाने के लिए भाग-दौड़ रहेगी। सुखद समय की अनुभूतियां प्रबल होंगी। मनोविनोद बढ़ेंगे। व्ययाधिक्य का अवसर आ सकता है। शुभ कार्यों का लाभदायक परिणाम होगा। कामकाज की अधिकता रहेगी। संतान की उन्नति के योग हैं। शुभांक-5-7-9 मीन राशि :- जरा-सी लापरवाही आपको परेशानी में डाल सकती है। व्यर्थ की भाग-दौड़ से यदि बचा ही जाए तो अच्छा है। मानसिक व्यथा व संतान के कारण परेशानी होगी। आवेश में आना आपके हित में नहीं होगा, इसलिए व्यवहार व वाणी पर नियंत्रण रखें। पुरानी गलती का पश्चाताप होगा। शुभांक-3-5-7
कूनो राष्ट्रीय उद्यान में पहली बार दिखा दुर्लभ प्रजाति का फॉरेस्ट आउलेट

भोपाल। जैव विविधता संरक्षण और वन्यजीव सुरक्षा की दिशा में सतत एवं सुनियोजित प्रयास कर रही मध्य प्रदेश सरकार को एक और महत्वपूर्ण सफलता मिली है। श्योपुर जिले में स्थित कूनो राष्ट्रीय उद्यान में पहली बार दुर्लभ प्रजाति का फॉरेस्ट ऑउलेट(एथिन ब्लेविटी) को देखा गया है। पक्षी विज्ञान के क्षेत्र में यह एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम है। स्थानिक और लुप्त प्राय फॉरेस्ट ऑउलेट(एथिन ब्लेविटी) को पहली बार कूनो राष्ट्रीय उद्यान में देखा गया है, जो इस प्रजाति के ज्ञात वितरण क्षेत्र में उल्लेखनीय विस्तार का संकेत है। कूनो राष्ट्रीय उद्यान में फॉरेस्ट ऑउलेट की खोज भारत में जैव विविधता संरक्षण के लिए एक महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह पक्षी विश्व के सबसे दुर्लभ शिकारी पक्षियों में से एक है और चीता परियोजना से जुड़े पर्यावास प्रबंधन के साथ इसके संभावित पारिस्थितिक संबंध हैं। फॉरेस्ट आउलेट मध्य भारत का एक स्थानिक (endemic) पक्षी है, जिसे 1872 में पहली बार खोजा गया था, लेकिन 1884 के बाद इसे विलुप्त मान लिया गया था। लगभग 113 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद, 1997 में इसे महाराष्ट्र के नंदुरबार जिले में फिर से खोजा गया, जिसने पक्षी विज्ञान की दुनिया में सनसनी फैला दी थी। वर्तमान में यह मध्य भारत के खंडित वन क्षेत्रों में पाया जाता है, जिसमें मध्य प्रदेश (खकनार, पीपलोद), महाराष्ट्र (तोरणमाल, मेलघाट) और गुजरात (डांग, पूर्णा वन्य जीव अभयारण्य) के हिस्से शामिल हैं। मध्य प्रदेश में फॉरेस्ट ऑउलेट पहले केवल पूर्वी खंडवा, बुरहानपुर और बैतूल जिलों में ही पाया जाता था। इस दुर्लभ पक्षी को सबसे पहले कूनो में स्थानीय पर्यटन क्षेत्र से जुड़े लाभ यादव ने पारोंद बीट में क्षेत्र भ्रमण के दौरान देखा था, जिससे प्रजाति के अत्यधिक सीमित वितरण और संरक्षण स्थिति के कारण वन विभाग का ध्यान तुरंत आकर्षित हुआ। प्रमुख पहचान लक्षणों के आधार पर,वाइल्ड लाइफ रिसर्च एण्ड कंजर्वेशन सोसायटी, पुणे के विवेक पटेल ने मौके पर ही इसकी पुष्टि की, जिससे यह कूनो राष्ट्रीय उद्यान से प्रजाति का पहला प्रामाणिक रिकॉर्ड बन गया। अधिकांश उल्लुओं के व्यवहार के विपरीत, फॉरेस्ट ऑउलेट मुख्य रूप से दिन में सक्रिय रहने वाला पक्षी है। यह सुबह 6:00 से 10:00 बजे के बीच सबसे अधिक सक्रिय रहता है और कड़ी धूप में भी ऊंचे पेड़ों की टहनियों पर बैठा देखा जा सकता है। फॉरेस्ट ऑउलेट को वर्तमान में अंतर्राष्ट्रीय प्रकृति संरक्षण संघ द्वारा ‘लुप्त प्राय’ श्रेणी में रखा गया है। इसकी कुल वैश्विक वयस्क संख्या 250 से 999 के बीच होने का अनुमान है। मध्य प्रदेश में इसके वितरण को समझने के लिए और सर्वेक्षण किए जाने की आवश्यकता है। फॉरेस्ट ऑउलेट, जिसे कभी विलुप्त माना जाता था और 1997 में