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Gwalior News: ग्वालियर में दीपावली की रात इन 30 जगहों पर लगी आग, वाहन और गोदाम जलकर हुए खाक

Gwalior News

Gwalior News: ग्वालियर। दीपावली की रात शहर में आतिशबाजी, दीप और शॉर्ट सर्किट के कारण 30 से अधिक जगहों पर आगजनी की घटनाएं सामने आईं। फायर स्टेशन के हेड ऑफिस को रातभर में 30 कॉल्स मिलीं, जबकि सब-स्टेशनों पर भी कई सूचनाएं दर्ज हुईं। अधिकांश आग कचरे या झाड़ियों में लगी, लेकिन सबसे बड़ी घटना जगताप की गोठ में दो मंजिला मकान में हुई। कपड़े का गोदाम जलकर खाक सुबह 4 बजे, मकान की दूसरी मंजिल पर रहने वाली स्मृति जैन ने आग की लपटें देखीं और तुरंत फायर कंट्रोल रूम को सूचना दी। नीचे वाले तल पर कपड़े का गोदाम था, जिससे आग ने विकराल रूप ले लिया। फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। व्यवसायी राजीव जैन और उनके परिवार को सुरक्षित बाहर निकाला। आग पर काबू पाने में करीब तीन घंटे लगे। अन्य घटनाएं निंबालकर की गोठ: आतिशबाजी की चिंगारी से कचरे में लगी आग ने दो कारों को अपनी चपेट में ले लिया और दोनों जलकर खाक हो गईं। गिरवाई महेशपुरा: आतिशबाजी की चिंगारी से एक मकान के पर्दों में आग लगी, जिसे फायर ब्रिगेड ने समय रहते बुझा दिया। कैंसर हिल्स: देर रात झाड़ियों में लगी आग को स्थानीय लोगों ने सूचना देकर दमकल टीम को बुलाया। बलवंत नगर: खाली प्लॉट में कचरे में लगी आग फैल रही थी, जिसे दमकल कर्मियों ने समय रहते रोक दिया। दमकल विभाग के अनुसार, सबसे पहले मौके पर एक दमकल पहुंची, लेकिन आग फैलने के कारण हेड ऑफिस और अन्य उपकेंद्रों से पांच अतिरिक्त दमकल भेजी गई। सुबह 6:30 बजे तक आग पर पूरी तरह काबू पाया गया। शहर में दीपावली की रात के दौरान इन घटनाओं ने नागरिकों में डर और सावधानी का संदेश भी दिया। प्रशासन ने लोगों से आग और आतिशबाजी के प्रति सतर्क रहने की अपील की है। READ MORE: सामूहिक विवाह योजना में नए नियम, अब ये दस्तावेज़ होंगे अनिवार्य

Kanya Vivah Yojana: सामूहिक विवाह योजना में नए नियम, अब ये दस्तावेज़ होंगे अनिवार्य

Jabalpur News

Kanya Vivah Yojana: भोपाल। मुख्यमंत्री कन्या विवाह-निकाह योजना के तहत नवंबर में होने वाले सामूहिक विवाह के लिए भोपाल नगर निगम (BMC) ने नियमों में बदलाव किया है। अब योजना में भाग लेने वाले जोड़ों को आधार-आधारित ई-केवाईसी सत्यापन और समग्र आईडी दोनों अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करने होंगे। नगर निगम अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जिन जोड़ों ने ई-केवाईसी या समग्र पंजीकरण पूरा नहीं किया है, उन्हें सामूहिक विवाह समारोह में शादी या निकाह की अनुमति नहीं दी जाएगी। यह फैसला पिछले आयोजनों में अधूरे और गलत दस्तावेजों के कारण हुई दिक्कतों को देखते हुए लिया गया है। 200 जोड़ों के विवाह की तैयारी इस वर्ष के आयोजन में 200 जोड़ों के विवाह की व्यवस्था की गई है। साथ ही, समारोह के लिए न्यूनतम 11 जोड़ों की उपस्थिति आवश्यक होगी। आवेदन वार्ड और क्षेत्रीय कार्यालयों में लिए जा रहे हैं, लेकिन कई आवेदकों के दस्तावेजों में गड़बड़ियां पाई गई हैं। अपर आयुक्त वरुण अवस्थी ने बताया कि पात्र जोड़े अपने दस्तावेजों का सत्यापन समय रहते पूरा करें ताकि अंतिम समय की परेशानी से बचा जा सके। उन्होंने कहा कि सभी जोड़ों को सुनिश्चित करना होगा कि समग्र पोर्टल पर उनका नाम सही दर्ज हो और आधार ई-केवाईसी पूरी तरह से अपडेट हो। READ MORE: त्योहार के बाद थकान और भारीपन मिटाने के लिए अपनाएं ये 5 डिटॉक्स ड्रिंक

