T20 World Cup: दूसरा सेमीफाइनल आज भारत- इंग्लैंड के बीच मुम्बई में… जानें कैसा रहेगा पिच का मिजाज

T20 World Cup: मुम्बई। इंडिया वर्सेस इंग्लैंड (India vs England) टी20 वर्ल्ड कप 2026 ( T20 World Cup 2026) का दूसरा सेमीफाइनल (Semi Finals 2) आज यानी गुरुवार, 5 मार्च को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाना है। India vs England सेमीफाइनल भारतीय समयानुसार शाम 7 बजे शुरू होगा, जबकि टॉस के लिए दोनों कप्तान -सूर्यकुमार यादव और हैरी ब्रूक- आधा घंटा पहले यानी साढ़े 6 बजे मैदान पर उतरेंगे। टी20 वर्ल्ड कप में यह लगातार तीसरा मौका है जब भारत और इंग्लैंड की टीमें सेमीफाइनल में भिड़ रही है। इससे पहले 2024 और 2022 टी20 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में भी भारत और इंग्लैंड की टीमों का आमना-सामना हुआ था। गौर करने वाली बात यह है कि पिछले दो वर्ल्ड कप विजेता इस सेमीफाइनल को जीतने वाली टीम बनी थी। अब देखना होगा कि 2026 में बाजी कौन मारता है। आईए एक नजर इंडिया वर्सेस इंग्लैंड पिच रिपोर्ट (Pitch Report) पर डालते हैं- IND vs ENG पिच रिपोर्ट वानखेड़े स्टेडियम की पिच को आमतौर पर बैटिंग-फ्रेंडली माना जाता है। छोटी बाउंड्री और सही बाउंस से स्ट्रोक खेलना आसान हो जाता है, जिससे बैट्समैन आसानी से रन बना सकते हैं। हालांकि शुरुआती ओवरों में पेसर कुछ मूवमेंट कर सकते हैं, लेकिन जैसे-जैसे मैच आगे बढ़ता है, हालात बैट्समैन के पक्ष में हो जाते हैं। पिच पर हल्की घास है, लेकिन मोर्ने मोर्कल को उम्मीद है कि मैच हाई-स्कोरिंग होगा। इसी विरोधी टीम के खिलाफ, इसी जगह पर, अभिषेक शर्मा ने एक साल पहले शानदार सेंचुरी बनाई थी। भारत अपने ओपनर से भी ऐसे ही धमाके की उम्मीद करेगा। इंग्लैंड ने ठीक उसी पिच पर खेला है जो इस सेमीफ़ाइनल के लिए रिज़र्व है। पिछली बार वे वेस्ट इंडीज़ से हार गए थे, जिसमें वेस्ट इंडीज़ ने 196 रन का टारगेट डिफेंड किया था। इस पिच पर खेला गया दूसरा मैच शायद इटली के क्रिकेट इतिहास का सबसे बड़ा मैच है, जिसमें उन्होंने नेपाल पर 10 विकेट से जीत हासिल की थी। इंग्लैंड के सैम करन ने कहा कि इस गेम में कंडीशन उनके लिए नई नहीं होंगी। वानखेड़े को बैटर-फ्रेंडली माना जाता है और ऐसा लगता नहीं है कि इंडिया अपनी टीम में कोई बदलाव करेगा। इस मैदान पर पहले बैटिंग करते हुए औसत स्कोर 187 का रहा है, यहां टीमें चेज करना पसंद करती है। ऐसे में IND vs ENG सेमीफाइनल में भी टॉस जीतने वाला कप्तान पहले फील्डिंग चुन सकता है। वानखेड़े स्टेडियम T20I रिकॉर्ड मैच- 16 – पहले बैटिंग करते हुए जीते गए मैच- 8 (50.00%) – टारगेट का पीछा करते हुए जीते गए मैच- 8 (50.00%) – टॉस जीतकर जीते गए मैच- 10 (62.50%) – टॉस हारकर जीते गए मैच- 6 (37.50%) – हाईएस्ट स्कोर- 254/6 (वेस्टइंडीज़) 23/02/2026 v ज़िम्बाब्वे — लोएस्ट स्कोर- 97 (इंग्लैंड) 02/02/2025 v इंडिया – हाईएस्ट स्कोर इन चेज- 230/8 (इंग्लैंड) 18/03/2016 v साउथ अफ्रीका – एवरेज रन पर विकेट- 27.62 – एवरेज रन पर ओवर- 9.13 – एवरेज स्कोर पहले बैटिंग करते हुए- 187 IND vs ENG T20I हेड टू हेड भारत और इंग्लैंड के बीच अभी तक कुल 29 टी20 मैच खेले गए हैं, जिसमें से 17 मैच जीतकर टीम इंडिया ने दबदबा बनाया हुआ है, वहीं इंग्लैंड को भारत के खिलाफ 12 जीत मिली है। पिछले 5 मुकाबलों में भारत ने 4 बार इंग्लिश टीम को धूल चटाई है। IND vs ENG स्क्वॉड इंडिया स्क्वॉड: अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेट कीपर), ईशान किशन, सूर्यकुमार यादव (कप्तान), तिलक वर्मा, हार्दिक पांड्या, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, वरुण चक्रवर्ती, जसप्रीत बुमराह, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज, रिंकू सिंह, वॉशिंगटन सुंदर इंग्लैंड स्क्वॉड: फिलिप सॉल्ट, जोस बटलर (विकेट कीपर), हैरी ब्रूक (कप्तान), जैकब बेथेल, टॉम बैंटन, सैम करन, विल जैक्स, रेहान अहमद, लियाम डॉसन, जोफ्रा आर्चर, आदिल राशिद, बेन डकेट, ल्यूक वुड, जोश टंग, जेमी ओवरटन
T20 World Cup 2026: इंग्लैंड के खिलाफ आज प्लेइंग XI में बदलाव कर सकती है टीम इंडिया… अभिषेक और रिंकू पर नजरें

