स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्लास्टिक और अन्य अपशिष्ट जलने से हवा प्रदूषित हो रही है, जिससे सांस लेने में तकलीफ हो रही है। बच्चों में लगातार खांसी, आंखों में जलन और सांस लेने में परेशानी जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं।
वार्डवासियों की मांग
निवासियों ने प्रशासन से आग्रह किया है कि,खुले में कचरा जलाने पर तुरंत रोक लगाई जाए।वैज्ञानिक निस्तारण व्यवस्था लागू की जाए।प्रभावित लोगों के लिए स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जाएं।सौंदर्यीकरण योजनाओं से पहले स्वच्छ हवा और सुरक्षित जीवन सुनिश्चित किया जाए।
स्थायी समाधान की तैयारी
मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) आरपी नायक ने बताया कि आग को बुझा दिया गया है और डंप कचरे के किनारे पानी की नली लगाई गई है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि जमाडा में चार एकड़ जमीन लेने की प्रक्रिया चल रही है, जहां शांतिवन का कचरा शिफ्ट किया जाएगा।कचरे के निष्पादन के लिए मशीन भी मंगवाई गई है। सीएमओ ने आश्वासन दिया कि जल्द ही नागरिकों को इस समस्या से राहत मिलेगी।
वार्डवासियों की चेतावनी
निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ, तो वे चरणबद्ध शांतिपूर्ण आंदोलन करेंगे और कचरा गाड़ियों को शांतिवन में प्रवेश करने से रोकेंगे।