T20 WORLD CUP: T20 वर्ल्ड कप फाइनल के लिए टीम इंडिया की प्लेइंग 11 बदलेगी!अभिषेक का क्या होगा?

T20 WORLD CUP: अहमदाबाद । अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में टीम इंडिया रविवार (8 मार्च) को T20 वर्ल्ड कप 2026 के खिताब के लिए न्यूजीलैंड का सामना करेगी. भारत ने T20 वर्ल्ड कप मैचों में न्यूजीलैंड को कभी नहीं हराया है, दोनों टीमों के बीच हुए तीनों मैच न्यूजीलैंड ने जीते हैं. ऐसे में भारत के लिए सुपर संडे (8 मार्च) को होने वाला फाइनल मुकाबला किसी बड़ी जंग से कम नहीं होगा. वैसे ओवरऑल दोनों ही देशों के बीच कुल 30 टी20 मैच हुए हैं, जहां भारतीय टीम ने 16 मैच जीते हैं, 11 मैच न्यूजीलैंड के नाम रहे हैं. और 3 मैच टाई रहे, इन 3 टाई में दो भारतीय टीम बाद (सुपर ओवर) में जीती और एक DLS (डकवर्थ लुईस ) मैथड की वजह से टाई पर छूटा है. भारतीय टीम ने सेमीफाइनल में इंग्लैंड की टीम को गुरुवार (5 मार्च) को इंग्लैड को 7 रनों से हराया. भारत ने 253/7 का भारी भरकम स्कोर खड़ा किया. जवाब में इंग्लैंड की टीम ने भी 246/7 का स्कोर खड़ा कर दिया . इस मुकाबले में भारतीय बल्लेबाजों ने दमदार प्रदर्शन किया, संजू सैमसन ने 42 गेंदों पर 89 रन बनाए. बाकी बल्लेबाजों ने भी जमकर हाथ खोले. हालांकि इस मुकाबले में भारतीय गेंदबाजों ने निराश किया. अर्शदीप सिंह ने 4 ओवर्स में 51 रन दिए और 1 विकेट लिया. वहीं वरुण चक्रवर्ती ने तो 4 ओवर्स में 64 रन दिए और उनको महज एक विकेट लिया. उनके फॉर्म ने सबसे ज्यादा निराश किया, इसके बाद सवाल उठ रहे हैं क्या भारतीय टीम की प्लेइंग 11 में बदलाव होगा? क्या पूरे टूर्नामेंट में बेंच पर बैठे कुलदीप यादव को मौका मिलेगा. वहीं अभिषेक शर्मा का भी फॉर्म चिंताजनक है.वरुण की गेंदबाजी पर इरफान पठान, अक्षर पटेल ने क्या कहा? हालांकि, वरुण इस वर्ल्ड कप में भारतीय टीम के लिए सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं. उन्होंने 8 मैचों में 28 ओवर्स में 248 रन देकर 13 विकेट लिए हैं. इसमें उनका एवरेज 19.07 है और उनका 8.85 का इकोनॉमी रेट रहा है. अक्षर ने कहा- हमने इस मुद्दे पर बात की है, खासकर चक्रवर्ती को हो रही परेशानी को लेकर. हमने कई नॉकआउट मैच खेले हैं, इसलिए मजबूत मानसिकता बहुत जरूरी होती है. हमें पता है कि उसके पास पूरी स्किल है. हम उसे यही समझाते हैं कि अगर आपके खिलाफ रन बन भी रहे हों, तब भी अपने प्लान से नहीं हटना चाहिए. उसका प्लान स्टंप्स पर गेंदबाजी करने का था, लेकिन बीच में उसने लाइन बदल ली. दबाव में ऐसी गलतियां हो जाती हैं. फिर भी हम उसे लगातार कहते हैं कि वह हमारी टीम का एक्स-फैक्टर है. उसे खुद पर भरोसा रखना चाहिए, क्योंकि गेंदबाजी में सबसे ज्यादा अहम चीज कॉन्फिडेंस ही होता है. वहीं इरफान पठान ने भी वरुण का सपोर्ट करते हुए अहम बात कही. पठान ने कहा- अब अगली चुनौती फाइनल में न्यूजीलैंड से है. टीम इंडिया को स्ट्रैटजी बहुत ध्यान से बनाने की आवश्यकता है. इसमें एक अहम फैक्टर वरुण चक्रवर्ती सही फ्रेम ऑफ माइंड में लाना भी होगा. उनका कॉन्फिडेंस अभी काफी दिख रहा है.पठान ने आगे कहा- अगर मैं इंडियन कैम्प का हिस्सा होता तो मैं उन्हें दो दिनों के लिए पूरी तरह से स्विच ऑफ करा देता. मैं उन्हें ज्यादा लोगों से बात नहीं करने देता. न ही उन्हें ग्राउंड पर आने देता. उन्हें फ्रेश माइंड और पॉजिटिव एनर्जी के साथ सीधा फाइनल में लाता. मैं यही मानता हूं कि एक दिन के प्रैक्टिस में वैसे भी कुछ नहीं बदलने वाला नहीं है. न्यूजीलैंड के खिलाफ वरुण का रिकॉर्ड न्यूजीलैंड के खिलाफ वरुण के प्रदर्शन की बात करें, तो उनके आंकड़े ज्यादा खास नहीं रहे हैं. उन्होंने अब तक 4 टी20 मैचों में न्यूजीलैंड के खिलाफ 4 विकेट लिए हैं. इस दौरान उनका एवरेज 32.75 और इकोनॉमी रेट 8.18 रहा है.