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ग्लोबल तनाव का असर! CAIT ने सरकार से मांगी राहत, इनपुट लागत कंट्रोल करने की अपील

नई दिल्ली।मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच देश के व्यापारिक संगठनों ने चिंता जतानी शुरू कर दी है। इसी कड़ी में कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) ने केंद्र सरकार से अपील की है कि वह लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSME) और छोटे व्यापारियों के लिए त्वरित राहत उपाय लागू करे। संगठन का कहना है कि पश्चिम एशिया में जारी संकट का सीधा असर भारत के व्यापार, आपूर्ति श्रृंखला और लागत संरचना पर पड़ रहा है।

क्रेडिट और लिक्विडिटी बढ़ाने की मांग

CAIT ने सरकार से विशेष क्रेडिट गारंटी लाइन स्कीम शुरू करने की मांग की है, जिससे छोटे व्यवसायों को लिक्विडिटी सपोर्ट मिल सके। इसके साथ ही MSME सेक्टर को राहत देने के लिए लोन चुकाने की समयसीमा बढ़ाने की भी अपील की गई है। संगठन का मानना है कि मौजूदा हालात में नकदी की उपलब्धता बनाए रखना बेहद जरूरी है, ताकि कारोबार प्रभावित न हो।

इनपुट लागत और ईंधन कीमतों पर नजर जरूरी

संगठन ने ईंधन, कच्चे माल और माल ढुलाई की बढ़ती लागत पर भी चिंता जताई है। CAIT ने सरकार से इन लागतों की बारीकी से निगरानी और स्थिरीकरण के लिए ठोस कदम उठाने का आग्रह किया है। इसके अलावा प्रभावित क्षेत्रों के लिए ब्याज सब्सिडी, बीमा सहायता और निर्यातकों के लिए तेजी से रिफंड की सुविधा देने की भी मांग की गई है।

सरकार को लिखा गया पत्र, त्वरित कार्रवाई की अपील

CAIT के महासचिव और सांसद Praveen Khandelwal ने वित्त मंत्री Nirmala Sitharaman को पत्र लिखकर इन मुद्दों को उठाया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए, तो छोटे व्यापारियों और MSME सेक्टर पर गंभीर आर्थिक दबाव पड़ सकता है।

‘वेस्ट एशिया टास्क फोर्स’ बनाने का सुझाव

खंडेलवाल ने एक विशेष ‘पश्चिम एशिया प्रभाव आकलन एवं प्रतिक्रिया कार्य बल’ बनाने का सुझाव भी दिया है। इसमें प्रमुख मंत्रालयों, Reserve Bank of India, व्यापार संगठनों और क्षेत्रीय विशेषज्ञों को शामिल करने की बात कही गई है। इसका उद्देश्य बदलती वैश्विक परिस्थितियों का लगातार आकलन कर समय-समय पर नीतिगत सुझाव देना होगा।

आपूर्ति श्रृंखला और लागत दबाव पर बढ़ती चिंता

पत्र में कहा गया है कि मौजूदा तनाव के कारण इनपुट लागत बढ़ रही है, सप्लाई चेन बाधित हो रही है और कार्यशील पूंजी पर दबाव बढ़ रहा है। इसका सीधा असर कंपनियों के मुनाफे और संचालन पर पड़ सकता है, खासकर छोटे और मध्यम व्यवसायों के लिए स्थिति चुनौतीपूर्ण बन सकती है।

सरकार के प्रयासों की सराहना भी

हालांकि CAIT ने Narendra Modi के नेतृत्व में सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की सराहना भी की। संगठन ने कहा कि सप्लाई सोर्स का विविधीकरण, लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करना और जरूरी वस्तुओं की निगरानी जैसे कदमों से बाजार में स्थिरता बनी हुई है और व्यापार जगत का भरोसा कायम है।

समय रहते कदम जरूरी

कुल मिलाकर, CAIT का मानना है कि वैश्विक तनाव के इस दौर में सरकार को सक्रिय और सतर्क रहकर छोटे व्यवसायों के लिए राहत उपाय लागू करने चाहिए, ताकि अर्थव्यवस्था की गति बनी रहे।

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