पुनः खोजा गया था, वर्तमान में मध्य भारत के सीमित क्षेत्रों में पाया जाता है और पर्यावास के क्षरण और विखंडन से लगातार खतरे का सामना कर रहा है। यह नया रिकॉर्ड कूनो राष्ट्रीय उद्यान के जंगलों के पारिस्थितिक महत्व को उजागर करता है। फॉरेस्ट आउलेट का दिखाई देना संकेत दे रहा है कि चीता के लिये किये जा रहे संरक्षण प्रयासों से पारिस्थितिकीय तंत्र में सुधार होने से अन्य लुप्तप्राय प्रजातियों की भी वापसी हो रही है। मध्य प्रदेश के उत्तर-पश्चिम क्षेत्र में इस प्रजाति के मिलने से पक्षी संरक्षण से जुड़े विशेषज्ञों में उत्साह की लहर है।
नेतन्याहू ने मोदी को बताया ‘भाई’, कट्टरपंथ के खिलाफ ‘आयरन एलायंस’ बनाने की घोषणा

यरुशलम। इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू (Israeli Prime Minister Benjamin Netanyahu) ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Indian Prime Minister Narendra Modi) की यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि वह इससे पहले कभी इतने भावुक नहीं हुए। इजराइल की संसद नेसेट में अपने संबोधन के दौरान नेतन्याहू ने मोदी को “महान मित्र” और “विश्व मंच के बड़े नेता” की संज्ञा दी। उन्होंने कहा, “नरेन्द्र, मेरे प्रिय मित्र, आपके यहां आने से मैं काफी भावुक हूं… मैं यह कहने का साहस करता हूं कि आप केवल मित्र ही नहीं, बल्कि भाई जैसे हैं।” नेतन्याहू ने दोनों देशों के बीच तकनीकी और रणनीतिक सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि हाल के वर्षों में द्विपक्षीय व्यापार दोगुना और सहयोग कई गुना बढ़ा है।‘कट्टरपंथी इस्लाम’ के खिलाफ आयरन एलायंसनेतन्याहू ने अपने भाषण में कहा कि भारत और इजराइल “कट्टरपंथी इस्लाम” के खतरे के खिलाफ एक “आयरन एलायंस” (मजबूत गठबंधन) का निर्माण करेंगे। उन्होंने कहा कि दोनों देश आज पहले से अधिक मजबूत हैं और साझा मूल्यों — प्रगति, मानव गरिमा और पारस्परिक सम्मान — में विश्वास रखते हैं। उन्होंने 07 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले के बाद भारत के समर्थन के लिए प्रधानमंत्री मोदी का आभार व्यक्त किया। नेतन्याहू ने इजराइल की कार्रवाई को “रक्षात्मक युद्ध” बताते हुए कहा कि यह मानवता और सत्य के भविष्य के लिए संघर्ष है।आईएमईसी और नए समझौतेनेतन्याहू ने कहा कि भारत और इजराइल मिलकर अमेरिका समर्थित इंडिया-मिडिल ईस्ट-यूरोप इकॉनमिक कॉरिडोर (आईएमईसी) पहल को आगे बढ़ा रहे हैं। इस परियोजना का उद्देश्य समुद्र और रेल मार्ग के जरिए भारत को मध्य पूर्व के रास्ते यूरोप से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि यह कॉरिडोर तभी सफल हो सकता है जब इसके मार्ग में स्थिर और सुरक्षित देश हों, और इस धुरी पर भारत और इजराइल से अधिक सुरक्षित देश कोई नहीं है। नेतन्याहू ने यह भी बताया कि यात्रा के दौरान पर्यटन, संस्कृति, कृषि, जल प्रबंधन और आव्रजन जैसे क्षेत्रों में कई समझौतों को लागू किया जाएगा। उन्होंने इसे अब्राहम समझौते की भावना के अनुरूप शांति और सहयोग की दिशा में अहम कदम बताया। इससे पहले, तेल अवीव एयरपोर्ट पर इजराइल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने अपनी पत्नी सारा नेतन्याहू के साथ पीएम मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया। नेतन्याहू के आमंत्रण पर 25-26 फरवरी तक हो रहा यह दौरा भारत-इजरायल रणनीतिक साझेदारी को नई दिशा देने वाला माना जा रहा है। तेल अवीव पहुंचने पर सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ उनका स्वागत किया गया। भारतीय प्रवासी समुदाय में इस दौरे को लेकर खासा उत्साह देखा गया। प्रवासियों ने इसे दोनों देशों के रिश्तों के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया। इसी मौके पर भारतीय मूल की नेत्रहीन गायिका दीना सेमटे ने पीएम मोदी के समक्ष प्रस्तुति दी। मणिपुर से ताल्लुक रखने वाली दीना ने कहा कि उन्हें प्रधानमंत्री के सामने प्रस्तुति देने पर गर्व है और संगीत लोगों को जोड़ने का माध्यम है। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री बनने के बाद यह मोदी का दूसरा इजराइल दौरा है। इससे पहले वे 2017 में इजराइल गए थे, जो किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा थी। वर्ष 2018 में नेतन्याहू ने भारत का दौरा कर संबंधों को और मजबूती दी थी। इस बार की यात्रा को केवल द्विपक्षीय कार्यक्रम नहीं, बल्कि भारत-इजराइल संबंधों की लंबी ऐतिहासिक यात्रा का हिस्सा माना जा रहा है। दोनों देश रक्षा, प्रौद्योगिकी, जल प्रबंधन, कृषि और नवाचार जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर जोर दे रहे हैं। पीएम मोदी ने नेतन्याहू के साथ मुलाकात में टेक्नोलॉजी, वॉटर मैनेजमेंट, एग्रीकल्चर, टैलेंट पार्टनरशिप और अन्य क्षेत्रों में सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की। इस यात्रा को भारत–इजराइल संबंधों में नई मजबूती और रणनीतिक साझेदारी के विस्तार के रूप में देखा जा रहा है।
भारत इजराइल साझेदारी आपसी फायदे के साथ दुनिया को स्थिर और खुशहाल बनाने में दे रही योगदान : PM मोदी

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Indian Prime Minister Narendra Modi) ने बुधवार को इजराइली संसद (नेसेट) (Israeli Parliament (Knesset) को संबोधित किया और कहा कि दोनों देशों की मजबूत साझेदारी आपसी फायदे के साथ ही दुनिया भर में स्थिरता और खुशहाली में भी योगदान देती है। हमें पक्का करना चाहिए कि भारत और इजराइल के बीच दोस्ती अनिश्चित दुनिया में ताकत का जरिया बनी रहे। अपने भाषण में प्रधानमंत्री ने इजराइल में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा की और गाजा शांति योजना का समर्थन किया। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत में कहा कि इजराइली संसद को संबोधित करना उनके लिए गरिमा और सम्मान की बात है। उन्होंने इस बात का भी उल्लेख किया कि भारत ने जिस दिन इजराइल को देश के रूप में मान्यता दी थी उसी दिन (17 सितंबर 1950) उनका जन्म हुआ था। अपने भाषण में आतंकवाद की कड़ी निंदा करते हुए मोदी ने इजराइल के साथ एकजुटता दिखाई। उन्होंने कहा कि निर्दोष नागरिकों की हत्या को किसी भी तरह से जायज नहीं ठहराया जा सकता। आतंकवाद का लक्ष्य समाज को अस्थिर करना, विकास को रोकना और भरोसा खत्म करना है। इस पर किसी भी तरह से दोहरे मापदंड नहीं होने चाहिए। साथ ही समन्वय और सतत प्रयास के साथ आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने क्षेत्रीय स्थिरता के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को दोहराया। उन्होंने कहा कि भारत गाजा शांति योजना को पूर्ण समर्थन देता है। प्रधानमंत्री के भाषण के बाद उन्हें “स्पीकर ऑफ द नेसेट मेडल” से सम्मानित किया। प्रधानमंत्री मोदी यह मेडल पाने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री हैं, जो नेसेट का सबसे बड़ा सम्मान है। भारत और इजराइल के बीच के हजारों साल पुराने सभ्यगत संबंधों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि नागरिक संबंध दोनों देशों की दोस्ती का आधार है। उन्होंने यह भी कहा कि यहूदी भारत में ना सताए गए और ना ही उनके साथ कभी भेदभाव हुआ। इस दौरान भारत की विकास यात्रा में योगदान देने वाले प्रमुख यहूदी के नाम भी उन्होंने उल्लेख किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और इजराइल के बीच के संबंधों को रणनीतिक साझेदारी में बदले जाने के बाद से इसका स्तर और दायरा बहुत बढ़ा है। भारत जल्द ही दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रहा है ऐसे में नवाचार और तकनीकी में आगे इजराइल के साथ उसके संबंध स्वभावी तौर पर भविष्य उन्मुख साझेदारी के संकेत हैं। प्रधानमंत्री ने क्वांटम कंप्यूटर, सेमीकंडक्टर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे क्षेत्रों में दोनों देशों के सहयोग की संभावनाओं का जिक्र किया। प्रधानमंत्री ने इजराइल में योग को मिलते विस्तार और आयुर्वेद में बढ़ती रुचि का जिक्र करते हुए इजराइली युवाओं को भारत आने और चिकित्सा प्रणाली से जोड़ने का आह्वान किया। इससे पहले, प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने प्रधानमंत्री मोदी की बिना कोई इधर-उधर की बात किये इजराइल के साथ खड़े रहने की सराहना की। अपने स्वागत भाषण में उन्होंने नरेन्द्र मोदी के दोनों देशों के संबंधों को और अधिक प्रगाढ़ बनाने में योगदान की विशेष प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि इसके चलते दोनों देशों का व्यापार दो गुना, सहयोग तीन गुना और समझ चार गुना हुई है। इजराइली प्रधानमंत्री ने प्रधानमंत्री मोदी की विश्व नेताओं के साथ गले लगने की विशेष अभिवादन शैली की तारीफ करते हुए कहा कि इस दुनिया में मोदी हग के रूप में जाना जाता है। नेतन्याहू ने इस बात को रेखांकित किया कि यहूदी दुनिया में केवल भारत में ही भेदभाव का सामना नहीं करना पड़ा।
भोपाल में साध्वी रंजना दीदी के साथ अभद्रता, हिंदू संगठनों ने किया थाने का घेराव

भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के मिसरोद थाना क्षेत्र में बुधवार शाम को कार को ओवरटेक करने की बात पर कुछ युवकों ने साध्वी रंजना दीदी के साथ अभद्रता कर दी। जानकारी मिलते ही हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और मिसरोद थाने का घेराव कर दिया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और विश्व हिंदू परिषद से जुड़ी साध्वी रंजना दीदी बुधवार की शाम नर्मदापुरम रोड से गुजर रही थी। इसी दौरान एक कार चालक ने उनकी कर को ओवरटेक किया और लापरवाही से वाहन चलाते हुए कार में टक्कर मार दी। साध्वी अपने दो सहयोगी बहनों के साथ घटना के समय में गाड़ी में मौजूद थीं। गाड़ी टकराने के विवाद के बाद पीछे की कार में सवार युवकों ने गुंडागर्दी शुरू कर दी। उन्होंने साध्वी की गाड़ी में तोड़फोड़ की तथा डीजल की केन निकालकर कार को जलाने की कोशिश भी की। जब साध्वी रंजना ने इसका विरोध किया तो आरोपी कार चालक ने उनके साथ जमकर अभद्रता की और झूम झटकी तक कर दी। इसके बाद साध्वी रंजना दीदी थाने में शिकायत दर्ज कराने के लिए पहुंची। इसकी जानकारी विश्व मिलने के बाद हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ता मिसरोद थाने के बाहर एकत्र हो गए और प्रदर्शन किया। उन्होंने गुंडागर्दी करने वाले युवकों के खिलाफ प्रकरण दर्ज करने तथा उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। पुलिस ने तत्काल एफआईआर दर्ज कर आरोपी की पहचान कर उसकी गिरफ्तारी का आश्वासन दिया है। आरोपी विशेष समुदाय के बताए जा रहे हैं। थाना प्रभारी रतन सिंह ने बताया कि का को ओवरटेक करने को लेकर विवाद हुआ था। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड फोर लेन रोड निर्माण में किसान हित सर्वोपरि: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मेट्रो पॉलिटन सिटी इंदौर-उज्जैन भविष्य की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण होगा। इस नाते इंदौर-उज्जैन ग्रीन फील्ड फोर लेन प्रोजेक्ट भी किसानों के हित में उनके सुझाव के अनुरूप एलिवेटेड नहीं जमीनी स्तर पर बनाया जायेगा। जिन किसानों की भूमि प्रभावित होगी, उन्हें उचित मुआवजा देने के लिये शासन-प्रशासन प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बुधवार देर शाम उनके निवास पर भेंट करने आए इंदौर और उज्जैन जिलों के विभिन्न ग्रामों के किसान प्रतिनिधियों से चर्चा कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का इंदौर और उज्जैन के किसान प्रतिनिधियों ने इंदौर उज्जैन ग्रीनफील्ड फोर लेन मार्ग का निर्माण कार्य किसानों के हित में करने के निर्णय के लिए आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम के माध्यम से 2935.15 करोड़ रूपये की परियोजना के अंतर्गत क्षेत्रीय विकास की दृष्टि से महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए 2 जिलों के 28 ग्रामों को नया स्वरूप और जनसुविधा देने के लिये फोर लेन मार्ग निर्मित किया जायेगा। उन्नत संरचना के अंतर्गत इंदौर-उज्जैन के मध्य 2 स्थानों वेस्टर्न रिंग रोड और उज्जैन बदनावर मार्ग क्रॉसिंग पर वृहद जंक्शन का प्रावधान है। परिवहन तेज और सुरक्षित रहे इसके लिये प्रत्येक टोल प्लाजा पर आवश्यक प्रबंध भी होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इंदौर-उज्जैन के इस पुराने मार्ग से जानापाव आने-जाने के लिये भी परिवहन होता रहा है। पूर्व के वर्षों में मार्ग के संकुचित होते जाने से जो दुर्घटनाएं होती रही हैं, वह सिलसिला अब थम जायेगा। किसानों से विचार विमर्श के पश्चात इस ग्रीन फील्ड फोर लेन मार्ग परियोजना के कार्यों को गति दी जा रही है। गत 20 फरवरी को अनुबंध निष्पादन के पश्चात अन्य कार्यवाही प्रचलन में है। आगामी सिंहस्थ को देखते हुए यह परियोजना बड़ी जनसंख्या को लाभान्वित करेगी। प्रदेश में सड़क अधोसंरचना को सशक्त करने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम है।
T20 World Cup: श्रीलंका सेमीफाइनल की रेस से बाहर, न्यूजीलैंड ने 61 रनों से हराया

कोलंबो। न्यूजीलैंड (New Zealand) ने बुधवार को श्रीलंका (Sri Lanka) के खिलाफ आर प्रेमदासा स्टेडियम में खेले गए टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) के सुपर-8 मुकाबले में 61 रन से जीत दर्ज की। इस हार के साथ श्रीलंकाई टीम खिताबी दौड़ से बाहर हो गई है। न्यूजीलैंड की ओर से रखे गए 169 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम 8 विकेट पर 107 रन पर ढेर गई. श्रीलंका की ओर से कामिंडु मेंडिस ने 31 जबकि दुनिथ वेलालगे ने 29 रन बनाए. न्यूजीलैंड की ओर से सबसे सफल गेंदबाजा रचिन रवींद्र रहे जिन्होंने 4 ओवर में 27 रन देकर चार विकेट चटकाए. न्यूजीलैंड का पहला सुपर 8 मैच पाकिस्तान के खिलाफ बारिश की वजह से रद्द हो गया था. मिचेल सैंटनर की टीम चार अंक लेकर ग्रुप 2 में दूसरे नंबर पर पहुंच गई है जबकि इंग्लैंड चार अंकों के साथ पहले नंबर पर है. श्रीलंका की सुपर 8 में लगातार यह दूसरी हार है और वह इस पॉइंट टेबल में