Chambalkichugli.com

डिजिटल इंडिया की रफ्तार तेज 5G यूजर्स में भारत बना नंबर 2 हर महीने रिकॉर्ड डेटा खपत


नई दिल्ली । भारत में डिजिटल क्रांति अब एक नए स्तर पर पहुंच चुकी है जहां मोबाइल डेटा का इस्तेमाल लगातार रिकॉर्ड बना रहा है। Nokia की हालिया रिपोर्ट Nokia Mobile Broadband Index 2026 के मुताबिक देश में हर मोबाइल यूजर एक महीने में औसतन 31GB से ज्यादा डेटा खर्च कर रहा है। यह आंकड़ा न सिर्फ भारत में इंटरनेट की बढ़ती पहुंच को दर्शाता है बल्कि यह भी बताता है कि लोग अब डिजिटल सेवाओं पर कितने ज्यादा निर्भर हो चुके हैं।

रिपोर्ट के अनुसार भारत में 5G टेक्नोलॉजी का विस्तार बेहद तेजी से हो रहा है। साल दर साल 5G ट्रैफिक में 70 प्रतिशत से ज्यादा की वृद्धि दर्ज की गई है। इतना ही नहीं अब देश के कुल मोबाइल ब्रॉडबैंड ट्रैफिक का लगभग 47 प्रतिशत हिस्सा 5G से आ रहा है। यह बदलाव इस बात का संकेत है कि यूजर्स तेजी से नई और तेज नेटवर्क तकनीक को अपना रहे हैं।

भारत अब दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा 5G सब्सक्राइबर बेस बन चुका है। इसका मतलब है कि केवल एक देश ही भारत से आगे है जबकि बाकी दुनिया भारत से पीछे है। यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि कुछ साल पहले तक 4G ही मुख्य नेटवर्क था और अब 5G तेजी से उसकी जगह ले रहा है।

डेटा खपत में इस बढ़ोतरी के पीछे कई बड़े कारण हैं। आजकल लोग 4K वीडियो स्ट्रीमिंग का खूब इस्तेमाल कर रहे हैं जिससे डेटा की खपत तेजी से बढ़ती है। इसके अलावा AI आधारित एप्लिकेशन और क्लाउड गेमिंग जैसे नए ट्रेंड भी डेटा उपयोग को बढ़ा रहे हैं। मनोरंजन से लेकर कामकाज तक लगभग हर चीज अब इंटरनेट पर निर्भर हो गई है।

रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि मेट्रो शहर 5G उपयोग में सबसे आगे हैं जहां कुल मोबाइल डेटा ट्रैफिक का 58 प्रतिशत हिस्सा 5G का है। इसका मतलब है कि बड़े शहरों में लोग तेजी से हाई स्पीड इंटरनेट अपना रहे हैं और उसका भरपूर उपयोग कर रहे हैं।

अगर डिवाइस की बात करें तो 2025 तक देश में 892 मिलियन से ज्यादा 4G डिवाइस एक्टिव थे जिनमें से 383 मिलियन डिवाइस 5G सपोर्ट के साथ आ चुके हैं। खास बात यह है कि हाल ही में लॉन्च हुए 90 प्रतिशत से ज्यादा स्मार्टफोन 5G सपोर्ट के साथ आ रहे हैं जो इस टेक्नोलॉजी के भविष्य को और मजबूत बनाता है।

आने वाले समय में यह आंकड़े और भी तेजी से बढ़ने वाले हैं। अनुमान है कि 2031 तक भारत में 5G यूजर्स की संख्या 1 अरब के पार पहुंच सकती है। इसका सीधा मतलब है कि देश की डिजिटल इकोनॉमी और भी मजबूत होगी और इंटरनेट का उपयोग जीवन के हर क्षेत्र में और गहराई से जुड़ जाएगा।

यह पूरा परिदृश्य दिखाता है कि भारत अब सिर्फ इंटरनेट यूजर वाला देश नहीं रहा बल्कि वह एक डिजिटल पावरहाउस बनता जा रहा है जहां डेटा ही नई ताकत है और 5G उसकी सबसे बड़ी गति बनकर उभर रहा है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *