राष्ट्रीय गीत के अपमान पर सियासी संग्राम तेज सीएम मोहन यादव ने कांग्रेस से मांगा जवाब

इंदौर । इंदौर नगर निगम में वंदे मातरम को लेकर शुरू हुआ विवाद अब प्रदेश की सियासत में बड़ा मुद्दा बन गया है इस मामले में डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए राष्ट्रीय गीत के सम्मान को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं उन्होंने साफ तौर पर कहा कि इस तरह की घटनाएं केवल एक व्यक्ति की सोच नहीं बल्कि पार्टी के चरित्र को उजागर करती हैं घटना उस समय की है जब इंदौर नगर निगम के बजट सम्मेलन के दौरान कांग्रेस की पार्षद रुबीना इकबाल खान और फौजिया शेख अलीम ने धर्म का हवाला देते हुए वंदे मातरम गाने से इनकार कर दिया उनके इस रुख का सदन में मौजूद अन्य सदस्यों ने विरोध किया लेकिन कांग्रेस की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है इसी चुप्पी को लेकर मुख्यमंत्री ने कांग्रेस को घेरा और कहा कि इस मुद्दे पर पूरी प्रदेश कांग्रेस को अपना रुख स्पष्ट करना चाहिए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कड़े शब्दों में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बड़े दुर्भाग्य की बात है कि जनप्रतिनिधि होने के बावजूद पार्षद ने राष्ट्रीय गीत गाने से मना किया और यह कहते हुए पीछे हट गई कि वह इसे नहीं गाएंगी उन्होंने इसे बेशर्मी की पराकाष्ठा बताते हुए कहा कि यह कांग्रेस की विचारधारा और मानसिकता को दर्शाता है उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस के कई नेता भारत माता की जय बोलने से भी बचते हैं जो देशभक्ति की भावना के विपरीत है मुख्यमंत्री ने सीधे तौर पर राहुल गांधी और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी से जवाब मांगा उन्होंने कहा कि पार्टी नेतृत्व को स्पष्ट करना चाहिए कि क्या वह ऐसे बयानों और आचरण का समर्थन करता है या नहीं यदि पार्टी इस मामले में कार्रवाई करने में असमर्थ है तो उसे नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दे देना चाहिए उन्होंने आगे कहा कि देशभक्ति और राष्ट्रीय सम्मान के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं किया जा सकता हजारों स्वतंत्रता सेनानियों ने भारत माता की जय के उद्घोष के साथ अपने प्राण न्योछावर किए ऐसे में इस प्रकार की घटनाएं न केवल उन बलिदानों का अपमान हैं बल्कि समाज में गलत संदेश भी देती हैं मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर दोहरे चरित्र का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी समय समय पर धार्मिक और सांस्कृतिक प्रतीकों पर विवाद खड़ा करती रही है इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर वंदे मातरम जैसे राष्ट्रीय प्रतीक को लेकर बहस छेड़ दी है जहां एक ओर इसे देशभक्ति और एकता का प्रतीक माना जाता है वहीं दूसरी ओर कुछ वर्गों द्वारा इसे लेकर अलग विचार भी सामने आते रहे हैं फिलहाल यह मुद्दा राजनीतिक बयानबाजी के केंद्र में है और आने वाले दिनों में इस पर और तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल सकती हैं
ध्रुव जुरेल की तारीफ में रायुडू, बोले- भारत के लिए हर फॉर्मेट में खेलना चाहिए