T20 World Cup 2026: मुम्बई। इंडिया वर्सेस इंग्लैंड (India vs England) टी20 वर्ल्ड कप 2026 ( T20 World Cup 2026) का दूसरा सेमीफाइनल (Semi Finals 2) आज यानी गुरुवार, 5 मार्च को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाना है। India vs England सेमीफाइनल भारतीय समयानुसार शाम 7 बजे शुरू होगा, जबकि टॉस के लिए दोनों कप्तान -सूर्यकुमार यादव और हैरी ब्रूक- आधा घंटा पहले यानी साढ़े 6 बजे मैदान पर उतरेंगे। टी20 वर्ल्ड कप में यह लगातार तीसरा मौका है जब भारत और इंग्लैंड की टीमें सेमीफाइनल में भिड़ रही है। लाख टके का सवाल यह है कि क्या भारतीय टीम आज को इंग्लैंड के खिलाफ अपनी प्लेइंग 11 में बदलाव करेगी. क्योंकि टीम इंडिया के लिए अभी चिंता का विषय प्लेइंग 11 में टॉप ऑर्डर है. वो तो भला हो वेस्टइंडीज के खिलाफ सुपर-8 मुकाबले में संजू सैमसन की 97 रनों की पारी आ गई. क्योंकि उस मुकाबले में अभिषेक शर्मा (10 रन, 11 गेंद) पर आउट हो गए थे. इस तरह भारत को को पहला झटका 29 रन पर लगा था. इसके बाद ईशान किशन भी टीम के 42 रन के स्कोर पर 10 रन बनाकर चलते बने. ध्यान रहे संजू की टी0 वर्ल्ड कप में री-एंट्री जिम्बाब्वे के खिलाफ हुए सुपर-8 मुकाबले में हुई (उससे पहले वो नामीबिया के खिलाफ एकमात्र मैच अभिषेक के बीमार होने की वजह से दिल्ली में खेले ), उसके बाद ईशान किशन के बैटिंग ऑर्डर में डिमोशन हुआ, लेकिन अभिषेक शर्मा ओपनिंग पोजीशन में ही रहे. अब सवाल है क्या अब जब मौका इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल का है तो क्या भारतीय टीम बदलेगी? क्योंकि भारतीय टीम अपनी प्लेइंग 11 में बहुत ज्यादा बदलाव नहीं करती है. क्योंकि इस समय कोई भी बदलाव अगर सही साबित नहीं हुआ तो टीम के साथ पूरा मैनेजमेंट सवालों के घेरे में होगा. भारत और इंग्लैंड के बीच गुरुवार (5 मार्च) को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेले जाने वाले दूसरे सेमीफाइनल से पहले पूर्व भारतीय हेड कोच रवि शास्त्री ने प्लेइंग इलेवन को लेकर अहम राय दी है. शास्त्री का मानना है कि टीम प्रबंधन को मौजूदा फॉर्म को ध्यान में रखते हुए एक बदलाव पर विचार करना चाहिए. शास्त्री ने कहा कि अगर टीम मैनेजमेंट को लगता है कि अभिषेक शर्मा मानसिक रूप से सहज नहीं हैं और लगातार कम स्कोर का असर उनके आत्मविश्वास पर पड़ा है, तो इस पर गंभीरता से फैसला लेना चाहिए. उन्होंने कहा कि यह आकलन नेट्स में उनकी बल्लेबाजी, बॉडी लैंग्वेज और बातचीत के आधार पर किया जाना चाहिए.अभिषेक शर्मा ने टूर्नामेंट में अब तक 6 पारियों में सिर्फ 80 रन बनाए हैं. उनका औसत 13.13 और स्ट्राइक रेट 131.15 रहा है. ऐसे में नॉकआउट मुकाबले से पहले उनकी फॉर्म चिंता का विषय बनी हुई है. ईशान को ओपनिंग, रिंकू को फिनिशर की भूमिका? शास्त्री ने सुझाव दिया कि यदि बदलाव किया जाता है तो ईशान किशन को संजू सैमसन के साथ पारी की शुरुआत करनी चाहिए. इसके साथ ही रिंकू सिंह को प्लेइंग इलेवन में वापस लाकर निचले क्रम में शामिल किया जा सकता है. ईशान किशन ने इस टूर्नामेंट में 7 पारियों में 224 रन बनाए हैं. उनका औसत 32 और स्ट्राइक रेट 185.13 का है. खास बात यह है कि उनके दोनों अर्धशतक ओपनिंग करते हुए आए हैं. हालांकि, संजू सैमसन की वापसी कबाद ईशान को नंबर-3 पर बल्लेबाजी करनी पड़ी. जब वानखेड़े में अभिषेक ने बनाए 54 गेंदों में 135 रन अभिषेक शर्मा का इंग्लैंड के खिलाफ पिछला रिकॉर्ड शानदार रहा है. पिछले साल वानखेड़े में खेले गए पांचवें टी20 में उन्होंने 54 गेंदों पर 135 रन की विस्फोटक पारी खेली थी. इस पारी की याद दिलाए जाने पर शास्त्री ने साफ किया कि उनका सुझाव सिर्फ मौजूदा फॉर्म और टीम की बैटिंग में विस्फोटक विकल्प को ध्यान में रखकर है.हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि वह पूरी तरह अभिषेक को बाहर करने के पक्ष में नहीं हैं. उनके मुताबिक, भारतीय बल्लेबाजी क्रम में पर्याप्त फायरपावर है और ऐसे में टीम चाहें तो अभिषेक पर भरोसा कायम रख सकती है. सेमीफाइनल से पहले बड़ा फैसला? अब नजर टीम मैनेजमेंट पर होगी कि वह अनुभव और पिछला रिकॉर्ड देखती है या मौजूदा फॉर्म के आधार पर साहसिक फैसला लेती है. मुंबई के वानखेड़े में होने वाला यह मुकाबला भारत के लिए फाइनल का टिकट तय करेगा, ऐसे में प्लेइंग इलेवन का चयन बेहद अहम साबित हो सकता है. भारत की संभावित प्लेइंग XI बनाम इंग्लैंड: ईशान किशन, संजू सैमसन, तिलक वर्मा , सूर्यकुमार यादव, हार्दिक पंड्या, रिंकू सिंह/ अभिषेक शर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, जसप्रीत बुमराह, वरुण चक्रवर्ती, अर्शदीप सिंह
American Supreme Court: टैरिफ विवाद पर ट्रंप का बड़ा झटका…. कोर्ट ने दिए रिफंड के आदेश, कहा- कंपनियों को लौटाएं पैसे

American Supreme Court: न्यूयॉर्क। अमेरिका (America) में टैरिफ विवाद (Tariff Dispute) में बड़ा मोड़ आ गया है। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट (American Supreme Court) के फैसले के बाद अब न्यूयॉर्क की संघीय अदालत ने भी ट्रंप प्रशासन को झटका दिया है। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि जिन कंपनियों ने ट्रंप सरकार की तरफ से लगाए गए आयात टैरिफ का भुगतान किया था, उन्हें अब पैसा वापस किया जाएगा। यूएस कोर्ट ऑफ इंटरनेशनल ट्रेड के जज रिचर्ड ईटन ने कहा कि सभी आयातक कंपनियां यूएस सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले का लाभ पाने की हकदार हैं, जिसमें पिछले महीने ट्रंप के कई टैरिफ को असंवैधानिक बताया गया था। फैसला सुनाते हुए यूएस कोर्ट ऑफ इंटरनेशनल ट्रेड में न्यायाधीश रिचर्ड ईटन ने कहा कि सभी आयातक रिकॉर्ड के मालिक इस फैसले का लाभ पाने के हकदार हैं। यह फैसला सुप्रीम कोर्ट के उस निर्णय के बाद आया, जिसमें अमेरिकी टैरिफ को अवैध बताते हुए कहा गया था कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 1977 की अंतर्राष्ट्रीय आपातकालीन आर्थिक शक्ति अधिनियम (आईईईपीए) के तहत लगाए गए टैरिफ संविधान के खिलाफ हैं। सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर एक नजर इतना ही नहीं अपने फैसले में सुप्रीम कोर्ट ने यह भी जोड़ा था कि राष्ट्रपति अकेले टैरिफ तय और बदल नहीं सकते, क्योंकि कर लगाने का अधिकार केवल कांग्रेस का है। इस फैसले में पारस्परिक टैरिफ, जो लगभग सभी देशों पर लगाए गए थे, को भी अवैध घोषित किया गया। कंपनियों के रिफंड पर कोर्ट सख्त न्यायाधीश ईटन ने अपने फैसले में कहा कि वह अकेले आईईईपीए टैरिफ की वापसी के मामलों को सुनेंगे। इससे यह साफ हुआ कि कंपनियों को टैरिफ लौटाने की प्रक्रिया कैसे होगी, जबकि सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में इसका जिक्र नहीं किया। इसपर वकील रयान मेजरस ने कहा कि सरकार शायद इस फैसले के खिलाफ अपील करेगी या वापसी की प्रक्रिया को रोकने के लिए समय मांगेगी। ट्रंप ने 130 बिलियन अमेरिकी डॉलर इकट्ठा किए थे बता दें कि अमेरिका सरकार ने अब तक इन टैरिफ से 130 बिलियन अमेरिकी डॉलर इकट्ठा किए थे। विशेषज्ञों के अनुसार, सरकार को कुल 175 बिलियन डॉलर तक की वापसी करनी पड़ सकती है। ऐसे में यह फैसला विशेष रूप से एटमस निस्पंदन, नाशविल, टेनेसी की कंपनी के मामले पर आया है, जिसने टैरिफ की वापसी का दावा किया था। यह कंपनी फिल्टर्स और अन्य फिल्ट्रेशन प्रोडक्ट बनाती है। इस बात को ऐसे समझा जा सकता है कि जब कोई सामान अमेरिका में आता है, तो यूएस कस्टम्स एंड बॉर्डर प्रोटेक्शन उसका अंतिम हिसाब करती है, जिसे लिक्विडेशन कहते हैं। लिक्विडेशन के बाद आयातकों को 180 दिन का समय मिलता है, जिसके अंदर वे टैरिफ पर आपत्ति दर्ज कर सकते हैं। इसके बाद यह हिसाब कानूनी रूप से अंतिम माना जाता है। न्यायाधीश ने कस्टम्स को दिए ये निर्देश न्यायाधीश ने आगे आदेश दिया कि कस्टम्स उन टैरिफ को इकट्ठा करना बंद करें, जो सुप्रीम कोर्ट ने अवैध घोषित किए। और यदि कोई सामान पहले ही लिक्विडेशन प्रक्रिया से गुजर चुका है, तो उसका हिसाब बिना टैरिफ के फिर से किया जाएगा। कोर्ट के इस फैसले के बाद न्यूयॉर्क लॉ स्कूल के प्रोफेसर बैरी एप्पलटन ने कहा कि यह आयातकों और उपभोक्ताओं के लिए बहुत अच्छा फैसला है। इससे कस्टम्स ब्रोकरों की भी बहुत व्यस्तता बढ़ेगी और कोर्ट के लिए प्रक्रिया आसान होगी। पिछले सोमवार को भी संघीय अदालत ने दिया था फैसला गौरतलब है कि पिछले सोमवार को एक अन्य संघीय अदालत ने ट्रंप प्रशासन की वापसी रोकने की कोशिश को खारिज कर दिया। इसके बाद अमेरिकी कोर्ट ऑफ अपील्स फॉर द फेडरल सर्किट ने इसे न्यूयॉर्क ट्रेड कोर्ट में भेजा, ताकि वहां वापसी की अगली प्रक्रिया शुरू हो सके। अब यूएस कस्टम्स एंड बॉर्डर प्रोटेक्शन को यह तय करना होगा कि बड़ी मात्रा में टैरिफ की वापसी कैसे की जाए। वकील एलेक्सिस अर्ली के मुताबिक, “कस्टम्स आमतौर पर गलती होने पर टैरिफ लौटाते हैं, लेकिन उनका सिस्टम बड़े पैमाने पर वापसी के लिए नहीं बना है। यहां सबसे बड़ी चुनौती प्रशासनिक प्रक्रिया की होगी।
Insurance Regulator IRDA: बीमा लेना होगा सस्ता… भारी कमीशन में चलेगी कैची…. बड़े सुधार लागू करने की तैयारी में IRDA

Insurance Regulator IRDA: नई दिल्ली। अगर आपको लगता है कि बीमा (Insurance) लेना महंगा (Costly) हो गया है, तो यह खबर आपके काम की है। बीमा नियामक इरडा (Insurance Regulator IRDA) अगले 4-6 महीनों में ऐसे कई बड़े सुधार लागू करने जा रहा है, जिससे बीमा किफायती होगा और आपको पैसे का पूरा दम मिलेगा। इन बदलावों की सबसे बड़ी मार उन भारी-भरकम कमीशनों पर पड़ेगी, जो बीमा कंपनियां एजेंटों और बैंकों को देती हैं। बीमा सुगम: एक प्लेटफॉर्म, सबके लिए जल्द ही लॉन्च होगा बीमा सुगम – एक डिजिटल मार्केटप्लेस जहां आप अमेजॉन-फ्लिपकार्ट की तरह सभी बीमा कंपनियों की पॉलिसियां कंपेयर कर सकेंगे। कीमत, फीचर्स, क्लेम सेटलमेंट रेशियो – सब कुछ एक क्लिक पर। जब सबकुछ खुला होगा, कंपनियों को अपने दम पर प्रीमियम कम रखना होगा। 1 लाख करोड़ रुपये का सवाल सोचिए, वित्त वर्ष 2025 में अकेले कमीशन के नाम पर बीमा कंपनियों ने करीब 1 लाख करोड़ रुपये बांटे। यही वह पैसा है जो आपकी जेब से प्रीमियम के रूप में निकलता है। आरबीआई और इरडा दोनों ने इस पर चिंता जताई है। अब नियामक इस वितरण लागत को तर्कसंगत बनाने पर काम कर रहा है। 