Chambalkichugli.com

श्रीलंका के लिए चिंता का सबब, वानिंदु हसरंगा की अनुपस्थिति में टूर्नामेंट चुनौतीपूर्ण

नई दिल्ली ।टी20 विश्व कप 2026 की सह-मेजबान श्रीलंका को बड़ा झटका लगा है। टीम के दिग्गज स्पिनर वानिंदु हसरंगा इंजरी के चलते टूर्नामेंट से बाहर हो गए हैं। हसरंगा को रविवार को कोलंबो में आयरलैंड के खिलाफ ग्रुप स्टेज मैच के दौरान हैमस्ट्रिंग में चोट लगी थी। सोमवार को एमआरआई स्कैन में उनके बाएं हैमस्ट्रिंग में गंभीर चोट पाई गई। यूके के एक विशेषज्ञ की सलाह के बाद उन्हें विश्व कप से बाहर कर दिया गया है। इस चोट के कारण हसरंगा कम से कम चार सप्ताह तक क्रिकेट से दूर रहेंगे। हसरंगा की अनुपस्थिति श्रीलंका के लिए बड़ा झटका है। वह केवल बेहतरीन और मैच जिताऊ गेंदबाज ही नहीं हैं, बल्कि निचले क्रम में उपयोगी बल्लेबाजी भी कर टीम की कई बार जीत सुनिश्चित कर चुके हैं। आयरलैंड के खिलाफ पहले मैच में हसरंगा ने 4 ओवर में केवल 25 रन देकर 3 विकेट लिए थे, जिससे टीम को जीत की राह आसान हुई थी। उनके बाहर होने से श्रीलंका की गेंदबाजी और निचले क्रम की बल्लेबाजी में दबाव बढ़ गया है। टीम प्रबंधन ने हसरंगा की जगह लेगस्पिनर दुशान हेमंथा को शामिल करने पर विचार करना शुरू कर दिया है। 31 वर्षीय हेमंथा ने अब तक श्रीलंका के लिए 5 वनडे और 3 टी20 मैच खेले हैं, जिसमें उन्होंने कुल 6 विकेट लिए हैं। यदि हेमंथा को शामिल किया गया, तो उन्हें टीम में नई भूमिका निभानी होगी और मैच के अहम मोड़ों पर जिम्मेदारी संभालनी होगी। श्रीलंका का अगला ग्रुप मैच 12 फरवरी को पल्लेकेले में ओमान के खिलाफ खेला जाएगा। इसके बाद 16 फरवरी को ऑस्ट्रेलिया और 19 फरवरी को कोलंबो में जिम्बाब्वे के खिलाफ मैच है। पहले मैच में आयरलैंड पर मिली 20 रन की जीत ने टीम को टूर्नामेंट की शुरुआत में आत्मविश्वास दिया था।आयरलैंड के खिलाफ पहले मैच में श्रीलंका ने खराब शुरुआत के बावजूद छह विकेट पर 163 रन बनाए थे। कामिंडू मेंडिस ने 19 गेंदों में 44 रन और कुसल मेंडिस ने नाबाद 56 रन की पारी खेली। लक्ष्य का पीछा करते हुए आयरलैंड की टीम 19.5 ओवर में 143 रन पर ऑलआउट हो गई। रॉस एडेयर ने 23 गेंदों पर 34 रन और हैरी टेक्टर ने 34 गेंदों पर 40 रन बनाए, लेकिन टीम जीत से दूर रही। हसरंगा की चोट श्रीलंका के लिए चिंता का विषय है। विश्व कप में स्पिनिंग आक्रमण और निचले क्रम की स्थिरता पर असर पड़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि दुशान हेमंथा जैसे नए खिलाड़ी को टीम में शामिल करना श्रीलंका के लिए चुनौती और अवसर दोनों है। आगामी मैचों में टीम को संतुलन बनाए रखना होगा और बल्लेबाजी के दबाव को संभालना होगा। टी20 विश्व कप में हर मैच अहम है और हसरंगा की अनुपस्थिति में श्रीलंका को रणनीति बदलनी होगी। टीम के कोच और कप्तान इस समय खिलाड़ियों के मनोबल और गेंदबाजी संयोजन पर ध्यान दे रहे हैं। खेल प्रेमियों की नजरें अगले मैचों पर हैं कि नई स्थिति में श्रीलंका किस तरह से मुकाबला करती है।