नई दिल्ली। पूर्व भारतीय क्रिकेटर Ambati Rayudu ने जुरेल की तारीफ करते हुए कहा कि वह अब एक परिपक्व बल्लेबाज बन चुके हैं। उन्होंने ESPNcricinfo पर बातचीत के दौरान कहा कि जुरेल ने सिर्फ अपनी तकनीक ही नहीं, बल्कि अपने शानदार टेम्परामेंट से भी सबको प्रभावित किया है। रायुडू के मुताबिक, “भारतीय क्रिकेट में ऐसे संपूर्ण बल्लेबाज बहुत कम देखने को मिलते हैं। अब समय आ गया है कि उन्हें भारत के लिए तीनों फॉर्मेट में मौका दिया जाए।” उन्होंने यह भी कहा कि जुरेल को जितनी पहचान मिलनी चाहिए, उतनी अभी तक नहीं मिल पाई है। इस सीजन में लगातार शानदार प्रदर्शन आईपीएल 2026 में जुरेल का बल्ला लगातार रन उगल रहा है। अब तक खेले गए 4 मुकाबलों में उन्होंने 176 रन बनाकर अपनी उपयोगिता साबित कर दी है। खास बात यह है कि वह Rajasthan Royals के लिए नंबर-3 पर बल्लेबाजी करते हुए टीम की रीढ़ बन चुके हैं। कठिन परिस्थितियों में संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन उनके खेल में साफ नजर आ रहा है। मैच का हाल: RCB ने बनाए 201 रन, RR ने 18 ओवर में किया चेज मुकाबले में Rajasthan Royals ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। Royal Challengers Bengaluru ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 8 विकेट पर 201 रन बनाए। कप्तान Rajat Patidar ने 63 रन की पारी खेली, जबकि Virat Kohli ने 32 रन और Romario Shepherd ने 22 रन का योगदान दिया। 202 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी Rajasthan Royals की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया। Vaibhav Suryavanshi और Dhruv Jurel की तूफानी पारियों की बदौलत टीम ने महज 18 ओवर में 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। क्यों खास है जुरेल की यह पारी? इस मैच में भले ही सुर्खियां Vaibhav Suryavanshi ने बटोरी हों, लेकिन जुरेल की पारी उतनी ही अहम रही। उन्होंने पारी को संभालते हुए अंत तक जिम्मेदारी निभाई। अगर उनकी यह मैच जिताऊ पारी नहीं आती, तो मुकाबले का नतीजा कुछ और भी हो सकता था।
SRH-PBKS मुकाबले में युवा सितारों की परीक्षा, अभिषेक और अर्शदीप का प्रदर्शन होगा अहम

नई दिल्ली।आईपीएल 2026 में शनिवार को न्यू चंडीगढ़ का मैदान एक बार फिर क्रिकेट के रोमांच का गवाह बनने जा रहा है, जहां Punjab Kings और Sunrisers Hyderabad के बीच कांटे की टक्कर होगी। एक ओर पंजाब किंग्स अपनी जीत की लय को बरकरार रखने के इरादे से उतरेगी, तो दूसरी ओर सनराइजर्स हैदराबाद पिछली हार को भुलाकर जीत की पटरी पर लौटने की कोशिश करेगी। दोनों टीमों के बीच यह मुकाबला सिर्फ अंक तालिका के लिए ही नहीं, बल्कि आत्मविश्वास के लिहाज से भी बेहद अहम माना जा रहा है। मुकाबले का केंद्र: अभिषेक vs अर्शदीपइस हाई-वोल्टेज मैच में सभी की निगाहें खास तौर पर दो खिलाड़ियों पर टिकी रहेंगी—Abhishek Sharma और Arshdeep Singh। दोनों ही खिलाड़ी घरेलू क्रिकेट में एक ही राज्य से आते हैं, लेकिन आईपीएल में आमने-सामने होते ही मुकाबला दिलचस्प हो जाता है। अभिषेक जहां SRH के लिए पारी की शुरुआत करते हुए तेज रन बनाने के लिए जाने जाते हैं, वहीं अर्शदीप नई गेंद से विकेट निकालकर विपक्षी टीम को शुरुआती झटके देने में माहिर हैं। आंकड़ों में दिखता दबदबाअगर आंकड़ों पर नजर डालें तो अभिषेक शर्मा इस सीजन शानदार फॉर्म में हैं। उन्होंने 7 मैचों में 314 रन बनाए हैं, जिसमें उनका औसत 52.33 और स्ट्राइक रेट 196.25 का रहा है। उनका सर्वाधिक स्कोर 141 रन है, जो उनकी विस्फोटक बल्लेबाजी का प्रमाण है। दूसरी ओर, अर्शदीप सिंह ने 11 मैचों में 15 विकेट लेकर अपनी गेंदबाजी का लोहा मनवाया है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि बल्ला भारी पड़ता है या गेंद। हेड-टू-हेड में हैदराबाद आगेदोनों टीमों के बीच अब तक हुए मुकाबलों में Sunrisers Hyderabad का पलड़ा भारी रहा है। 