वहीं नरेंद्र मोदी स्टेडियम में उनका रिकॉर्ड बेहतर है. यहां खेले 3 मैचों में उन्होंने 8 विकेट लिए हैं. इस दौरान उनका एवरेज 14.25 और इकोनॉमी रेट 8.25 रहा है. क्या अभिषेक शर्मा को मिलेगा मौका? टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय टीम के ओपनर और दुनिया के नंबर-1 टी20 बल्लेबाज अभिषेक शर्मा का प्रदर्शन अब तक उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा है. अभिषेक का बल्ला मौजूदा टूर्नामेंट में लगभग खामोश ही रहा है. सेमीफाइनल में भी इंग्लैंड के खिलाफ वह बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे, जिससे उनकी टीम में होने पर सवाल उठ रहे हैं. वानखेड़े स्टेडियम में सेमीफाइनल में अभिषेक शर्मा सिर्फ 9 रन बनाकर ऑफ-स्पिनर विल जैक्स की गेंद पर फिल साल्ट के हाथों मिडविकेट पर लपके गए. 7 मार्च 2026 बैंक अपडेट: शनिवार को बैंक खुलेंगे या बंद, राज्यवार जानकारी जिम्बाब्वे के खिलाफ उन्होंने 55 रन जरूर बनाए, लेकिन उनका फॉर्म फिर गड़बड़ा गया. इस टी20 वर्ल्ड कप में अभिषेक ने 7 पारियों में 12.71 की खराब एवरेज से 89 रन बनाए हैं.हालांकि हरभजन सिंह ने उनका सपोर्ट किया है, और कहा कि उनको बाहर नहीं बैठाना चाहिए. वहीं अभिषेक का संजू सैमसन ने भी समर्थन किया. उन्होंने कहा, मेरे हिसाब से उसने अपने करियर में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं. अभी वह खराब दौर से निकलने की कोशिश कर रहा है और पूरी टीम उसके साथ खड़ी है. इस फॉर्मेट में बस दो-तीन अच्छे शॉट लगते ही मैच और खिलाड़ी दोनों बदल सकते हैं. हमें अब भी उस पर पूरा भरोसा है और मुझे लगता है कि फाइनल में उसका दिन हो सकता है. इस बीच भारतीय बल्लेबाजी क्रम में बदलाव को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं. कुछ पूर्व खिलाड़ियों ने यह सुझाव दिया है कि मिडिल ऑर्डर को मजबूत करने के लिए रिंकू सिंह को टीम में शामिल किया जाए, जबकि ईशान किशन को संजू सैमसन के साथ ओपनिंग के लिए भेजना सही रहेगा. वैसे अब सबकी नजर अहमदाबाद में होने वाले फाइनल पर है. अगर अभिषेक शर्मा उस मैच में बड़ी पारी खेलने में सफल होते हैं, तो सारी बातें पुरानी हो जाएंगी. जबलपुर में अंधविश्वास का ‘खूनी’ खेल: जादू-टोना के शक में सगे भांजे ने कुल्हाड़ी से अलग किया मामा का सिर अहमदाबाद में भारत और न्यूजीलैंड की प्लेइंग 11 कैसी रहेगी वैसे देखा जाए तो
कमल हासन पर लिलिपुट का चौंकाने वाला खुलासा मेरी जिंदगी का दर्द बना अप्पू राजा की कहानी

नई दिल्ली। मिर्जापुर में दद्दा के किरदार से पहचान बनाने वाले वरिष्ठ अभिनेता लिलिपुट ने हाल ही में एक ऐसा खुलासा किया है जिसने फिल्मी दुनिया में चर्चा छेड़ दी है। करीब पांच दशक से फिल्म इंडस्ट्री में सक्रिय लिलिपुट का कहना है कि सुपरस्टार कमल हासन ने उनकी असल जिंदगी के दर्द और दिल टूटने की कहानी को अपनी मशहूर फिल्म अप्पू राजा में इस्तेमाल किया था। हालांकि उन्हें इसके लिए कभी कोई क्रेडिट नहीं मिला। लिलिपुट जिनका असली नाम एमएम फारुकी है उन्होंने एक इंटरव्यू में बताया कि उनकी और कमल हासन की दोस्ती फिल्म सागर की शूटिंग के दौरान शुरू हुई थी। उस समय फिल्म की कास्टिंग के दौरान कमल हासन उन्हें ढूंढ रहे थे। जब लिलिपुट पृथ्वी थिएटर पहुंचे तो उन्हें बताया गया कि कमल हासन खुद उन्हें बुला रहे हैं। पहले तो उन्हें विश्वास ही नहीं हुआ और उन्हें लगा कि कोई मजाक कर रहा है। जब वे कमल हासन से मिलने उनके होटल पहुंचे तो अभिनेता ने बेहद गर्मजोशी से उनका स्वागत किया। कमल हासन ने उनसे कहा कि वे फिल्म सागर बना रहे हैं और उसमें उनके किरदार के बराबर का एक खास रोल है जिसके लिए उन्हें कद में छोटा कलाकार चाहिए। इसके बाद उन्होंने लिलिपुट को निर्देशक रमेश सिप्पी से मिलने के लिए कहा। फिल्म की शूटिंग के दौरान दोनों कलाकारों के बीच गहरी दोस्ती हो गई। लिलिपुट के अनुसार कमल हासन अक्सर उनके साथ घंटों बैठकर बातें करते थे। वह उनके जीवन के अनुभवों कॉमा सोच और मनोविज्ञान को समझने की कोशिश करते थे। इतना ही नहीं वे उनकी कई तस्वीरें भी लिया करते थे। इसी दौरान लिलिपुट ने अपनी निजी जिंदगी के कई किस्से कमल हासन के साथ साझा किए थे जिनमें उनकी लव स्टोरी और दिल टूटने की कहानी भी शामिल थी। लिलिपुट का दावा है कि कमल हासन ने उन्हीं भावनात्मक अनुभवों को बाद में अपनी कल्ट फिल्म अप्पू राजा के इमोशनल हिस्से में शामिल कर लिया। उनके अनुसार फिल्म में दिखाया गया हार्टब्रेक वाला ट्रैक असल में उनकी ही जिंदगी की कहानी से प्रेरित था। हालांकि जब उनसे पूछा गया कि क्या कमल हासन ने कभी सार्वजनिक रूप से इस बात को स्वीकार किया या उन्हें इसका श्रेय दिया तो लिलिपुट ने साफ तौर पर कहा कि ऐसा कभी नहीं हुआ। फिर भी उन्होंने माना कि जिस खूबसूरती से उनकी भावनाओं को पर्दे पर उतारा गया वह काबिले तारीफ था। इंटरव्यू में लिलिपुट ने अपने करियर से जुड़ा एक दिलचस्प और भावुक किस्सा भी साझा किया। उन्होंने बताया कि एक समय ऐसा था जब वह खुद को अमिताभ बच्चन के लिए अनलकी मानते थे। दरअसल कई बार ऐसा हुआ कि उनके साथ अमिताभ बच्चन की फिल्में शुरू होने से पहले ही बंद हो गईं। इसी वजह से उनके मन में यह अंधविश्वास बैठ गया था। जब उन्हें साल 2005 में फिल्म बंटी और बबली में काम करने का मौका मिला तो उन्होंने मजाक में निर्देशक शाद अली से कहा था कि कहीं उनके कारण फिल्म को भी कोई परेशानी न हो जाए। लेकिन शाद अली ने उनकी बात को हंसी में उड़ा दिया और कहा कि वह ऐसी बातों पर विश्वास नहीं करते। आखिरकार फिल्म रिलीज हुई और सुपरहिट साबित हुई। इसके साथ ही लिलिपुट का अमिताभ बच्चन के साथ काम करने का सपना भी पूरा हो गया और उनका पुराना डर भी खत्म हो गया
America Iran attack: अमेरिका-इजराइल बनाम ईरान जंग: आज रात हो सकता है अब तक का सबसे बड़ा हमला, मिसाइल लॉन्चर और फैक्ट्रियां तबाह?

America Iran attack: नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जंग का आठवां दिन है। अमेरिका के वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने शनिवार को फॉक्स न्यूज से बातचीत में चेतावनी दी कि आज रात ईरान पर अब तक का सबसे बड़ा हमला किया जाएगा। इस हमले का उद्देश्य ईरान के मिसाइल लॉन्चर और मिसाइल निर्माण फैक्ट्रियों को नष्ट करना बताया जा रहा है, जिससे देश की मिसाइल क्षमता कमजोर हो जाएगी। वहीं शुक्रवार देर रात इजराइल ने तेहरान मेहराबाद एयरपोर्ट पर हवाई हमला किया, जिसके बाद आग और धुएं का गुबार उठता देखा गया। इस हमले के पीछे रूस का खुफिया समर्थन भी सामने आया है, जो ईरान को अमेरिकी युद्धपोतों और विमानों की लोकेशन की जानकारी प्रदान कर रहा है। ईरानी युद्धपोत भारत में रुका ईरान का युद्धपोत IRIS लावन तकनीकी खराबी के कारण 1 मार्च से कोच्चि बंदरगाह पर रुका हुआ है। इसमें सवार 183 क्रू मेंबर फिलहाल भारतीय नौसेना की सुविधाओं में ठहरे हैं। यह जहाज हाल ही में आयोजित अंतरराष्ट्रीय नौसैनिक अभ्यास IFR 2026 और MILAN 2026 में शामिल था। अमेरिका-इजराइल हमलों का आंकड़ा अमेरिका लगभग $151.8 मिलियन के हथियार देगा इजराइल को। ईरान में अब तक 1,332 मौतें। 1,300 हमले और 14 मेडिकल सेंटर निशाना बने। ईरान के लगभग 300 मिसाइल लॉन्चर तबाह। कई शहरों में पानी और बिजली की सप्लाई ठप। इजराइल के अनुमान के मुताबिक अब तक ईरान ने लगभग 200 मिसाइलें दागी हैं, जबकि 1,000 मिसाइलों की संभावना थी। सऊदी अरब और खाड़ी देशों में हालात सऊदी अरब के प्रिंस सुल्तान एयरबेस पर मिसाइल हमला रोका गया; दो बैलिस्टिक मिसाइलें इंटरसेप्ट कर नष्ट की गईं। देश के दक्षिणी हिस्से में चार ड्रोन भी मार गिराए गए। पाकिस्तान पर असर ईरान-इजराइल जंग का असर पाकिस्तान पर भी दिख रहा है। पाकिस्तान की दक्षिण-पश्चिम सीमा लगभग 900 किलोमीटर तक ईरान से लगी है। हाल ही में पाकिस्तान ने सऊदी अरब के साथ औपचारिक पारस्परिक रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। ईरान का जवाब ईरान ने रात भर कम से कम 5 बैलिस्टिक मिसाइलें इजराइल की ओर दागीं। इसके चलते लाखों इजराइली नागरिकों को बम शेल्टर में रहना पड़ा। विश्लेषकों का मानना है कि ईरान इजराइल पर लगातार मिसाइलें दागकर सरकार पर दबाव बढ़ाना चाहता है।
निवेशकों के चार दिन में 13 लाख करोड़ रुपये डूबे, ईरान-इजरायल युद्ध के बीच शेयर बाजार में कोहराम

नई दिल्ली। ईरान-इजरायल युद्ध के लगातार खिंचने के असर से भारतीय शेयर बाजार में पिछले चार कारोबारी सत्रों में भारी गिरावट आई है। निवेशकों की कुल संपत्ति इस दौरान 13 लाख करोड़ रुपये से अधिक घट गई है। कारोबारी हफ्ते के आखिरी दिन शुक्रवार को भी सेंसेक्स और निफ्टी में 1 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई। निफ्टी 315.45 अंक गिरकर 24,450.45 पर बंद हुआ जबकि सेंसेक्स करीब 1100 अंक टूटकर 79,000 के नीचे बंद हुआ। शुक्रवार को ही लगभग 3 लाख करोड़ का मार्केट कैप स्वाहा हो गया। बैंकिंग और बड़े शेयरों पर दबाव सबसे अधिक दबाव ICICI बैंक के शेयर पर रहा जो 3.39 प्रतिशत गिरा। इसके अलावा एक्सिस बैंक अल्ट्राटेक सीमेंट HDFC बैंक और SBI के शेयरों में भी 2 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली। बीएसई में लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैप 27 फरवरी को 463.25 लाख करोड़ रुपये था जो अब घटकर 449.79 लाख करोड़ रुपये रह गया है। विशेषज्ञों के मुताबिक पिछले कुछ दिनों में विदेशी संस्थागत निवेशकों FII ने भारतीय बाजार में भारी बिकवाली की है। वैश्विक अनिश्चितता के कारण विदेशी निवेशक अक्सर सुरक्षित बाजारों की ओर रुख करते हैं जिससे उभरते बाजारों जैसे भारत में दबाव बढ़ जाता है। इसके अलावा कच्चे तेल की बढ़ती कीमत और रुपये की कमजोरी ने भी बाजार की गिरावट को तेज किया। शुक्रवार को ब्रेंट क्रूड की कीमत 86 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई। लार्ज-कैप और 52-वीक लो पर शेयर चार दिन की बिकवाली में सबसे अधिक दबाव बड़े शेयरों यानी लार्ज-कैप स्टॉक्स पर पड़ा जिससे सेंसेक्स में ज्यादा गिरावट आई। बीएसई 500 इंडेक्स के कई शेयर अपने 52-हफ्ते के निचले स्तर पर आ गए। इनमें ACC अंबुजा सीमेंट एल्काइल एमिन्स केमिकल्स साइएंट बर्जर पेंट्स इंडिया कोहांस लाइफसाइंसेज इंद्रप्रस्थ गैस एडब्ल्यूएल एग्री बिजनेस बिरला कॉर्पोरेशन जेके लक्ष्मी सीमेंट जुबिलेंट फार्मावा प्रॉक्टर एंड गैंबल हाइजीन एंड हेल्थ केयर और सोनाटा सॉफ्टवेयर शामिल हैं। विशेषज्ञों की राय और भविष्य का अनुमान विशेषज्ञों का मानना है कि यह गिरावट करीब 2–3 प्रतिशत के करेक्शन के रूप में देखी जा सकती है। हालांकि ईरान-इजरायल युद्ध के कारण निवेशकों का भरोसा फिलहाल कमजोर पड़ा है और बाजार पहले ही लगभग 8 प्रतिशत टूट चुका है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह स्थिति अवसर भी पैदा कर सकती है। यदि वैश्विक हालात स्थिर होते हैं और विदेशी निवेशकों की बिकवाली कम होती है तो बाजार में फिर से तेजी लौट सकती है। आने वाले दिनों में निवेशकों की नजर कच्चे तेल की कीमतों पश्चिम एशिया की स्थिति विदेशी निवेशकों के रुख और वैश्विक बाजारों के प्रदर्शन पर रहेगी।
Dhurandhar 2: धुरंधर 2 का धमाकेदार ट्रेलर रिलीज रणवीर सिंह बने हमजा अली एक्शन और बदले की कहानी ने बढ़ाया रोमांच

Dhurandhar 2: नई दिल्ली। निर्देशक आदित्य धर की सुपरहिट फिल्म धुरंधर ने पिछले साल दिसंबर में रिलीज होते ही बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त इतिहास रच दिया था और अब उसके सीक्वल धुरंधर 2 द रिवेंज को लेकर दर्शकों के बीच उत्साह चरम पर पहुंच चुका है। हाल ही में फिल्म का दमदार ट्रेलर रिलीज किया गया है जिसने सोशल मीडिया पर धूम मचा दी है और फैंस इसे पहले से ही ब्लॉकबस्टर बता रहे हैं। ट्रेलर में जबरदस्त एक्शन कॉमा इमोशन और देशभक्ति की झलक देखने को मिलती है जिसने दर्शकों के रोंगटे खड़े कर दिए हैं। फिल्म में रणवीर सिंह एक बार फिर अपने दमदार अवतार में दिखाई दे रहे हैं। कहानी में वह एक रॉ एजेंट के रूप में मिशन पर निकलते हैं और हमजा अली नाम के गैंगस्टर का रूप धारण कर दुश्मनों के नेटवर्क को जड़ से खत्म करने की कोशिश करते हैं। ट्रेलर में दिखाए गए एक्शन सीक्वेंस कॉमा तेज रफ्तार कहानी और बड़े स्तर की सिनेमैटोग्राफी ने लोगों का ध्यान खींच लिया है। सोशल मीडिया पर ट्रेलर को लेकर जबरदस्त प्रतिक्रियाएं आ रही हैं और कई फैंस इसे साल की सबसे बड़ी फिल्म बता रहे हैं। धुरंधर की सफलता ने रणवीर सिंह के करियर को एक नई ऊंचाई दी थी। फिल्म ने भारत में करीब 838 करोड़ रुपये का शानदार कारोबार किया था जबकि दुनियाभर में इसकी कमाई 1300 करोड़ रुपये से भी ज्यादा पहुंच गई थी। इतनी बड़ी सफलता के बाद मेकर्स को उम्मीद है कि इसका सीक्वल पहले भाग के सभी रिकॉर्ड तोड़ सकता है। फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसकी मजबूत स्टारकास्ट भी है। रणवीर सिंह के साथ संजय दत्त कॉमा अर्जुन रामपाल कॉमा अक्षय खन्ना कॉमा आर माधवन और राकेश बेदी जैसे कलाकार फिल्म में अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। संजय दत्त एक सख्त पुलिस अफसर की भूमिका निभाते दिखाई देते हैं जबकि अर्जुन रामपाल का खतरनाक विलेन अवतार कहानी में रोमांच बढ़ाता है। वहीं अक्षय खन्ना की दमदार अदाकारी और आर माधवन की गंभीर मौजूदगी फिल्म की कहानी को संतुलित बनाती है। फिल्म के संगीत की जिम्मेदारी शाश्वत सचदेव ने संभाली है और ट्रेलर में ही इसके बैकग्राउंड म्यूजिक ने दर्शकों को प्रभावित किया है। पहले भाग की तरह इस बार भी मेकर्स ने बड़े पैमाने पर एक्शन और ड्रामा पेश करने की तैयारी की है। दिलचस्प बात यह भी रही कि पिछली फिल्म को मिडिल ईस्ट के कुछ देशों में बैन कर दिया गया था लेकिन इसके बावजूद वहां इसकी लोकप्रियता इतनी बढ़ गई कि कई दर्शक खास तौर पर भारत आकर फिल्म देखने पहुंचे थे। यही वजह है कि अब सीक्वल को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। अब दर्शकों की निगाहें 19 मार्च पर टिकी हैं जब ईद के मौके पर धुरंधर 2 द रिवेंज सिनेमाघरों में रिलीज होने जा रही है। हालांकि फिल्म को अभी भारत में सेंसर बोर्ड से प्रमाण पत्र मिलना बाकी है। हाल के समय में कुछ फिल्मों को सेंसर की प्रक्रिया के कारण देरी और कट्स का सामना करना पड़ा है इसलिए यह देखना दिलचस्प होगा कि धुरंधर 2 को बिना किसी बड़े बदलाव के रिलीज की मंजूरी मिलती है या नहीं।फिलहाल ट्रेलर ने इतना जरूर साफ कर दिया है कि फिल्म का एक्शन कॉमा कहानी और स्टार पावर दर्शकों को बड़े पर्दे पर एक और जबरदस्त सिनेमाई अनुभव देने के लिए तैयार है।
Andhra Pradesh liquor scam: आंध्र प्रदेश के शराब घोटाले में ED की बड़ी कार्रवाई, 441 करोड़ से अधिक की संपत्तियां अटैच की