Post-Diwali Detox Tips: त्योहार के बाद थकान और भारीपन मिटाने के लिए अपनाएं ये 5 डिटॉक्स ड्रिंक

Post-Diwali Detox Tips

Post-Diwali Detox Tips: दीवाली के बाद कई लोगों को पेट में भारीपन, आलस और एसिडिटी की समस्या होने लगती है। मिठाइयों और तले-भुने खाने से शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा पड़ जाता है। वहीं पाचन तंत्र पर असर पड़ता है। ऐसे में अब वक्त है अपने शरीर को अंदर से क्लीन करने का… इसके लिए आपको महंगे डिटॉक्स प्रोडक्ट्स की जरूरत नहीं …आपकी रसोई में ही हैं ऐसे 5 हेल्दी ड्रिंक्स जो शरीर को हल्का, एनर्जेटिक और साफ महसूस कराएंगे। 1. नींबू-शहद का गर्म पानी(Lemon-Honey Warm Water) सुबह खाली पेट एक गिलास गुनगुने पानी में आधा नींबू और एक चम्मच शहद मिलाकर पिएं। यह ड्रिंक पाचन सुधारने के साथ शरीर से टॉक्सिन्स निकालता है। नींबू में मौजूद विटामिन-C इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाता है, जबकि शहद एंटी-बैक्टीरियल गुणों से पेट को शांत करता है। 2. जीरा-धनिया-सौंफ का पानी (Cumin-Coriander-Fennel Water) आयुर्वेद में इसे सबसे असरदार डिटॉक्स ड्रिंक माना गया है। ये तीनों मसाले गैस, ब्लोटिंग और एसिडिटी जैसी समस्याओं को तुरंत खत्म करते हैं। रात को आधा-आधा चम्मच जीरा, धनिया और सौंफ एक गिलास पानी में भिगो दें, सुबह इस पानी को छानकर पी लें। 3. हल्दी-अदरक की चाय (Turmeric-Ginger Tea) त्योहारों के बाद शरीर में थकान और गले में खराश आम बात है। हल्दी में एंटी-इंफ्लेमेटरी तत्व होते हैं और अदरक पाचन को बेहतर करता है। एक कप पानी में थोड़ा अदरक और एक चौथाई चम्मच हल्दी डालकर उबालें। फिर छानकर पिएं। यह ड्रिंक शरीर की सूजन और थकान दोनों को कम करती है। 4. खीरा-पुदीना वाटर (Cucumber-Mint Water) यह ड्रिंक शरीर को ठंडक और हाइड्रेशन देती है। एक जग पानी में खीरे के स्लाइस और पुदीने की पत्तियां डालकर फ्रिज में रखें और दिनभर थोड़ा-थोड़ा पीते रहें। 5. सेब का सिरका (ACV) ड्रिंक (Apple Cider Vinegar (ACV) Drink) एक गिलास गुनगुने पानी में एक चम्मच एप्पल साइडर विनेगर और एक चुटकी दालचीनी मिलाएं। यह ड्रिंक ब्लड शुगर को नियंत्रित करने और पाचन एंजाइम बढ़ाने में मदद करती है। ध्यान रखें, डिटॉक्स करने का मतलब सिर्फ खाना छोड़ना नहीं है। इसका मकसद है शरीर को अंदर से क्लीन और न्यूट्रिशन से भरना। अगर आप अगले 5-7 दिन इन ड्रिंक्स को अपनी डाइट में शामिल करते हैं, तो आपका शरीर फिर से हल्का और एनर्जेटिक महसूस करेगा।