24 मैचों में SRH ने 17 बार जीत दर्ज की है, जबकि Punjab Kings को सिर्फ 7 जीत मिली हैं। हालांकि टी20 क्रिकेट की अनिश्चितता को देखते हुए पुराने आंकड़े मैच के नतीजे की गारंटी नहीं देते। रिकॉर्ड्स की बात करें तो…इस मुकाबले के इतिहास में David Warner का नाम सबसे ऊपर आता है, जिन्होंने SRH के लिए पंजाब के खिलाफ 700 रन बनाए हैं। वहीं गेंदबाजी में Bhuvneshwar Kumar ने 26 विकेट लेकर अपनी छाप छोड़ी है। हालांकि मौजूदा समय में वॉर्नर आईपीएल का हिस्सा नहीं हैं और भुवनेश्वर कुमार दूसरी टीम से खेल रहे हैं, फिर भी उनके रिकॉर्ड इस मुकाबले की विरासत को दर्शाते हैं। कौन पड़ेगा भारी?इस मैच का नतीजा काफी हद तक इस बात पर निर्भर करेगा कि अभिषेक शर्मा कितनी आक्रामक शुरुआत दे पाते हैं और अर्शदीप सिंह शुरुआती ओवरों में कितने विकेट निकाल पाते हैं। अगर अभिषेक का बल्ला चला तो SRH मजबूत स्थिति में पहुंच सकती है, वहीं अर्शदीप की स्विंग और सटीक लाइन-लेंथ पंजाब को बढ़त दिला सकती है। अभिषेक शर्मा और अर्शदीप सिंह के प्रदर्शन पर टिका यह मुकाबला SRH और पंजाब के बीच जीत-हार का फैसला कर सकता है।
कृषि महोत्सव के लिए रायसेन रवाना हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भोपाल में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किया आत्मीय स्वागत

भोपाल । भोपाल के स्टेट हैंगर पर शनिवार का दिन खास गरिमा और राजनीतिक ऊर्जा से भरपूर नजर आया जब डॉ. मोहन यादव ने देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की आत्मीय अगवानी कर प्रदेश की मेहमाननवाजी की परंपरा को सजीव कर दिया यह अवसर केवल औपचारिक स्वागत तक सीमित नहीं रहा बल्कि इसमें प्रदेश और केंद्र के बीच समन्वय और विकास की झलक भी स्पष्ट रूप से दिखाई दी रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भोपाल ट्रांजिट विजिट पर पहुंचे थे जहां से उन्हें रायसेन में आयोजित कृषि महोत्सव प्रदर्शनी एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम के शुभारंभ के लिए रवाना होना था स्टेट हैंगर पर मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने पुष्प गुच्छ भेंट कर और शॉल ओढ़ाकर उनका आत्मीय स्वागत किया साथ ही उन्हें स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित भी किया इस दौरान वातावरण में आत्मीयता और गरिमा का संतुलित संगम देखने को मिला अल्प विश्राम के पश्चात रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मुख्यमंत्री मोहन यादव तथा केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान भारतीय सेना के हेलीकॉप्टर से रायसेन के लिए रवाना हुए जहां कृषि महोत्सव के माध्यम से किसानों को नई तकनीक और नवाचार से जोड़ने की पहल की जा रही है यह यात्रा केवल एक कार्यक्रम नहीं बल्कि कृषि क्षेत्र में नवाचार और विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है इस अवसर पर प्रदेश के कई वरिष्ठ जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी मौजूद रहे जिनमें पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग राज्य मंत्री कृष्णा गौर भोपाल सांसद आलोक शर्मा विधायक विष्णु