Andhra Pradesh liquor scam: हैदराबाद। आंध्र प्रदेश के शराब घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 441 करोड़ रुपए से अधिक की संपत्तियां अटैच कर दी हैं। जांच में आरोप है कि पिछली सरकार के दौरान शराब खरीद और सप्लाई सिस्टम में हेरफेर कर हजारों करोड़ रुपए की रिश्वत ली गई थी।ईडी के अनुसार अटैच की गई संपत्तियों में बैंक बैलेंस फिक्स्ड डिपॉजिट जमीन और अन्य अचल संपत्तियां शामिल हैं। ये संपत्तियां मुख्य आरोपी केसिरेड्डी राजशेखर रेड्डी उनके परिवार और संबंधित कंपनियों से जुड़ी हैं। इसके अलावा अन्य आरोपियों की संपत्तियां जैसे बूनेटी चाणक्य डोनथिरेड्डी वासुदेव रेड्डी और उनके रिश्तेदारों की संपत्तियां भी जब्त की गई हैं।घोटाला उस समय का है जब राज्य में वाई एस जगन मोहन रेड्डी के नेतृत्व वाली सरकार सत्ता में थी। जांच में आरोप है कि शराब दुकानों पर नियंत्रण कर लाखों करोड़ों रुपए की हेराफेरी की गई थी। जांच एजेंसी का आरोप ईडी का कहना है कि साल 2019 के विधानसभा चुनावों के बाद सरकार ने आंध्र प्रदेश स्टेट बेवरेजेज़ कॉर्पोरेशन लिमिटेड के जरिए रिटेल शराब दुकानों पर नियंत्रण स्थापित किया। इसके बाद एक आपराधिक साजिश के तहत ऑटोमेटेड सिस्टम को जानबूझकर बंद कर मैन्युअल सिस्टम लागू किया गया। इस बदलाव से अधिकारियों को सप्लाई ऑर्डर जारी करने की पूरी छूट मिल गई और शराब के कुछ ब्रांड्स को प्राथमिकता दी गई जबकि अन्य को जानबूझकर हटा दिया गया। जांच में आरोप है कि इस घोटाले के जरिए के. राजशेखर रेड्डी बूनेटी चाणक्य मुप्पीडी अविनाश रेड्डी तुकेकुला ईश्वर किरण कुमार रेड्डी पेला दिलीप और सैफ अहमद ने मिलकर करीब 3500 करोड़ रुपए की रिश्वत ली। मनी लॉन्ड्रिंग और डिस्टिलरी का दुरुपयोग ईडी ने बताया कि आरोपियों ने कई डिस्टिलरी पर नियंत्रण स्थापित कर उन्हें स्पेशल पर्पस व्हीकल के रूप में इस्तेमाल किया। इस दौरान राजनीतिक और प्रशासनिक प्रभाव का दुरुपयोग करते हुए अवैध धन को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया गया। डिस्टिलरी को असामान्य रूप से अधिक बिजनेस वॉल्यूम दिया गया और कुछ ब्रांड को विशेष रूप से बाजार में जगह दी गई। इसके अलावा शराब के ट्रांसपोर्टेशन कॉन्ट्रैक्ट में भी हेरफेर कर हर महीने लगभग 100 करोड़ रुपए का अवैध राजस्व कमाया गया। जांच में अब तक करीब 1048.45 करोड़ रुपए के मनी ट्रेल का पता लगाया गया है। ईडी ने कहा कि कई डिस्टिलरी को यह रकम नकद या सोना के रूप में देने के लिए मजबूर किया गया।
मध्य प्रदेश की जेलें ओवरलोड: 30,764 की क्षमता के मुकाबले 42,119 कैदी, आधे से ज्यादा अंडर ट्रायल

भोपाल। मध्य प्रदेश की जेलें हाल ही में कैदियों की बढ़ती संख्या के दबाव में हैं। विधानसभा में पूछे गए एक सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी सामने आई कि प्रदेश की 133 जेलों में कुल 30,764 कैदियों की क्षमता होने के बावजूद वर्तमान में 42,119 कैदी बंद हैं। इसका मतलब है कि करीब 12 हजार कैदी अतिरिक्त हैं और जेलें अपनी क्षमता से लगभग 35 प्रतिशत अधिक लदी हुई हैं। जेलों में भीड़ का आंकड़ाबड़ी जेलों में भीड़ सबसे ज्यादा देखने को मिल रही है। रीवा सेंट्रल जेल की क्षमता केवल 886 है, लेकिन यहां 2,282 कैदी बंद हैं, यानी 1,396 कैदी अतिरिक्त हैं। इंदौर सेंट्रल जेल में 1,280 की क्षमता के मुकाबले 2,191 कैदी हैं, जबकि भोपाल सेंट्रल जेल में 2,641 की क्षमता के लिए 3,454 कैदी बंद हैं। ये आंकड़े दर्शाते हैं कि मध्य प्रदेश की जेलों में भीड़ का स्तर खतरनाक सीमा पर है। अंडर ट्रायल कैदियों की संख्याप्रदेश की जेलों में बंद लगभग आधे कैदी अंडर ट्रायल हैं, यानी उन्हें अभी तक अदालत से सजा नहीं मिली। कुल 42,119 कैदियों में से 22,261 विचाराधीन हैं, यानी 52.85 प्रतिशत। इन अंडर ट्रायल कैदियों में 21,410 पुरुष और 851 महिला शामिल हैं। जिला जेलों में यह संख्या और भी अधिक है, जहां 10,002 पुरुष और 516 महिला कैदी विचाराधीन हैं। इन आंकड़ों से यह साफ है कि मध्य प्रदेश की जेल प्रणाली पर अत्यधिक दबाव है और ओवरलोडिंग की समस्या गंभीर रूप ले चुकी है।
Cruel grandson: रिश्तों का ‘कसाई’: पार्टी के बहाने बेटे को हटाया, फिर दादी से दरिंदगी कर दांतों से काट डाला चेहरा