30% खर्च पर कैंची चलेगी फिलहाल बीमा कंपनियां आपके प्रीमियम का 30% हिस्सा डिस्ट्रिब्यूशन और एडमिन के कामों पर खर्च करती हैं। इसमें 17-18% सीधे बैंकों, एनबीएफसी और एजेंटों की जेब में जाता है। इरडा अब इसे घटाने की तैयारी में है, खासकर हेल्थ इंश्योरेंस में जहां प्रीमियम तेजी से बढ़े हैं। कम लागत, तेज प्रोसेस और ज्यादा पारदर्शिता नियामक IRDA एक सहमति-आधारित डेटा रजिस्ट्री बना रहा है, जहां पॉलिसी और दावों का सारा डेटा सुरक्षित रहेगा। इससे अंडरराइटिंग तेज होगी, फ्रॉड पर लगाम लगेगी और पॉलिसी पोर्टेबिलिटी आसान होगी। मतलब – कम लागत, तेज प्रोसेस और ज्यादा पारदर्शिता। अब कंपनियां नहीं छुपा पाएंगी सच इरडा बीमा कंपनियों पर शिकंजा कस रहा है। अब कंपनियों को अपने प्रोडक्ट्स, रिटर्न और क्लेम सेटलमेंट रेशियो का खुलकर खुलासा करना होगा। जब सबकुछ सार्वजनिक होगा, तो कंपनियों के बीच बेहतर सर्विस और कॉम्पिटिटिव प्राइसिंग की होड़ लगेगी। आम आदमी को क्या मिलेगा? इन सुधारों का सीधा फायदा आपको मिलेगा। कमीशन खर्च घटेगा तो प्रीमियम स्थिर या कम हो सकता है। डिजिटल प्लेटफॉर्म पर तुलना से बेहतर और किफायती पॉलिसी चुन पाएंगे। पता चलेगा कि आपका पैसा कहां जा रहा है और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर से क्लेम प्रोसेस तेज होगा। खासकर हेल्थ और लाइफ इंश्योरेंस में इन बदलावों का असर साफ दिखेगा, जहां बढ़ती लागत ने मिडल क्लास की जेब पर दबाव बढ़ा दिया था।
GUJRAT GAS LIMITED: भारत में गहराया गैस संकट… गुजरात गैस लिमिटेड ने की फोर्स मेज्योर लागू करने की घोषणा

GUJRAT GAS LIMITED: नई दिल्ली। पेट्रोनेट एलएनजी (Petronet LNG) के बाद अब भारतीय गैस वितरण कंपनी (Indian gas Distribution Company) गुजरात गैस लिमिटेड (Gujarat Gas Limited) ने भी फोर्स मेज्योर लागू करने की घोषणा की है। कंपनी ने बुधवार को घोषणा की कि वह अपने आपूर्ति अनुबंधों में फोर्स मेज्योर लागू करेगी, क्योंकि आरएलएनजी की उपलब्धता “गंभीर रूप से सीमित” हो गई है। शेयर बाजार को दी गई जानकारी में कंपनी ने बताया कि वह 6 मार्च से गैस की मात्रा में प्रतिबंध लगाएगी। कतर के संयंत्र बंद होने से भारत पर संकट गहराया सोमवार को, एक ईरानी ड्रोन हमले के बाद कतर ने अपने प्रमुख रास लफ्फान संयंत्र में परिचालन रोक दिया। यह संयंत्र दुनिया की लगभग पांचवें हिस्से की तरल प्राकृतिक गैस (एलएनजी) आपूर्ति के लिए जिम्मेदार है। पिछले साल अपने कुल एलएनजी आयात का लगभग आधा हिस्सा कतर से प्राप्त करने वाला भारत इस व्यवधान की चपेट में विशेष रूप से आ गया है। गुजरात गैस के ग्राहक और बीमा कवरेज जनवरी की एक निवेशक प्रस्तुति के अनुसार, गुजरात गैस भारत के छह राज्यों में ग्राहकों को सेवा प्रदान करती है, जिनमें लगभग 4,430 औद्योगिक ग्राहक, 15,600 से अधिक वाणिज्यिक ग्राहक और 2.27 मिलियन घरेलू उपभोक्ता शामिल हैं। कंपनी ने अपने बयान में कहा, “गुजरात गैस द्वारा लिए गए बीमा के तहत युद्ध जैसी घटनाएं कवर नहीं होती हैं। फोर्स मेजेयर का संभावित प्रभाव, जो वर्तमान में एक जारी घटना है, का इस समय अनुमान नहीं लगाया जा सकता है।” पेट्रोनेट एलएनजी ने भी किया है ऐलान भारत की सबसे बड़ी गैस आयातक कंपनी पेट्रोनेट एलएनजी ने बुधवार को शेयर बाजार को दी जानकारी में बताया कि उसने अपने सप्लॉयर कतर एनर्जी और घरेलू खरीदारों को फोर्स मेज्योर की सूचना जारी कर दी है। इसकी वजह पश्चिम एशिया में बढ़ते संकट के कारण कंपनी के जहाजों का रास लफ्फान के लोडिंग पोर्ट तक न पहुंच पाना है। अमेरिका-ईरान संघर्ष ने इस क्षेत्र में ईंधन की खेप को बाधित कर दिया है। क्या है फोर्स मेज्योर अगर कोई काम किसी समझौते के अनुसार होना था, लेकिन प्राकृतिक आपदा या बड़ी अप्रत्याशित घटना की वजह से वह काम नहीं हो पाया, तो उसे Force Majeure कहा जाता है। बता दें ईरान और ओमान के बीच स्थित हॉर्मुज स्ट्रेट, जहां से होकर वैश्विक स्तर पर खपत होने वाले तेल का लगभग एक-पांचवां हिस्सा और बड़ी मात्रा में तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) का ट्रांसपोटेशन होता है, वहां से गुजरना लगभग ठप हो गया है। इस क्षेत्र में कुछ जहाजों के हिट होने की घटनाओं के बाद यह स्थिति बनी है। कंपनी ने किन्हें भेजा नोटिस? कंपनी ने मंगलवार रात जारी नोटिस में कहा कि सुरक्षा स्थिति और समुद्री नेविगेशन के लिए पैदा हुए गंभीर खतरों को देखते हुए, पेट्रोनेट ने अपने एलएनजी टैंकरों दिशा, राही और असीम के लिए कतर एनर्जी को फोर्स मेज्योर नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही पेट्रोनेट ने अपने ग्राहकों गेल (इंडिया), इंडियन ऑयल और भारत पेट्रोलियम को भी फोर्स मेज्योर की सूचना दी है। पेट्रोनेट के अनुसार, कतरएनर्जी ने भी उसे “क्षेत्र में व्याप्त शत्रुता के कारण फोर्स मेज्योर की संभावित घटना” की सूचना दी है। बाजार और उद्योग पर क्या पड़ा असर? इस खबर के बाद बुधवार को बीएसई पर पेट्रोनेट के शेयर 9.3% गिरकर 281 रुपये पर बंद हुए। कारोबार के दौरान यह 11.7% तक लुढ़ककर 273 रुपये तक चला गया था। भारतीय गैस सप्लॉयर गेल और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन पहले ही फर्टिलाइजर्स प्लांट्स सहित उद्योगों को गैस आपूर्ति में कटौती कर चुके हैं। मामले से वाकिब सूत्रों ने बताया कि कम गैस आपूर्ति का असर पहले से ही कुछ फर्टिलाइजर कंपनियों के उत्पादन पर पड़ा है, जिनमें इंडियन फार्मर्स फर्टिलाइजर कोऑपरेटिव (इफ्को) और कृभको फर्टिलाइजर्स शामिल हैं। हालांकि, अब तक कंपनियों ने घरेलू इस्तेमाल या ऑटोमोबाइल क्षेत्र के लिए गैस आपूर्ति में किसी कटौती की घोषणा नहीं की है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, भारत ने वित्त वर्ष 2024-25 में 2.7 करोड़ टन एलएनजी का आयात किया, जो देश की कुल गैस खपत का लगभग आधा है। इस आयात का बड़ा हिस्सा कतर से होता है।