खत्री महापौर मालती राय और जिलाध्यक्ष रविन्द्र यति शामिल रहे सभी ने रक्षा मंत्री का पुष्प भेंट कर स्वागत किया जिससे आयोजन की भव्यता और भी बढ़ गई भोपाल का यह दृश्य केवल एक स्वागत समारोह नहीं बल्कि राजनीतिक समन्वय और विकासात्मक दृष्टिकोण का प्रतीक बन गया जहां केंद्र और राज्य सरकार के बीच तालमेल की मजबूत तस्वीर उभर कर सामने आई रायसेन में होने वाला कृषि महोत्सव इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य है जो किसानों को सशक्त बनाने और आधुनिक कृषि पद्धतियों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा
इमोशनल पल: हार्दिक ने रोहित को बताया टीम की प्रेरणा, 15 साल के सफर को किया सलाम

नई दिल्ली। मुंबई इंडियंस के दिग्गज बल्लेबाज रोहित शर्मा ने फ्रेंचाइजी के साथ अपने 15 साल पूरे कर लिए हैं। इस खास मौके पर टीम के मौजूदा कप्तान हार्दिक पांड्या ने उन्हें भावुक अंदाज में बधाई दी और ड्रेसिंग रूम में एक दिल छू लेने वाली स्पीच दी। हार्दिक की स्पीच ने जीता दिलहार्दिक पांड्या ने कहा, “रो, 15 साल पूरे होने पर बधाई। आपने इतने सालों तक इस फ्रेंचाइजी का नेतृत्व किया, इसके लिए धन्यवाद। मैंने, जसप्रीत बुमराह और कई खिलाड़ियों ने आपके नेतृत्व में डेब्यू किया। आप हमारी टीम के सबसे बड़े प्रेरणास्त्रोत हैं।” उन्होंने आगे कहा कि रोहित न सिर्फ एक बेहतरीन कप्तान रहे हैं, बल्कि एक शानदार इंसान भी हैं, जिन्होंने टीम के हर खिलाड़ी को आगे बढ़ने का मौका दिया। रोहित की कप्तानी में बना इतिहासरोहित शर्मा ने अपनी कप्तानी में मुंबई इंडियंस को आईपीएल की सबसे सफल टीमों में से एक बनाया। उनकी अगुवाई में टीम ने 5 बार (2013, 2015, 2017, 2019, 2020) खिताब जीते। चेन्नई सुपर किंग्स के बाद मुंबई इंडियंस ही एकमात्र टीम है, जिसने 5 आईपीएल ट्रॉफी जीती हैं। रोहित ने जताया आभारइस मौके पर रोहित शर्मा ने भी टीम के साथियों, सपोर्ट स्टाफ और फ्रेंचाइजी मैनेजमेंट का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि यह सफलता किसी एक खिलाड़ी की नहीं, बल्कि पूरी टीम की मेहनत का नतीजा है। उन्होंने यह भी माना कि फ्रेंचाइजी का माहौल और सपोर्ट उनके करियर को संवारने में बेहद अहम रहा। शानदार आंकड़े भी गवाहरोहित शर्मा मुंबई इंडियंस के सबसे सफल बल्लेबाज भी हैं। उन्होंने 239 मैचों की 235 पारियों में 6267 रन बनाए हैं, जिसमें 2 शतक और 41 अर्धशतक शामिल हैं। IPL करियर की शुरुआतरोहित ने अपना आईपीएल करियर 2008 में डेक्कन चार्जर्स के साथ शुरू किया था। 2011 में वे मुंबई इंडियंस से जुड़े और तब से इस टीम का अहम हिस्सा बने हुए हैं। रोहित शर्मा ने मुंबई इंडियंस के साथ 15 साल पूरे किए, इस मौके पर हार्दिक पांड्या ने उन्हें टीम की सबसे बड़ी प्रेरणा बताया। रोहित की कप्तानी में एमआई ने 5 बार आईपीएल खिताब जीते हैं।
राहुल गांधी मानहानि केस में हाईकोर्ट सख्त कार्तिकेय चौहान को नोटिस और स्टेटस रिपोर्ट के आदेश