Cruel grandson: राजगढ़। मर्यादा, ममता और रिश्तों के कत्ल की एक ऐसी वीभत्स कहानी राजगढ़ के भोजपुर इलाके से सामने आई है, जिसने मानवीय संवेदनाओं को झकझोर कर रख दिया है। ग्राम घाटाखेड़ी में एक कलयुगी पोते ने अपनी ही बुजुर्ग दादी को हवस का शिकार बनाया और विरोध करने पर उनके चेहरे को दांतों से नोचकर मौत के घाट उतार दिया। यह वारदात केवल एक अपराध नहीं, बल्कि हैवानियत की वो पराकाष्ठा है जिसे सुनकर पत्थर दिल भी पसीज जाए। घटना की पटकथा 3 मार्च 2026 की रात को लिखी गई, जब आरोपी रामनिवास भील ने एक सुनियोजित साजिश रची। उसने अपनी बुजुर्ग दादी पर लंबे समय से गंदी नजर रखी हुई थी। उस रात उसने एक मुर्गा खरीदा और ‘मुर्गा पार्टी’ का लालच देकर बुजुर्ग के बेटे (अपने चाचा) को खेत पर बुला लिया। जब बेटा पार्टी में मशगूल हो गया, तो रामनिवास चुपके से वहां से निकला और उस टापरी (झोपड़ी) पर जा पहुँचा जहाँ बुजुर्ग महिला अकेली थी। खौफनाक मंजर तब शुरू हुआ जब आरोपी ने आवाज देकर अपनी दादी को बाहर बुलाया और जबरन खींचकर गेहूं के खेत में ले गया। वहां उसने बुजुर्ग महिला के साथ दुष्कर्म (Rape) किया। जब बेबस दादी ने अपनी अस्मत बचाने के लिए शोर मचाया और विरोध किया, तो रामनिवास के भीतर का शैतान जाग उठा। उसने क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए अपने दांतों से महिला की नाक और मुंह को बुरी तरह काट लिया। तड़पती हुई बुजुर्ग को लहूलुहान हालत में छोड़कर आरोपी नग्न अवस्था में ही वहां से भाग निकला। अगली सुबह जब बेटा खेत पर पहुँचा, तो माँ को मरणासन्न स्थिति में पाया, जिन्होंने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस के लिए यह ‘अंधा कत्ल’ एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक केएल बंजारे और भोजपुर थाना प्रभारी संगीता शर्मा की टीम ने वैज्ञानिक साक्ष्यों के जरिए महज 24 घंटे में इस हैवान को बेनकाब कर दिया। घटनास्थल के पास झाड़ियों में छिपा आरोपी का मोबाइल फोन और खून से सनी शर्ट उसके खिलाफ सबसे बड़े गवाह बने। ग्रामीणों ने भी पुष्टि की कि घटना की रात रामनिवास को बिना कपड़ों के भागते देखा गया था, जिसके शरीर पर खून के निशान थे। पूछताछ में जब आरोपी ने अपना जुर्म कबूला, तो पुलिसकर्मी भी दंग रह गए। आरोपी ने बताया कि उसने योजना के तहत ही बेटे को पार्टी में फंसाया था ताकि वह अपनी दरिंदगी को अंजाम दे सके। फिलहाल, पुलिस ने आरोपी रामनिवास को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है और उसके खिलाफ हत्या व बलात्कार की संगीन धाराओं में मामला दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी है।
Iranian ship: IRIS Dena के डूबने से पूर्व भारत ने दूसरे ईरानी जहाज को दी शरण… कोच्चि में 183 क्रू मेंबर्स के ठहरने की व्यवस्था की

Iranian ship: कोच्चि। हिंद महासागर (Indian Ocean) में बढ़ते तनाव के बीच एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है. श्रीलंका के पास एक ईरानी जंगी जहाज (Iranian Warship) के डूबने से कुछ दिन पहले ईरान ने भारत से अपने दूसरे नौसेना के जहाज (Naval Ships) को कोच्चि में तुरंत डॉकिंग (Immediate Docking ) की अनुमति देने का अनुरोध किया था. सूत्रों के अनुसार भारत ने इस अनुरोध को मंजूरी दे दी और जहाज के 183 क्रू मेंबर्स के ठहरने की व्यवस्था भी की है। सरकारी सूत्रों के मुताबिक, ईरानी जहाज IRIS लवन में गंभीर तकनीकी दिक्कतें आ गई थीं. ईरान की ओर से किए गए अनुरोध के बाद 1 मार्च को उसे इमरजेंसी डॉकिंग की अनुमति दे दी गई. बताया जाता है कि ईरानी युद्धपोत IRIS डेना को श्रीलंका के तट के पास एक अमेरिकी सबमरीन द्वारा टॉरपीडो से डुबोए जाने से कुछ दिन पहले ही ईरान ने भारत से संपर्क किया था। IRIS डेना भारत द्वारा आयोजित मिलान मल्टीलेटरल नेवल एक्सरसाइज