GWALIOR DOG BITE: रोज 200–300 डॉग बाइट्स केस:ग्वालियर में आवारा कुत्तों को खुले में खिलाने पर बैन

HIGHLIGHTS: ग्वालियर में आवारा कुत्तों को कहीं भी खाना खिलाने पर प्रशासन की रोक नगर निगम शहर में 27 तय फीडिंग सेंटर बनाएगा फीडिंग सेंटर संचालन के लिए बीसी कमेटी बनेगी निगम की टीम रोजाना लगभग 40 आवारा कुत्तों को पकड़ रही है अस्पतालों में रोज 200–300 डॉग बाइट्स के मामले आ रहे सामने GWALIOR DOG BITE: मध्यप्रदेश। ग्वालियर में बढ़ते डॉग बाइट्स के मामलों को देखते हुए जिला प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। बता दें कि अब शहर में आवारा कुत्तों को सार्वजनिक स्थानों पर कहीं भी खाना खिलाने पर रोक लगा दी गई है। साथ ही सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद कलेक्टर रुचिका चौहान ने यह आदेश जारी किया है। प्रशासन का कहना है कि इस कदम का उद्देश्य शहर में कुत्तों की बढ़ती समस्या को नियंत्रित करना और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। GWALIOR BUS TEREMINAL: 77 करोड़ खर्च, फिर भी बसें नहीं: ग्वालियर ISBT पर बस ऑपरेटरों ने शुरू नहीं किया संचालन 27 स्थानों पर बनेंगे फीडिंग सेंटर नगर निगम आयुक्त संघप्रिय ने बताया कि शहर में 27 स्थानों की पहचान कर ली गई है, जहां आवारा कुत्तों के लिए विशेष फीडिंग सेंटर बनाए जाएंगे। साथ ही इन सेंटरों को कॉलोनियों से कुछ दूरी पर विकसित किया जाएगा, ताकि कुत्ते आबादी वाले क्षेत्रों में कम घूमें और लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। सरकार की बड़ी सख्ती! अब पुराने तरीके से नहीं चलेंगे WhatsApp और Telegram, यूजर्स परेशान, जानें नए रूल की हर एक डिटेल संचालन के लिए बनेगी बीसी कमेटी इन फीडिंग सेंटरों के संचालन और निगरानी के लिए बीसी (बर्थ कंट्रोल) कमेटी बनाई जाएगी। नगर निगम इन स्थानों के बारे में लोगों को जानकारी देने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार भी करेगा, जिससे लोग निर्धारित स्थानों पर ही कुत्तों को भोजन करा सकें। ईरान पर हमले के लिए नाटो देश ने नहीं दिए सैन्य ठिकाने रोजाना 40 कुत्ते पकड़ रही निगम टीम नगर निगम के एबीसी (एनिमल बर्थ कंट्रोल) विभाग के तहत आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए नोडल अधिकारी और एक विशेष टीम काम कर रही है। शिकायत मिलने पर यह टीम रोजाना औसतन 40 कुत्तों को पकड़कर एबीसी सेंटर ले जाती है, जहां उनकी नसबंदी और अन्य आवश्यक प्रक्रियाएं की जाती हैं। सरकार की बड़ी सख्ती! अब पुराने तरीके से नहीं चलेंगे WhatsApp और Telegram, यूजर्स परेशान, जानें नए रूल की हर एक डिटेल डॉग बाइट्स के बढ़ते मामले चिंता का कारण ग्वालियर के सरकारी अस्पतालों में रोजाना औसतन 200 से 300 डॉग बाइट्स के मामले सामने आ रहे हैं। हाल ही में एक महिला की आवारा कुत्ते के काटने से मौत भी हो चुकी है, जिसके बाद प्रशासन ने इस समस्या को लेकर सख्ती बढ़ा दी है।
AMERICA IRAN ATTACK: अमेरिका ने भारत की तरफ आ रहे ईरानी ‘विध्वंसक’ पोत को श्रीलंका के तट पर डुबोया, 87 लोगों की मौत

AMERICA IRAN ATTACK: कोलंबो। अमेरिका (America) ने बुधवार (4 मार्च) को श्रीलंका (Sri Lanka) के तट के पास एक पनडुब्बी हमले की जिम्मेदारी ली है, जिसमें एक ईरानी नौसैनिक युद्धपोत (फ्रिगेट) (Iranian Naval Frigate) डूब गया। श्रीलंका के उप विदेश मंत्री ने बताया कि हिंद महासागर (Indian Ocean) में हुए इस हमले में कम से कम 87 लोगों की मौत हो गई है। ईरानी युद्धपोत ‘IRIS देना’ गैले के तटीय शहर से लगभग 40 समुद्री मील दूर, श्रीलंकाई क्षेत्र के बाहर लेकिन उसके आर्थिक क्षेत्र (EEZ) के भीतर था। स्थानीय समयानुसार सुबह लगभग 5:30 बजे जहाज से खतरे का सिग्नल भेजा गया। श्रीलंकाई नौसेना ने बीबीसी को बताया कि जहाज पर मौजूद अनुमानित 180 लोगों में से 32 को बचा लिया गया है। लापता लोगों की सटीक संख्या अभी अज्ञात है। श्रीलंका के पोर्ट शहर गाले के हॉस्पिटल अधिकारियों ने कहा कि 87 शव लाए गए हैं। श्रीलंकाई अधिकारियों ने कहा कि 32 और लोगों को बचा लिया गया और उनका हॉस्पिटल में इलाज चल रहा है, और जहाज पर सवार लगभग 180 लोगों में से लगभग 