मीडिया से बातचीत में हुमायूं ने कहा कि बंगाल में ममता बनर्जी का शासन है और भारतीय संविधान के अनुसार मुसलमानों को भी मस्जिद बनाने का पूरा अधिकार है जैसे अन्य लोग मंदिर या चर्च बनाते हैं। उन्होंने बताया कि 6 दिसंबर 2025 को बाबरी ढांचे के गिराए जाने की वर्षगांठ पर उन्होंने मस्जिद की नींव रखी थी और 11 फरवरी 2026 से निर्माण कार्य शुरू होगा। सुबह 10 बजे लगभग 1200 लोग कुरान पढ़ते हुए निर्माण कार्य में शामिल होंगे। हुमायूं ने दोहराया कि वे किसी दबाव में नहीं आएंगे और किसी से डरते नहीं।
इससे पहले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाबरी ढांचे के पुनर्निर्माण को कयामत के दिन जैसा बताते हुए इसे कभी संभव न होने वाला कहा था। उन्होंने बाराबंकी में कहा था हमने कहा था कि रामलला हम आएंगे मंदिर वहीं बनाएंगे। मंदिर बन गया है। जो लोग कयामत के दिन के आने का सपना देख रहे हैं वे ऐसे ही सड़-गल जाएंगे।
योगी ने आगे कहा कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण 500 वर्षों के बाद संभव हुआ और विपक्षी दल संकट के समय भगवान राम को याद करते हैं बाकि समय भूल जाते हैं। उनका कहना था कि बाबरी मस्जिद का निर्माण अब कभी नहीं होगा।