में हिस्सा लेने के बाद अपने देश लौट रहा था. इस हमले में कम से कम 87 ईरानी नाविकों के मारे जाने की सूचना है. फिलहाल दक्षिण भारत के कोच्चि में नौसेना की सुविधाओं में ईरानी नौसेना के क्रू मेंबर्स ठहराए गए हैं. उनके जहाज की तकनीकी जांच की जा रही है. जहाज को समय रहते सुरक्षित ठिकाना मिल गया। हालांकि, उसका सिस्टर शिप इतनी किस्मत वाला नहीं रहा. IRIS डेना हिंद महासागर में अमेरिकी सबमरीन द्वारा दागे गए टॉरपीडो की चपेट में आकर डूब गया. इस घटना ने क्षेत्र में पहले से बढ़े तनाव को और तेज कर दिया है. यह टकराव ऐसे समय में हुआ है जब ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच तनाव लगातार गहराता जा रहा है और दोनों पक्षों की ओर से हमले जारी हैं. सूत्रों के मुताबिक, यह घटना 4 मार्च को श्रीलंका के गाले बंदरगाह के दक्षिण में करीब 40 नॉटिकल मील दूर अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में हुई. बताया गया कि जंगी जहाज ने सुबह एक डिस्ट्रेस कॉल जारी कर धमाके की सूचना दी थी. हालांकि, जब तक श्रीलंका के बचाव दल मौके पर पहुंचे, तब तक ईरान का जंगी जहाज समुद्र में डूब चुका था और कई क्रू मेंबर्स की मौत हो चुकी थी। हिंद महासागर में हुई इस घटना ने क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर कई नए सवाल खड़े कर दिए हैं. एक तरफ ईरान का एक जंगी जहाज भारत के बंदरगाह में तकनीकी वजहों से शरण लिए हुए है, तो दूसरी ओर उसका सिस्टर शिप समुद्र की गहराइयों में समा चुका है. यह घटनाक्रम इस बात का संकेत है कि पश्चिम एशिया में चल रहा तनाव अब हिंद महासागर क्षेत्र तक असर दिखाने लगा है।
INDIAN EDUCATION POLICY: UN: भारत की नई शिक्षा नीति के समावेशी शिक्षा मॉडल की वैश्विक स्तर पर सराहना

INDIAN EDUCATION POLICY: जिनेवा। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (यूएनएचआरसी) (United Nations Human Rights Council (UNHRC) के 61वें सत्र में भारत की राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 (National Education Policy (NEP) 2020 के समावेशी शिक्षा मॉडल की वैश्विक स्तर पर सराहना की गई है। ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय (Oxford University) के शोधार्थी जैन ह्यूबल ने जेनेवा में परिषद को संबोधित करते हुए कहा कि भारत की यह नीति दिव्यांग बच्चों के अधिकारों को सुरक्षित करने की दिशा में एक सशक्त कदम है। ह्यूबल ने रेखांकित किया कि पारंपरिक परीक्षा-केंद्रित प्रणाली के बजाय भारत अब कौशल और योग्यता आधारित शिक्षा पर जोर दे रहा है। उन्होंने विशेष रूप से अक्षर फाउंडेशन जैसे संगठनों के कार्यों का उल्लेख किया, जो सरकारी स्कूलों के साथ मिलकर दिव्यांग छात्रों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़ रहे हैं। 21 लाख विशेष आवश्यकता वाले छात्रों को बनाया जा रहा सशक्त ह्यूबल के अनुसार सहायक तकनीकों और लचीले शिक्षण रास्तों के माध्यम से भारत के लगभग 21 लाख विशेष आवश्यकता वाले छात्रों को सशक्त बनाया जा रहा है। उन्होंने वैश्विक समुदाय से भारत के इस होलिस्टिक (समग्र) शिक्षा मॉडल को समर्थन देने की अपील की, जो न केवल साक्षरता बल्कि रोजगार और सामाजिक भागीदारी पर भी केंद्रित है। अब समझिए क्या है राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020? बता दें कि भारत की राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 शिक्षा प्रणाली में बड़ा बदलाव लेकर आई है। यह नीति पारंपरिक परीक्षा-केंद्रित मॉडल से हटकर कौशल और योग्यता आधारित शिक्षा पर जोर देती है। एनईपी 2020 का लक्ष्य बच्चों के समान अवसर, समावेशी शिक्षा और नवाचार को बढ़ावा देना है। दिव्यांग छात्रों और पिछड़े क्षेत्रों के लिए विशेष प्रावधान इसके मुख्य हिस्से हैं।