जबलपुर । जबलपुर हाईकोर्ट में कांग्रेस नेता राहुल गांधी से जुड़ा बहुचर्चित मानहानि मामला एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है जहां अदालत ने महत्वपूर्ण हस्तक्षेप करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय चौहान को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है अदालत ने साफ शब्दों में कहा है कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले दोनों पक्षों को सुनना न्याय का मूल सिद्धांत है और इसी आधार पर यह कदम उठाया गया है इस पूरे मामले की पृष्ठभूमि वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव से जुड़ी हुई है जब राहुल गांधी ने झाबुआ में आयोजित एक चुनावी सभा के दौरान कथित रूप से पनामा पेपर्स लीक का उल्लेख करते हुए शिवराज सिंह चौहान और उनके बेटे कार्तिकेय चौहान का नाम लिया था इस बयान को लेकर कार्तिकेय चौहान ने भोपाल स्थित एमपी एमएलए कोर्ट में मानहानि का मुकदमा दायर किया था जिसके बाद अदालत ने राहुल गांधी के खिलाफ समन भी जारी किया था राहुल गांधी ने इस कार्रवाई को चुनौती देते हुए जबलपुर हाईकोर्ट का रुख किया और अपनी याचिका में यह तर्क दिया कि उनके पक्ष को सुने बिना ही निचली अदालत में मामला दर्ज कर लिया गया जो कि प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है उन्होंने अदालत से इस पूरे प्रकरण को निरस्त करने की मांग की है हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान यह स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति के खिलाफ न्यायिक कार्रवाई करते समय यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि उसे अपनी बात रखने का पूरा अवसर मिले इसी क्रम में अदालत ने कार्तिकेय चौहान को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है ताकि दोनों पक्षों के तर्कों को विस्तार से सुना जा सके इसके साथ ही अदालत ने राहुल गांधी को भी निर्देश दिया है कि वे निचली अदालत में लंबित इस प्रकरण की विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट प्रस्तुत करें ताकि मामले की वर्तमान स्थिति को समझने में आसानी हो और आगे की सुनवाई निष्पक्ष तरीके से की जा सके यह मामला केवल एक कानूनी विवाद नहीं बल्कि राजनीतिक रूप से भी बेहद संवेदनशील बन चुका है क्योंकि इसमें देश के प्रमुख राजनीतिक चेहरों के नाम जुड़े हुए हैं ऐसे में हाईकोर्ट का यह रुख इस बात का संकेत देता है कि अदालत हर पहलू को गंभीरता से परखना चाहती है आने वाले दिनों में इस मामले की सुनवाई और दोनों पक्षों के जवाब के आधार पर यह तय होगा कि आगे की कानूनी प्रक्रिया किस दिशा में बढ़ेगी फिलहाल हाईकोर्ट के इस कदम ने पूरे घटनाक्रम को एक नया मोड़ दे दिया है और सभी की निगाहें अब अगली सुनवाई पर टिकी हुई हैं
हॉकी का महासंग्राम! सब जूनियर नेशनल चैंपियनशिप के फाइनल मुकाबले तय

नई दिल्ली। हॉकी इंडिया सब जूनियर नेशनल चैंपियनशिप 2026 का रोमांच अब अपने चरम पर पहुंच चुका है। राजगीर में खेले जा रहे इस टूर्नामेंट में डिवीजन ए के पुरुष और महिला वर्ग के फाइनल मुकाबले तय हो गए हैं। शनिवार 12 अप्रैल को सभी निर्णायक मुकाबले खेले जाएंगे, जिन पर पूरे देश की नजरें टिकी हैं। पुरुष वर्ग: एमपी और यूपी के बीच खिताबी जंगपुरुष वर्ग के फाइनल में हॉकी मध्य प्रदेश का सामना हॉकी उत्तर प्रदेश से होगा। दोनों ही टीमों ने सेमीफाइनल में दमदार प्रदर्शन किया।