सबसे निचले क्रम पर है। न्यूजीलैंड की ओर से रखे गए 169 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम ने खराब शुरुआत की. तेज गेंदबाज मैट हेनरी ने श्रीलंका के इनफॉर्म ओपनर पथुम निसंका को पहली ही गेंद पर क्लीन बोल्ड कर दिया. इसके बाद श्रीलंका के विकेट गिरने का सिलसिला शुरू हुआ. कुसल मेंडिस 11 रन बनाकर आउट हुए वहीं चरित असलंका ने 5 रन का योगदान दिया. पवन रत्नायके 10 रन बनाकर आउट हुए जबकि कप्तान दासुन शनाका पांच गेंदों पर 3 रन बनाकर आउट हुए. दुसन हेमंता तीन रन बनाकर पवेलियन लौटे. कामिंडु मेंडिस 31 रन बनाकर पवेलियन लौटे. न्यूजीलैंड की ओर से स्पिनर रचिन रवींद्र ने 4 विकेट चटकाए। इससे पहले , श्रीलंकाई ऑफ स्पिनर महीश तीक्षणा के तीन झटकों ने न्यूजीलैंड को पटरी से उतारने की कोशिश की लेकिन कप्तान मिचेल सैंटनर (47 रन) और कोल मैककांकी (नाबाद 31 रन) ने शानदार वापसी करते हुए 7 विकेट पर 168 रन तक पहुंचाया. न्यूजीलैंड ने 9.3 और 12.1 ओवर के बीच में नौ रन पर चार विकेट गंवा दिए थे जिसमें तीक्षणा (30/3) ने बीच के ओवरों में मैच का रूख पलट दिया. लेकिन मैककांकी ने अंत में मोर्चा संभाला जबकि सैंटनर ने महत्वपूर्ण समय पर सात विकेट के लिए महज 47 गेंद में 84 रन की अहम साझेदारी की। सैंटनर ने 26 गेंद की पारी के दौरान चार छक्के और दो चौके लगाए. वह आखिरी गेंद पर आउट हुए जबकि मैककांकी ने 23 गेंद में तीन चौके और दो छक्के जमाए. न्यूजीलैंड का स्कोर 16 ओवर के बाद छह विकेट पर 98 रन था. तब मैककांकी ने दुष्मंता चामीरा (38/3) पर दो छक्के और एक चौका जड़कर 18 रन बटोरे. इसके बाद सैंटनर ने श्रीलंका के सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज तीक्षणा पर 18वें ओवर में एक चौका और दो छक्के मारे जिससे 21 रन बने। इन दोनों की बदौलत न्यूजीलैंड की टीम ने अंतिम चार ओवरों में 70 रन जुटाए. श्रीलंकाई गेंदबाजों ने अच्छी गेंदबाजी की लेकिन अंतिम ओवरों में गलत लाइन एवं लेंथ के कारण लड़खड़ा गए. श्रीलंका के टॉस जीतकर गेंदबाजी करने के फैसले के बाद ऑफ स्पिनर तीक्षणा और तेज गेंदबाज चामीरा ने मिलकर छह विकेट लेकर न्यूजीलैंड पर लगाम कसी. ग्रुप दो से इंग्लैंड पहले ही अगले दौर में पहुंच चुका है. न्यूजीलैंड ने नौ ओवर में दो विकेट पर 73 रन बना लिए थे. फिन एलन ने 13 गेंद में तीन चौके और एक छक्के से 23 रन बनाए जबकि रचिन रविंद्र ने 22 गेंदों पर 32 रन (तीन चौके, एक छक्का) बनाए। इसके बाद तीक्षणा ने उनकी पारी में ब्रेक लगाया. उन्होंने अपनी कैरम गेंद से एलन को आउट किया. बाद में उन्होंने रविंद्र को आउट करने के बाद तीन गेंद के अंदर मार्क चैपमैन को खाता भी नहीं खोलने दिया. चामीरा ने उनका शानदार साथ दिया. उन्होंने 140 किमी प्रति घंटे से ज्यादा की रफ्तार से गेंदबाजी करते हुए टिम सिफर्ट (08) और ग्लेन फिलिप्स (18) को आउट किया जबकि दुनिथ वेलालगे ने डेरिल मिचेल (03) को आउट किया। अंक तालिका का हालग्रुप 2 के अंक तालिका में इंग्लैंड की टीम 2 में से 2 जीत के साथ सेमीफाइनल के लिए क्वालिफाई कर चुकी है. लेकिन दूसरे नंबर की लड़ाई रोचक है. क्योंकि अब न्यूजीलैंड 2 मैच में 3 अंक के साथ दूसरे नंबर पर है. लेकिन पाक के 2 मैच में एक अंक हैं. वहीं श्रीलंका के 0 अंक हैं. अगर पाकिस्तान अपना अगला मैच जीतती है और न्यूजीलैंड अगले मैच में इंग्लैंड से हारती है तो फिर फैसला नेट रन रेट से होगा. लेकिन न्यूजीलैंड अगला मैच जीतती है तो फिर पाकिस्तान बाहर हो जाएगा और न्यूजीलैंड क्वालिफाई कर जाएगा।