60 लोगों का शायद कोई पता नहीं है। अमेरिकी रक्षा सचिव पीट हेगसेथ ने कहा कि एक अमेरिकी पनडुब्बी ने उस ईरानी युद्धपोत को टारपीडो से डुबा दिया, जो सोचता था कि वह अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में सुरक्षित है। उन्होंने इसे द्वितीय विश्व युद्ध के बाद से टारपीडो द्वारा किसी दुश्मन जहाज को डुबाने की पहली घटना करार दिया है। इस जहाज का डूबना ऐसे समय में हुआ है जब अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच युद्ध अपने पांचवें दिन में प्रवेश कर चुका है। अमेरिका और इजरायल के एक समन्वित सैन्य अभियान में ईरानी सैन्य बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया गया है और ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के साथ-साथ कई वरिष्ठ अधिकारियों को मार गिराया गया है। जवाबी कार्रवाई में, ईरान ने पश्चिम एशिया में अमेरिकी सैन्य संपत्तियों पर हमले किए हैं। भारत के ‘इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू’ से लौट रहा था जहाज IRIS देना 17 और 18 फरवरी को विशाखापत्तनम में आयोजित इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू 2026 (IFR 2026) से वापस लौट रहा था। इस अभ्यास में 19 विदेशी युद्धपोतों सहित कुल 85 जहाजों ने हिस्सा लिया था। भारतीय राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने स्वदेश निर्मित अपतटीय गश्ती पोत INS सुमेधा से फ्लीट की समीक्षा की थी, जिसने इस अवसर पर ‘प्रेसिडेंशियल यॉट’ के रूप में काम किया। यह आयोजन भारतीय नौसेना के मेगा द्विवार्षिक अभ्यास ‘मिलन’ (MILAN) और ‘हिंद महासागर नौसेना संगोष्ठी’ (IONS) से जुड़ा हुआ था। इसे 2021 में ईरान के स्वदेश निर्मित ‘मौज क्लास’ मल्टी-रोल गाइडेड मिसाइल फ्रिगेट के हिस्से के रूप में कमीशन किया गया था। ईरान इसे विध्वंसक कहता है, हालांकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसे लाइट फ्रिगेट माना जाता है। यह युद्धपोत सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइलों, एंटी-शिप मिसाइलों, तोप, मशीनगनों और टारपीडो लॉन्चर से लैस था। यह स्वदेश निर्मित चार ‘बोनयान 4’ इंजनों (प्रत्येक 5,000 हॉर्सपावर) और बेहतर गतिशीलता के लिए बो-थ्रस्टर सिस्टम से लैस ईरान का पहला जहाज था। 2023 में, इसने IRIS मकरान (एक ऑयल टैंकर जिसे सपोर्ट शिप में बदला गया था) के साथ दुनिया का 360-डिग्री चक्कर लगाया था। फरवरी 2023 में अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने इन दोनों जहाजों पर प्रतिबंध लगा दिए थे। अंतरराष्ट्रीय कानून और हमले की वैधता पर सवाल श्रीलंका के पास हुए इस ताजा हमले ने अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में सैन्य हमलों की वैधता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ‘समुद्री कानून पर संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन’ (UNCLOS) के अनुच्छेद 88 के तहत अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र को शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए आरक्षित माना जाता है, इसलिए वहां सैन्य हमले आमतौर पर प्रतिबंधित हैं। 2022 के ‘लीडेन जर्नल ऑफ इंटरनेशनल लॉ’ के अनुसार, कोई देश आत्मरक्षा में बल प्रयोग कर सकता है। इसके अलावा, रेड क्रॉस (ICRC) संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की अनुमति को भी एक आधार मानता है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि ‘देना’ सीधे तौर पर किसी शत्रुतापूर्ण गतिविधि में शामिल था या नहीं। अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानून UNCLOS के तहत आता है, जिसे ‘महासागरों का संविधान’ माना जाता है, लेकिन अमेरिका इसका हस्ताक्षरकर्ता नहीं है।
MP WEATHER : एमपी में चढ़ने लगा पारा, तापमान 37°C पार, इंदौर-उज्जैन सबसे गर्म

MP WEATHER : भोपाल। मध्य प्रदेश में अब गर्मी बढ़ने लगी है। प्रदेश में तापमान सामान्य से करीब 3 डिग्री तक ज्यादा दर्ज किया जा रहा है। होली के दिन बुधवार को कई जगहों पर अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया, जबकि रात का तापमान करीब 19 डिग्री दर्ज किया गया। इंदौर और उज्जैन संभाग सबसे ज्यादा गर्म रहे, वहीं भोपाल, ग्वालियर और जबलपुर में भी गर्मी का असर महसूस किया गया। मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के मुताबिक अगले चार दिनों तक मौसम का मिजाज लगभग ऐसा ही रहने की संभावना है। इस दौरान दिन के तापमान में 2 से 4 डिग्री तक की बढ़ोतरी हो सकती है। उन्होंने बताया कि 6 मार्च से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा, जिसके असर से प्रदेश के कुछ इलाकों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है और हल्के बादल या बूंदाबांदी की स्थिति बन सकती है। बीमा लेना होगा सस्ता… भारी कमीशन में चलेगी कैची…. बड़े सुधार लागू करने की तैयारी में IRDA 40 डिग्री तक पहुंच सकता है तापमान मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले चार दिनों में अधिकतम तापमान में करीब 4 डिग्री तक की बढ़ोतरी हो सकती है। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि मार्च के पहले पखवाड़े में ही प्रदेश का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच सकता है। होली पर पूरे प्रदेश में खिली तेज धूप होली के दिन प्रदेशभर में तेज धूप रही और कहीं भी बारिश या बादल नहीं दिखाई दिए। इसी वजह से गर्मी का असर अधिक रहा। नर्मदापुरम में इस सीजन में पहली बार अधिकतम तापमान 37.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं धार, रतलाम और सागर में तापमान 36 डिग्री या उससे अधिक रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा गुना, दमोह, खंडवा, टीकमगढ़, खजुराहो, खरगोन, श्योपुर और मंडला में भी पारा 35 डिग्री सेल्सियस से ऊपर रहा। प्रदेश के एकमात्र हिल स्टेशन पचमढ़ी में ही तापमान 30 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया, जबकि अन्य सभी शहरों में इससे अधिक रहा। धार में सबसे गर्म रही रात प्रदेश में दिन के साथ रातें भी गर्म होने लगी हैं। मंगलवार-बुधवार की रात बैतूल, गुना, नर्मदापुरम, खंडवा, रतलाम, श्योपुर, जबलपुर, नरसिंहपुर, सागर, सिवनी और टीकमगढ़ में न्यूनतम तापमान 16 डिग्री या उससे अधिक दर्ज किया गया। सबसे अधिक रात का तापमान धार में 19 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। मार्च में लू की संभावना नहीं मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार इस साल लू का असर मुख्य रूप से अप्रैल और मई में देखने को मिलेगा। इन महीनों में करीब 15 से 20 दिन तक हीट वेव चलने की संभावना है, जबकि मार्च में लू चलने की चेतावनी फिलहाल नहीं है। हालांकि महीने की शुरुआत में तापमान सामान्य से ज्यादा बना हुआ है।
GWALIOR BUS TEREMINAL: 77 करोड़ खर्च, फिर भी बसें नहीं: ग्वालियर ISBT पर बस ऑपरेटरों ने शुरू नहीं किया संचालन

HIGHLIGHTS: 77 करोड़ की लागत से बना ग्वालियर का आईएसबीटी अभी तक पूरी तरह चालू नहीं उद्घाटन के बाद कुछ दिनों में ही निजी बस ऑपरेटरों ने संचालन बंद किया बस टर्मिनल शहर से करीब 9 किलोमीटर दूर होने से यात्रियों को परेशानी आईएसबीटी तक पहुंचने में 100–200 रुपये अतिरिक्त खर्च की आशंका प्रशासन ने ई-बस सेवा शुरू कर समस्या हल करने का दिया आश्वासन GWALIOR BUS TEREMINAL: मध्यप्रदेश। ग्वालियर में 77 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया इंटर स्टेट बस टर्मिनल (आईएसबीटी) उद्घाटन के कई महीनों बाद भी पूरी तरह चालू नहीं किया गया है। बता दें कि आधुनिक सुविधाओं से लैस इस बस टर्मिनल को शहर की बस सेवाओं को व्यवस्थित करने और यात्रियों को एक ही स्थान से विभिन्न राज्यों के लिए बस सुविधा देने के उद्देश्य से तैयार किया गया था। हालांकि वर्तमान में यह टर्मिनल लगभग खाली पड़ा हुआ है और यात्रियों को अभी भी पुराने बस स्टैंड से ही सफर करना पड़ रहा है। आज आपके सितारे क्या कहते हैं, यह जानने के लिए पढ़ें आज गुरुवार का राशिफल शुरुआत हुई, लेकिन कुछ ही दिनों में बंद हुआ संचालन आईएसबीटी का उद्घाटन प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किया था और शुरुआत में ग्वालियर, मुरैना और भिंड रूट की बसों का संचालन यहां से शुरू भी हुआ था। लेकिन कुछ ही दिनों में निजी बस ऑपरेटरों ने यहां से बसें चलाना बंद कर दिया और फिर से पुराने बस अड्डे से संचालन शुरू कर दिया। ईरान पर हमले के लिए नाटो देश ने नहीं दिए सैन्य ठिकाने शहर से दूरी बनी बड़ी समस्या बस ऑपरेटरों का कहना है कि नया बस टर्मिनल शहर से लगभग 9 किलोमीटर दूर स्थित है, जिससे यात्रियों को अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है। खासकर रात के समय महिलाओं और परिवार के साथ यात्रा करने वालों के लिए यह असुविधाजनक हो सकता है। इसके अलावा आईएसबीटी तक पहुंचने के लिए यात्रियों को ऑटो या अन्य निजी साधनों पर 100 से 200 रुपये तक खर्च करने पड़ सकते हैं, जिससे यात्रा का कुल खर्च बढ़ जाता है। ‘बलि का बकरा’ बनाए जाते हैं सेलेब्स, अर्जुन कपूर के बचाव में बोलीं जाह्नवी, कहा- करीब से देखा है कैसे.. बस ऑपरेटरों ने बताई योजना की खामियां ऑपरेटरों का यह भी आरोप है कि बस स्टैंड बनाने से पहले प्रशासन ने उनसे पर्याप्त चर्चा नहीं की। उनका मानना है कि यदि पहले से शहर के अंदर से आईएसबीटी तक बेहतर सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था बनाई जाती, तो शायद स्थिति अलग होती। 8वें वेतन आयोग के नाम पर बड़ा खेल! कभी भी खाली हो सकता है आपका बैंक अकाउंट प्रशासन ने ई-बस सेवा का दिया आश्वासन वहीं जिला प्रशासन का कहना है कि बस ऑपरेटरों के साथ इस मुद्दे पर बैठक हो चुकी है और जल्द ही कलेक्टर की अध्यक्षता में एक और बैठक आयोजित की जाएगी। प्रशासन का दावा है कि शहर में जल्द ही ई-बस सेवा शुरू की जाएगी, जिससे आईएसबीटी तक सस्ती और सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। इसके बाद उम्मीद है कि निजी बस ऑपरेटर भी नए बस टर्मिनल से संचालन शुरू कर देंगे।