मध्य प्रदेश ने दादरा और नगर हवेली और दमन और दीव हॉकी को 4-2 से हराया, जबकि उत्तर प्रदेश ने गत चैंपियन हॉकी पंजाब को 6-2 से करारी शिकस्त देकर फाइनल में जगह बनाई। यूपी की टीम इस टूर्नामेंट में शानदार फॉर्म में है। उनके खिलाड़ी शाहरुख अली 14 गोल के साथ टॉप स्कोरर हैं, जबकि नीतीश यादव ने पेनल्टी कॉर्नर पर बेहतरीन प्रदर्शन किया है। तीसरे स्थान के मुकाबलेपुरुष वर्ग में तीसरे स्थान के लिए दादरा और नगर हवेली और दमन और दीव हॉकी और हॉकी पंजाब के बीच मुकाबला होगा। महिला वर्ग: एमपी बनाम झारखंडमहिला वर्ग का फाइनल भी बेहद रोमांचक होने वाला है, जहां हॉकी मध्य प्रदेश की टीम का सामना गत चैंपियन हॉकी झारखंड से होगा। दोनों टीमों का प्रदर्शन शानदार रहा ह-मध्य प्रदेश ने अब तक 18 गोल किए हैं, जबकि झारखंड ने 19 गोल दागे हैं। सेमीफाइनल में झारखंड ने हॉकी उत्तर प्रदेश को 2-0 से हराया, जबकि मध्य प्रदेश ने हॉकी ओडिशा को 2-1 से मात दी। खिलाड़ियों पर रहेंगी नजरेंमहिला वर्ग में नौशीन नाज 9 गोल के साथ टॉप स्कोरर हैं, वहीं संदीपा कुमारी 5 गोल के साथ झारखंड की प्रमुख खिलाड़ी हैं। फाइनल मुकाबलों का मंच सभी मैच राजगीर हॉकी स्टेडियम में खेले जाएंगे, जहां फैंस को हाई-वोल्टेज मुकाबले देखने को मिलेंगे।
जब छात्रों ने छुआ आसमान सिंगरौली में दूरबीन से ब्रह्मांड दर्शन का अनोखा अनुभव

सिंगरौली । मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में शिक्षा के क्षेत्र में एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल देखने को मिली जहां विद्यार्थियों को किताबों से बाहर निकलकर सीधे ब्रह्मांड से जुड़ने का अवसर प्रदान किया गया शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बैढ़न में आयोजित दूरबीन द्वारा ब्रहांड दर्शन एवं खगोल विज्ञान कार्यशाला ने छात्रों के लिए एक यादगार और ज्ञानवर्धक अनुभव तैयार किया इस विशेष आयोजन में छात्रों ने पहली बार टेलिस्कोप के माध्यम से आसमान में चमकते तारों और ग्रहों का प्रत्यक्ष अवलोकन किया यह अनुभव उनके लिए किसी सपने के सच होने जैसा था जहां वे अब तक केवल किताबों और चित्रों में देखे गए ब्रह्मांड को अपनी आंखों से देख सके इस दौरान विशेषज्ञों ने छात्रों को खगोल विज्ञान से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां भी दीं जिससे उनकी जिज्ञासा और अधिक बढ़ी यह कार्यशाला मध्य प्रदेश सरकार के मार्गदर्शन और जिला प्रशासन सिंगरौली के संयुक्त प्रयासों से आयोजित की गई जिसने शिक्षा के क्षेत्र में एक नई दिशा देने का काम किया इस पहल को सिंगरौली के इतिहास में पहली बार आयोजित किया गया है और इसे एक क्रांतिकारी कदम के रूप में देखा जा रहा है क्योंकि यह आधुनिक विज्ञान को सीधे छात्रों के अनुभव से जोड़ता है कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करना जिज्ञासा को प्रोत्साहित करना और नवाचार तथा अनुसंधान के प्रति रुचि बढ़ाना था इस प्रकार के आयोजन छात्रों को पारंपरिक शिक्षा से आगे बढ़कर व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करने में मदद करते हैं जिससे वे भविष्य में विज्ञान और तकनीकी के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर सकें कार्यशाला के दौरान उपस्थित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने भी छात्रों के उत्साह को सराहा और इस तरह के कार्यक्रमों को आगे भी जारी रखने की बात कही इस अवसर पर राज्यमंत्री राधा सिंह सिंगरौली विधायक रामनिवास शाह देवसर विधायक राजेंद्र मेश्राम कलेक्टर गौरव बैनल जिला पंचायत सीईओ जगदीश गोमे और जिला शिक्षा अधिकारी एस वी सिंह सहित विद्यालय के प्राचार्य शिक्षकगण और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे छात्रों ने इस पहल के लिए जिला प्रशासन और सरकार का आभार व्यक्त किया और कहा कि इस तरह के आयोजन उनके लिए न केवल ज्ञानवर्धक हैं बल्कि उन्हें बड़े सपने देखने और उन्हें पूरा करने की प्रेरणा भी देते हैं यह आयोजन निश्चित रूप से सिंगरौली के शैक्षणिक वातावरण को नई ऊर्जा देने वाला साबित होगा
