Deva Pardi death case: गुना। देवा पारदी पुलिस कस्टडी मौत मामले में फरार चल रहे थाना प्रभारी (TI) संजीत मावई ने आखिरकार रविवार को सरेंडर कर दिया। उन्होंने शिवपुरी जिले के बदरवास थाने में पहुंचकर खुद को पुलिस के हवाले किया। इसके बाद सीबीआई टीम उन्हें इंदौर लेकर रवाना हो गई।
यह मामला लंबे समय से सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में चल रहा था। देवा पारदी की मां हंसुरा बाईने सुप्रीम कोर्ट में स्पेशल लीव पिटीशन दायर की थी। इस पर 15 मई को कोर्ट ने सुनवाई करते हुए सीबीआई को एक महीने में आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे।
गिरफ्तारी नहीं होने पर फिर अवमानना याचिका दाखिल की गई। सुप्रीम कोर्ट ने 24 से 26 सितंबर के बीच हुई सुनवाई में सीबीआई और राज्य सरकार को फटकार लगाते हुए 8 अक्टूबर तक गिरफ्तारी का आदेश दिया था।
ढाबे से किया सरेंडर
बदरवास थाना प्रभारी विकास यादव के मुताबिक, संजीत मावई बदरवास क्षेत्र के एक हाईवे ढाबे पर खाना खा रहे थे। इसी दौरान गुना पुलिस वहां पहुंची। पुलिस को देखकर संजीत ने मौके पर ही सरेंडर कर दिया। बाद में उन्हें थाने लाया गया और सीबीआई को सूचना दी गई। कुछ देर बाद सीबीआई टीम बदरवास थाने पहुंची और उन्हें अपने साथ इंदौर ले गई।
आखिर क्या है पूरा मामला
यह मामला 15 जुलाई 2024 से जुड़ा है, जब बीलाखेड़ी निवासी देवा पारदी (25) की शादी तय थी। 14 जुलाई को बारात निकलने से पहले पुलिस चोरी के एक मामले में देवा और उसके चाचा को पूछताछ के लिए ले गई थी। उसी शाम देवा की पुलिस कस्टडी में मौत हो गई।
परिवार को बाद में जिला अस्पताल से सूचना मिली कि देवा का शव पोस्टमॉर्टम रूम में है। इस घटना के बाद पारदी समुदाय में आक्रोश फैल गया। बड़ी संख्या में महिलाएं अस्पताल पहुंचीं। देवा की चाची और उसकी होने वाली दुल्हन ने खुद पर पेट्रोल डालकर आत्मदाह की कोशिश भी की, लेकिन पुलिसकर्मियों ने उन्हें बचा लिया।
परिजनों का आरोप है कि म्याना थाने में देवा पारदी और उसके चाचा के साथ बुरी तरह मारपीट की गई, जिससे देवा की मौत हुई। अब सीबीआई इस पूरे मामले की जांच कर रही है और आरोपी TI से पूछताछ जारी है।
READ MORE : जमीन विवाद पर चली गोलियां, बदमाशों की फायरिंग से मचा हड़कंप, VIDEO वायरल…