MP Weather: चक्रवाती दबाव से 24 अक्टूबर तक बरसात के आसार, नवंबर से बढ़ेगी ठंड

MP Weather Update

MP Weather: मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवाती दबाव के असर से राज्य के कई हिस्सों में अगले चार दिनों तक हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने 24 अक्टूबर तक भोपाल, इंदौर, जबलपुर, सागर और नर्मदापुरम संभाग के जिलों के लिए चेतावनी जारी की है। दक्षिणी जिलों में बारिश का अलर्ट मंगलवार को हरदा, बैतूल, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, डिंडोरी, पांढुर्णा और बालाघाट में बारिश के साथ बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया गया है। 22 अक्टूबर को चक्रवात का असर बढ़ने से इंदौर, भोपाल, राजगढ़, शाजापुर, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, सीहोर, विदिशा, रायसेन, नरसिंहपुर, दमोह और जबलपुर समेत 30 से अधिक जिलों में मौसम बिगड़ सकता है। बूंदाबांदी की संभावना दिवाली के दौरान झाबुआ, अलीराजपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट और डिंडोरी में बादल छाए रहे थे। आने वाले दिनों में कुछ जगहों पर हल्की फुहारें या बूंदाबांदी देखने को मिल सकती हैं। दिन में हल्की धूप और रात में ठंडक का असर रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, नवंबर के दूसरे सप्ताह से सर्दी तेज होनी शुरू होगी। रात के तापमान में गिरावट दर्ज राज्य में बीते दो दिनों में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। भोपाल में 17.2 डिग्री, इंदौर में 20.2, ग्वालियर में 20.5 और जबलपुर में 18 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। नौगांव (छतरपुर) में सबसे कम 16.3 डिग्री और राजगढ़ में 16.6 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। रिकॉर्ड ब्रेक सर्दी की संभावना मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि इस साल सर्दी लंबी और कड़ाके की रह सकती है। नवंबर से फरवरी तक तापमान में लगातार गिरावट बने रहने की संभावना है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह ठंड 2010 के बाद सबसे सख्त हो सकती है, क्योंकि उत्तर-पश्चिम भारत में पश्चिमी विक्षोभ अधिक सक्रिय रहेंगे और ला-नीना की स्थिति बनने के संकेत मिले हैं। READ MORE : जहरीले सिरप से गई 24 बच्चों की जान, न्यायिक हिरासत में कंपनी मालिक रंगनाथन..

Coldrif Syrup Scandal : जहरीले सिरप से गई 24 बच्चों की जान, न्यायिक हिरासत में कंपनी मालिक रंगनाथन..

Coldrif Syrup Scandal

Coldrif Syrup Scandal : मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा में जहरीले कोल्ड्रिफ कफ सिरप से 24 मासूमों की मौत के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। तमिलनाडु की श्रीसन फार्मा कंपनी के मालिक रंगनाथन गोविंदन को अदालत ने न्यायिक हिरासत (Coldrif Syrup Scandal) में भेज दिया है। इससे पहले एसआईटी ने उन्हें पूछताछ के लिए कांचीपुरम ले जाकर 10 दिन की पुलिस रिमांड पर रखा था। एसआईटी प्रमुख जितेंद्र सिंह जाट ने बताया कि रिमांड खत्म होने के बाद रंगनाथन को परासिया के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश गौतम गुर्जर के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। मामले में सिरप लिखने वाले डॉक्टर प्रवीण सोनी, उनके भतीजे और थोक विक्रेता राजेश सोनी, तथा डॉक्टर की पत्नी के मेडिकल स्टोर (Coldrif Syrup Scandal) के फार्मासिस्ट सौरभ जैन पहले से ही जेल में हैं। जांच में खुलासा हुआ कि छिंदवाड़ा और आसपास के जिलों में बच्चों की मौत कोल्ड्रिफ सिरप में मौजूद जहर के कारण हुई। सिरप पीने के बाद कई बच्चों की किडनी फेल हो गई थी। इस घातक लापरवाही के बाद प्रशासन ने कंपनी की फैक्ट्री को सील कर दिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने दो औषधि निरीक्षकों और एफडीए के एक उप निदेशक को निलंबित कर दिया। इसके अलावा राज्य औषधि नियंत्रक का भी तबादला कर दिया गया है। वहीं, स्थानीय अदालत ने डॉक्टर सोनी की जमानत याचिका खारिज कर दी है, जिसके बाद उन्होंने मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में अपील दायर की है। (Coldrif Syrup Scandal) READ MORE: बेदखली नोटिस से फीकी पड़ी दिवाली, झुग्गी बस्ती के निवासियों में भय का माहौल