Today’s Horoscope: आज आपके सितारे क्या कहते हैं, यह जानने के लिए पढ़ें आज गुरुवार का राशिफल

Today’s Horoscope: युगाब्ध-5126, विक्रम संवत 2082, राष्ट्रीय शक संवत-1947, सूर्योदय 06.44, सूर्यास्त 06.04, ऋतु – शीतचैत्र कृष्ण पक्ष द्वितीया, गुरुवार, 05 मार्च 2026 का दिन आपके लिए कैसा रहेगा। आज आपके जीवन में क्या-क्या परिवर्तन हो सकता है, आज आपके सितारे क्या कहते हैं, यह जानने के लिए पढ़ें आज का भविष्यफल।मेष राशि :- धार्मिक आस्थाएं फलीभूत होंगी। सुख-आनंद कारक समय है। लाभदायक कार्यों की चेष्टाएं प्रबल होंगी। बुद्घितत्व की सक्रियता से अल्प लाभ का हर्ष होगा। कुछ महत्वपूर्ण कार्य बनाने के लिए भाग-दौड़ रहेगी। सुखद समय की अनुभूतियां प्रबल होगी। कार्यक्षेत्र में स्थिति सामान्य ही रहेगी। शुभांक-2-4-6वृष राशि :– घर के सदस्य मदद करेंगे और साथ ही आर्थिक बदहाली से भी मुक्ति मिलने लगेगी। बढ़ते घाटे से कुछ राहत मिलने लगेगी। हाथ में आने वाला धन भी किसी अवरोध का शिकार हो जाएगा। व्यापार में स्थिति उत्तम रहेगी। नौकरी में पदोन्नति की संभावना है। धार्मिक यात्रा का योग है। शुभांक-5-7-9मिथुन राशि :- चापलूस मित्रों से सावधानी रखें तो ज्यादा उत्तम है। व्यापार में स्थिति नरम रहेगी। शत्रुभय, ङ्क्षचता, संतान को कष्ट, अपव्यय के कारण बनेंगे। संतोष रखने से सफलता मिलेगी। नौकरी में स्थिति सामान्य ही रहेगी। सब्र का फल मीठा होता है अत:धैर्य रखें व अच्छे समय इन्तजार करें। शुभांक-4-6-8कर्क राशि :- थोड़े प्रयास से कार्य सिद्घ होंगे। घर-परिवार में मांगलिक कार्य सम्पन्न होने से वातावरण आनन्द देने वाला बना रहेगा। बाहरी और अंदरूनी सहयोग मिलता चला जाएगा। सुबह-सुबह की महत्त्वपूूर्ण सिद्घि के बाद दिन-भर उत्साह बना रहेगा। शुभ कार्यों का तत्काल फल मिलेगा। शुभांक-5-7-8सिंह राशि :- पारिवारिक परेशानी बढ़ेगी। कुछ प्रतिकूल गोचर का क्षोभ दिन-भर रहेगा। माहौल आडंबरपूर्ण और व्ययकारी होगा। वरिष्ठ लोगों से कहासुनी वातावरण में तनाव पैदा करेंगे। संयमित भाषा का इस्तेमाल करें। आवेग में आकर किये गए कार्यों का म्लान, अवसाद रहेगा। अपने काम को प्राथमिकता से करें। शुभांक-6-8-9कन्या राशि :- प्रतिष्ठा बढ़ाने के लिए कुछ सामाजिक कार्य संपन्न होंगे। कई प्रकार के हर्ष उल्लास के बीच अप्रत्याशित लाभ होंगे। आमोद-प्रमोद का दिन होगा और व्यावसायिक प्रगति भी होगी। स्वास्थ्य और जीवन स्तर में सुधार की अपेक्षा रहेगी। ज्ञान-विज्ञान की वृद्घि होगी और सज्जनों का साथ भी रहेगा। शुभांक-7-8-9तुला राशि :- कहीं रुका हुआ पैसा वसूलने में मदद मिल जाएगी। व्यर्थ प्रपंच में समय नहीं गंवाकर अपने काम पर ध्यान दीजिए। अपने हित के काम सुबह-सवेरे निपटा लें। पूर्व नियोजित कार्यक्रम सरलता से संपन्न हो जाएंगे। व्यापार व व्यवसाय में स्थिति उत्तम रहेगी। माता-पिता के स्वास्थ्य की चिन्ता रहेगी। शुभांक-5-8-9वृश्चिक राशि :- पत्नी व संतान पक्ष से थोड़ी चिंता रहेगी। व्यापार व व्यवसाय में ध्यान देने से सफलता मिलेगी। बुरी संगति से बचें। अपनों का सहयोग प्राप्त होगा। शिक्षा में आशानुकूल कार्य होने में संदेह है। व्यवसाय में स्थिति उत्तम रहेगी। नौकरी में पदोन्नति की संभावना। मित्रों से सावधानी रखें तो ज्यादा उत्तम है। शुभांक-1-3-5धनु राशि :- शारीरिक सुख के लिए व्यसनों का त्याग करें। संतान पक्ष की समस्या समाप्त होगी। पठन-पाठन में स्थिति कमजोर रहेगी। खान-पान में सावधानी रख। कामकाज में आ रहा अवरोध दूर होकर प्रगति का रास्ता मिल जाएगा। मान-सम्मान में वृद्घि होगी। अच्छे कार्य के लिए रास्ते बना लेंगे। शुभांक-2-4-6मकर राशि :- रुपये-पैसों की सुविधा नहीं मिल पाएगी। कामकाज सीमित तौर पर ही बन पाएंगे। स्वास्थ्य का पाया भी कमजोर बना रहेगा। यात्रा प्रवास का सार्थक परिणाम मिलेगा। मेल-मिलाप से काम बनाने की कोशिश लाभ देगी। अपने काम में सुविधा मिल जाने से प्रगति होगी। राजकीय कार्यों से लाभ। शुभांक-3-5-7कुम्भ राशि :- आगे बढऩे के अवसर लाभकारी सिद्घ हो रहे है। समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा। नवीन जिम्मेदारी बढऩे के आसार रहेंगे। यात्रा शुभ रहेगी। अपने काम को प्राथमिकता से करें। आशा और उत्साह के कारण सक्रियता बढ़ेगी। कुछ आर्थिक संकोच पैदा हो सकते है। भाई-बहनों का प्रेम बढ़ेगा। शुभांक-4-7-9मीन राशि :- महत्वपूर्ण कार्य को समय पर बना लें तो अच्छा ही होगा। आशा और उत्साह के कारण सक्रियता बढ़ेगी। आगे बढऩे के अवसर लाभकारी सिद्घ हो रहे है। कुछ आर्थिक संकोच पैदा हो सकते है। कोई प्रिय वस्तु अथवा नवीन वस्त्राभूषण प्राप्त होंगे। सभा-गोष्ठियों में मान-सम्मान बढ़ेगा। शुभांक-4-8-9