सोशल मीडिया का खौफनाक चेहरा: बुरहानपुर में नाबालिग से बार बार दुष्कर्म और फिर मौत

भोपाल/बुरहानपुर । सोशल मीडिया के आभासी संसार में पनपने वाली दोस्ती कई बार हकीकत की दुनिया में जानलेवा साबित होती है। मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले से एक ऐसा ही रूह कंपा देने वाला मामला सामने आया है जहाँ एक 17 वर्षीय नाबालिग बालिका को इंस्टाग्राम पर हुई दोस्ती की भारी कीमत अपनी जान देकर चुकानी पड़ी। यह मामला गणपति नाका थाना क्षेत्र का है जहाँ इंस्टाग्राम वाले प्यार और दोस्ती के नाम पर एक मासूम का न केवल शारीरिक शोषण किया गया बल्कि उसकी मौत की पटकथा भी लिखी गई। पुलिस ने इस मामले के मुख्य आरोपी गणेश चौधरी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है जो एक स्थानीय होटल में कार्यरत था। घटनाक्रम की शुरुआत लगभग ढाई महीने पहले हुई थी जब पीड़िता की मुलाकात इंस्टाग्राम के जरिए गणेश चौधरी से हुई। बातों का सिलसिला शुरू हुआ और धीरे धीरे आरोपी ने बालिका को अपने जाल में फँसा लिया। परिजनों द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार आरोपी अक्सर रात के समय बालिका को चौपाटी पर बुलाता था और फिर वहाँ से उसे एक होटल ले जाकर उसके साथ बार बार दुष्कर्म करता था। दरिंदगी का यह सिलसिला चार पांच बार दोहराया गया। मासूम बालिका लोक लाज और डर के मारे खामोश रही लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। करीब एक महीने पहले जब बालिका को पता चला कि वह गर्भवती हो गई है तो उसने यह बात आरोपी को बताई। पकड़े जाने के डर से आरोपी गणेश चौधरी ने पीड़िता को गर्भपात की दवा लाकर दी और उसे खाने के लिए मजबूर किया। दवा खाने के बाद बालिका की सेहत तेजी से बिगड़ने लगी। उसे लगातार उल्टियां और पेट में असहनीय दर्द होने लगा। शुरू में परिजनों को लगा कि यह सामान्य बीमारी है लेकिन जब स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई तो 7 अप्रैल को उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल में जांच के दौरान जो सच्चाई सामने आई उसने माता पिता के पैरों तले जमीन खिसका दी। डॉक्टरों ने खुलासा किया कि बालिका करीब दो महीने की गर्भवती थी और गलत दवा के सेवन के कारण उसका गर्भ गिर चुका था जिससे संक्रमण उसके पूरे शरीर में फैल गया था। दुर्भाग्यवश तीन दिनों तक जीवन और मौत के बीच संघर्ष करने के बाद शुक्रवार 10 अप्रैल को उपचार के दौरान बालिका ने दम तोड़ दिया। पुलिस प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई की है। गणपति नाका थाना प्रभारी सुरेश महाले के अनुसार 7 अप्रैल को शिकायत मिलते ही पुलिस सक्रिय हो गई थी और 8 अप्रैल को ही आरोपी गणेश चौधरी को हिरासत में ले लिया गया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ POCSO एक्ट 2012 की धारा 5 एवं 6 भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 64(2)(एम) और SC/ST अत्याचार निवारण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत कड़ा मामला दर्ज किया है। इस घटना ने एक बार फिर अभिभावकों के सामने यह चुनौती खड़ी कर दी है कि वे अपने बच्चों की सोशल मीडिया गतिविधियों के प्रति अधिक सचेत और जागरूक रहें।
देश में एलपीजी आपूर्ति स्थिर, डिजिटल सिस्टम से वितरण में बढ़ी पारदर्शिता..