Diwali 2025: चित्रकूट में श्रद्धालुओं का जनसैलाब, लाखों दीयों से रोशन होगी कामदगिरि

Diwali 2025:

Diwali 2025: चित्रकूट। भगवान राम की तपोस्थली चित्रकूट में दीपावली के मौके पर पांच दिवसीय मेला शुरू हो गया है। मेले के पहले दिन ही देश के कोने-कोने से लाखों श्रद्धालु चित्रकूट पहुंचे और धार्मिक उत्सव का हिस्सा बने। श्रद्धालुओं ने कामतानाथ स्वामी की परिक्रमा की और दीपदान कर खुशहाली, सुख-समृद्धि और मनोकामना पूरी होने की प्रार्थना की। मेला क्षेत्र में प्रशासन ने पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि श्रद्धालुओं को सुगम और सुरक्षित अनुभव मिल सके। विशेष रूप से, श्रद्धालु कामदगिरि पर्वत की आठ किलोमीटर लंबी परिक्रमा करते हैं। इसके बाद मंदाकिनी नदी में दीपदान कर अपनी मनोकामना पूरी करने की प्रार्थना करते हैं। चित्रकूट से लगभग 25 किलोमीटर दूर स्थित राम पथ के सभी धार्मिक स्थलों पर भक्तों की भारी भीड़ उमड़ रही है। कामतानाथ भगवान के अलावा श्रद्धालु स्फटिक शिला, सती अनुसुइया, रामघाट, भरतकूप, सीता रसोई समेत अन्य तीर्थ स्थलों पर भी दर्शन और पूजा-अर्चना कर रहे हैं। मेले के दौरान लाखों दीयों से पूरी कामदगिरि रोशन होगी और दीपावली की रंगत में चार चाँद लगेंगे। READ MORE: बेदखली नोटिस से फीकी पड़ी दिवाली, झुग्गी बस्ती के निवासियों में भय का माहौल

Bhopal News: बेदखली नोटिस से फीकी पड़ी दिवाली, झुग्गी बस्ती के निवासियों में भय का माहौल

Bhopal News

Bhopal News: भोपाल। श्यामला हिल्स स्थित मानस भवन के पीछे की झुग्गी बस्ती के निवासियों की दिवाली इस साल बेरंग रही। उन्हें बेदखली का नोटिस मिलने के बाद प्रशासन द्वारा उनके घरों को ढहा दिए जाने का डर सताने लगा। संकरी गली में लगे पोस्टरों में मोहल्ले का नाम ‘आदिवासी मोहल्ला’ लिखा है। प्रवेश करते ही हर घर पर पोस्टरों की एक श्रृंखला दिखाई देती है, जिनमें न्याय की मांग और घरों में रहने देने की गुहार शामिल है। बस्ती में 27 से अधिक परिवार रहते हैं, ज्यादातर आदिवासी समुदाय से। पुरुष दिहाड़ी मजदूरी करते हैं, जबकि महिलाएं पास के बंगलों में काम कर परिवार का गुजारा करती हैं। पहले यह बस्ती दिवाली पर रंग-बिरंगी सजावट और बच्चों की हंसी से जगमगा उठती थी। इस बार दीवारें दीयों की जगह विरोध के पोस्टरों से ढकी हैं, जिन पर लिखा है, “हमारी दिवाली में अँधेरा क्यों है?” और “हम घर नहीं, न्याय माँग रहे हैं।” बेदखली का नोटिस 25 अगस्त को जारी किया गया था, जिसमें कहा गया कि सरकारी ज़मीन पर बसी बस्तियों को सात दिनों के भीतर खाली करना होगा। निवासियों का आरोप है कि उन्हें चेतावनी दी गई थी कि जल्द ही बुलडोज़र आ सकता है। 85 वर्षीय कर्मा बाई कहती हैं, “हमें रातों की नींद हराम हो रही है, इस डर से कि हमारा घर, जो 70 सालों से खड़ा है, अब नहीं रहेगा। हम तीन पीढ़ियों से यहाँ रह रहे हैं, और प्रशासन हमें जाने के लिए कह रहा है।” वहीं घरेलू सहायिका राजकुमारी कहती हैं, “हम दिवाली कैसे मनाएँ? हमें घर तोड़ने का नोटिस मिला है। क्या बुलडोज़र का इंतज़ार करें या खुद ही अपने घर गिरा दें?” बस्ती की बिलकिस बी ने कहा, “हमारे बच्चे यहीं पैदा हुए। अब हम कहाँ जाएँ? सरकार महिलाओं के लिए योजनाएँ शुरू करती है, लेकिन हमें बेघर कर दिया जा रहा है।” आधिकारिक बयान: एसडीएम दीपक पांडे ने कहा कि यह भूमि राजस्व विभाग की है, वन विभाग की नहीं। उन्होंने बताया कि निवासियों को नियमों और प्रक्रिया के अनुसार खाली करने के लिए कहा गया। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बेहतर सुविधाओं के साथ बसाने का वादा किया गया था। ‘कानून का उल्लंघन’ का दावा: कार्यकर्ता अनीश थिलेंकेरी और पार्षद शबिस्ता ज़की का कहना है कि यह कार्रवाई 2006 के वन अधिकार अधिनियम का उल्लंघन करती है। अधिनियम के तहत, 2005 से पहले वन भूमि पर रह रहे परिवारों को उचित प्रक्रिया के बिना बेदखल नहीं किया जा सकता। READ MORE: आज लक्ष्मी पूजन का शुभ मुहूर्त, छोटी-सी गलती बिगाड़ सकती है आपकी किस्मत

Diwali 2025: आज लक्ष्मी पूजन का शुभ मुहूर्त, छोटी-सी गलती बिगाड़ सकती है आपकी किस्मत