नई दिल्ली:देश में रसोई गैस और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह सामान्य बनी हुई है और किसी भी हिस्से से गैस की कमी की कोई आधिकारिक रिपोर्ट सामने नहीं आई है। सरकार की ओर से जारी जानकारी के अनुसार आपूर्ति श्रृंखला सुचारू रूप से काम कर रही है और उपभोक्ताओं को निर्बाध सेवा मिल रही है। इसके साथ ही गैस वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और डिजिटल बनाने पर भी तेजी से काम किया जा रहा है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक अब तक लगभग 4.05 लाख पीएनजी कनेक्शन सक्रिय किए जा चुके हैं, जबकि करीब 4.41 लाख नए उपभोक्ताओं ने पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन किया है। यह आंकड़ा देश में स्वच्छ ऊर्जा की ओर बढ़ते रुझान को दर्शाता है, जहां नागरिक धीरे धीरे पाइप्ड गैस प्रणाली को अपनाने की ओर अग्रसर हैं। इससे एलपीजी सिलेंडर पर निर्भरता कम होने की उम्मीद भी जताई जा रही है। सरकार ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और अनावश्यक रूप से ईंधन या गैस का भंडारण न करें। लोगों को सलाह दी गई है कि वे केवल आधिकारिक और सत्यापित जानकारी पर ही भरोसा करें तथा एलपीजी बुकिंग के लिए डिजिटल माध्यमों का उपयोग करें, जिससे वितरण व्यवस्था अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनी रहे। डिजिटल प्रणाली के विस्तार के साथ ऑनलाइन एलपीजी बुकिंग का उपयोग अब लगभग 98 प्रतिशत तक पहुंच चुका है। यह बदलाव इस बात का संकेत है कि उपभोक्ता तेजी से तकनीक आधारित सेवाओं को अपना रहे हैं। इसके साथ ही डिलीवरी प्रक्रिया में सुरक्षा और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड आधारित व्यवस्था का उपयोग भी व्यापक स्तर पर किया जा रहा है, जिससे गैस की वास्तविक डिलीवरी सुनिश्चित हो सके। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि मौजूदा भू राजनीतिक परिस्थितियों के बावजूद घरेलू आपूर्ति को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। विशेष रूप से अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों और आवश्यक सेवाओं के लिए गैस आपूर्ति को बिना किसी बाधा के सुनिश्चित करने की व्यवस्था की गई है, ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा उत्पन्न न हो। एलपीजी की जमाखोरी और अवैध भंडारण पर रोक लगाने के लिए देशभर में सघन अभियान चलाया जा रहा है। इस दौरान हजारों स्थानों पर निरीक्षण किए गए हैं और बड़ी संख्या में अवैध सिलेंडर जब्त किए गए हैं। कई मामलों में कानूनी कार्रवाई की गई है, जिसमें एफआईआर दर्ज होना और संबंधित व्यक्तियों की गिरफ्तारी भी शामिल है। वितरण व्यवस्था की निगरानी के तहत कई एलपीजी वितरकों पर कार्रवाई की गई है। नियमों के उल्लंघन पर जुर्माना लगाया गया है, कुछ मामलों में चेतावनी दी गई है और गंभीर मामलों में लाइसेंस निलंबन जैसी कार्रवाई भी की गई है, ताकि उपभोक्ताओं को सुचारू और सुरक्षित सेवा मिलती रहे। सरकारी रिफाइनरियों की स्थिति को लेकर भी यह स्पष्ट किया गया है कि सभी प्रमुख इकाइयां पूरी क्षमता के साथ काम कर रही हैं और देश में कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार मौजूद है। इसके अलावा घरेलू मांग को पूरा करने के लिए एलपीजी उत्पादन भी बढ़ाया गया है, जिससे आपूर्ति प्रणाली मजबूत बनी रहे। देश में ऊर्जा आपूर्ति व्यवस्था स्थिर है और सरकार का फोकस डिजिटल वितरण, पारदर्शिता और अवैध गतिविधियों पर सख्त नियंत्रण के माध्यम से उपभोक्ताओं को सुरक्षित और निर्बाध सेवा देने पर केंद्रित है।