Diwali 2025

Diwali 2025: भोपाल। दीपावली 2025 का पर्व पूरे देश में हर्ष और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। कार्तिक अमावस्या का यह पावन अवसर इस बार 20 अक्टूबर से शुरू होकर 21 अक्टूबर तक रहेगा। घरों में दीपक जल रहे हैं, मंदिरों में आरती गूंज रही है और बाजारों में रौनक देखने लायक है। भारत ही नहीं, बल्कि नेपाल, श्रीलंका, मॉरीशस, सिंगापुर, मलेशिया, फिजी, अमेरिका और कनाडा जैसे देशों में भी भारतीय समुदाय दीपावली मना रहा है। लक्ष्मी पूजन का शुभ मुहूर्त: धन, समृद्धि और सौभाग्य की देवी लक्ष्मी की पूजा आज संध्या में की जाएगी। विद्वानों के अनुसार पूजन का मुख्य मुहूर्त 7:08 से 8:18 बजे तक है। प्रदोष काल: 5:46 से 8:18 बजे तक निशीथ काल: 11:41 से 12:31 बजे तक इस अवधि में लक्ष्मी, गणेश और कुबेर की विधि-विधान से पूजा करने से विशेष फल प्राप्त होता है। पूजा में बरतें ये सावधानियां: पूजा से पहले घर की साफ-सफाई कर गंगाजल से शुद्धिकरण करें। सफेद या पीले वस्त्र पहनें। लाल या पीले कपड़े से सजी चौकी पर लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति स्थापित करें। छह चौमुखे और 26 छोटे घी के दीपक जलाएं। देवताओं को गंगाजल, रोली, अक्षत, मिष्ठान, सफेद मेवा, धान का लावा और मधु अर्पित करें। पूजा के बाद घर में दीपक जलाए रखें और दरवाजे खुले रखें ताकि लक्ष्मी का आगमन हो सके। विदेशों में भी दीवाली का जश्न: नेपाल में इसे ‘तिहार’, श्रीलंका में ‘दीपोत्सव’, और मॉरीशस में ‘लाइट फेस्टिवल’ कहा जाता है। दुनियाभर में भारतीय दूतावास और प्रवासी समुदाय विशेष आयोजन कर रहे हैं। स्पेशल ट्रेनें खाली: त्योहार के इस मौसम में रेलवे ने दर्जनों स्पेशल ट्रेनें चलाई हैं, लेकिन यात्रियों की पसंद अब भी नियमित ट्रेनें बनी हुई हैं। पूर्वोत्तर की ओर जाने वाली अधिकतर ट्रेनों में अगले एक महीने तक सीटें फुल हैं, जबकि स्पेशल ट्रेनों में सीटें खाली पड़ी हैं। उल्लुओं की सुरक्षा पर नजर: दीवाली के मौके पर अंधविश्वास में कुछ लोग उल्लू की बलि देते हैं, जिसे रोकने के लिए उत्तराखंड के कार्बेट टाइगर रिजर्व में निगरानी बढ़ाई गई है। वन विभाग ने गश्त तेज की है। उल्लू संरक्षित प्रजाति में शामिल है और इसका शिकार करने पर तीन साल तक की सजा का प्रावधान है। दिल्ली में बढ़ा प्रदूषण: दीवाली से पहले दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर तेजी से बढ़ा है। रविवार शाम से GRAP का दूसरा चरण (AQI 301-400) लागू कर दिया गया। आईएमडी और आईआईटीएम ने आने वाले दिनों में और गिरावट की चेतावनी दी है। सुप्रीम कोर्ट ने शर्तों के साथ पटाखों की बिक्री और उपयोग की अनुमति दी है। महत्वपूर्ण जानकारी : दीवाली 2025 का पर्व इस वर्ष 20 अक्टूबर को मनाया जा रहा है। कार्तिक अमावस्या की तिथि 20 से 21 अक्टूबर तक रहेगी। इस दिन मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की विधि-विधान से पूजा का विशेष महत्व है। पूजा का मुख्य मुहूर्त शाम 7:08 से 8:18 बजे तक निर्धारित किया गया है। इसके अलावा प्रदोष काल 5:46 से 8:18 बजे तक और निशीथ काल 11:41 से 12:31 बजे तक शुभ माना गया है। इन समयों में पूजन करने से विशेष फल की प्राप्ति होती है। प्रदूषण नियंत्रण के लिए दिल्ली में GRAP-2 चरण 19 अक्टूबर की शाम से लागू किया गया है। बढ़ते AQI स्तर को देखते हुए प्रशासन ने सख्ती बरती है। दीवाली के मौके पर उल्लू की बलि रोकने के लिए भी वन विभाग ने निगरानी बढ़ाई है। भारतीय वन्यजीव अधिनियम 1972 के तहत उल्लू का शिकार करने पर तीन साल तक की सजा का प्रावधान है।  

Mahakal Temple : महाकाल को सुगंधित उबटन से किया गया श्रृंगारित, संध्या आरती में मनाया जाएगा दीपोत्सव

Mahakal Temple

Mahakal Temple : उज्जैन। विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में दीपावली पर्व की शुरुआत रूप चतुर्दशी के दिन भक्तिभाव के साथ हुई। सोमवार तड़के भगवान महाकाल का विशेष राजसी श्रृंगार किया गया। पुजारी परिवार की महिलाओं ने भगवान को गर्म जल से स्नान कराकर सुगंधित उबटन चढ़ाया। मंदिर दीपों की रोशनी से जगमगा उठा और वातावरण भक्ति से सराबोर हो गया। सुबह की भस्म आरती में भगवान महाकाल को मां लक्ष्मी के स्वरूप में सजाया गया। उन्हें भांग, चंदन, केसर और आभूषण पहनाए गए। सोने-चांदी के गहनों और नए वस्त्रों से भगवान का राजसी श्रृंगार किया गया। इसके बाद अन्नकूट भोग अर्पित कर फुलझड़ी आरती के साथ दिवाली उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर पुजारी परिवार की महिलाओं को विशेष रूप से श्रृंगार में भाग लेने का अवसर मिला। उन्होंने सुगंधित द्रव्यों से उबटन तैयार किया और कर्पूर आरती कर भगवान को समर्पित की। पुजारी महेश के अनुसार, महाकाल को अन्नकूट भोग में धान, खाजा, शक्करपारे, मूली और बैंगन की सब्जी अर्पित की गई। यह परंपरा उज्जैन की विशेषता मानी जाती है। आमतौर पर अन्नकूट भोग गोवर्धन पूजा पर लगाया जाता है, लेकिन महाकाल मंदिर में यह दीपावली के अवसर पर ही संपन्न होता है। उज्जैन में दिवाली पर्व के बाद अब कार्तिक मास की सवारियों की शुरुआत 27 अक्टूबर से होगी। भगवान महाकाल रजत पालकी में शिप्रा तट पर विराजमान होंगे। यह सवारी 17 नवंबर तक चलेगी, जबकि 3 नवंबर को हरिहर मिलन सवारी विशेष आकर्षण का केंद्र रहेगी। READ MORE: पेंच-कान्हा से बुलाई गई 3 हाथियों की टीम, दो दिन से चल रहा रेस्क्यू ऑपरेशन…

MP Tiger Attack: पेंच-कान्हा से बुलाई गई 3 हाथियों की टीम, दो दिन से चल रहा रेस्क्यू ऑपरेशन…

MP Tiger Attack:

MP Tiger Attack: बालाघाट। जिले के कटंगी वन परिक्षेत्र के अंबेझरी जंगल में आदमखोर बन चुके बाघ (MP Tiger Attack)ने ग्रामीणों में दहशत फैला रखी है। वन विभाग ने बाघ को पकड़ने के लिए पेंच और कान्हा से तीन हाथियों की टीम के साथ रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया है, लेकिन दो दिन बीतने के बावजूद सफलता नहीं मिल पाई है। जानकारी के अनुसार, बाघ पिछले एक महीने में चार ग्रामीणों की जान ले चुका है। हाल ही में ग्राम अंबेझरी के किसान सेवकराम गोपाले की बाघ के हमले में मौत हुई थी। वहीं, एक दिन पहले पिपरवानी निवासी 65 वर्षीय खेमराज नाने पर भी बाघ ने हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया, जिन्हें नागपुर रेफर किया गया है। ग्रामीणों के मुताबिक, बाघ झाड़ियों में छिपकर खेत जाने वाले रास्तों पर हमला कर रहा है। खेती और जंगल के रास्ते एक जैसे होने से किसान खतरे में हैं। डर के कारण ग्रामीण शाम होते ही अपने घरों में कैद होने को मजबूर हैं। वन विभाग ने बाघ को ट्रेंकुलाइज करने के लिए कैमरे, पिंजरे और शिकार का इंतजाम किया है। पेंच और कान्हा के तीन प्रशिक्षित हाथियों के साथ रेस्क्यू टीम लगातार जंगल में सर्चिंग कर रही है, लेकिन अब तक बाघ पकड़ से बाहर है। स्थानीय लोगों ने बाघ की बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए प्रशासन और वन विभाग से शीघ्र कार्रवाई की मांग की है, ताकि गांवों में फैली दहशत खत्म हो सके। READ MORE: इंदौर की बहू बनेंगी किक्रेटर Smriti Mandhana, टीम इंडिया का 19 अक्टूबर को इंग्लैंड से मुकाबला