इन स्टॉक्स का चयन एक विशेष स्क्रीनिंग के आधार पर किया गया। इसका उद्देश्य ऐसे कम कीमत वाले और सक्रिय रूप से ट्रेड होने वाले शेयर ढूंढना था, जिन पर हाल ही में दबाव दिखा। इस स्क्रीन में मार्केट कैप 1,000 करोड़ रुपये से कम, शेयर की कीमत 20 रुपये से कम और न्यूनतम ट्रेडिंग वॉल्यूम 5 लाख शेयर जैसी शर्तें शामिल थीं।
सूची में सबसे ऊपर एसआरयू स्टील्स (SRU Steels) है। कंपनी ने पिछले दो हफ्तों में 56% की भारी गिरावट दर्ज की। इसका पिछला क्लोजिंग प्राइस 1.47 रुपये था और मार्केट कैप मात्र 8.81 करोड़ रुपये। 1995 में स्थापित यह कंपनी मुख्य रूप से स्टेनलेस स्टील की ट्रेडिंग के बिजनेस में सक्रिय है।
दूसरे नंबर पर सुफा फार्माकेम (Supha Pharmachem / Remedium Lifecare) है, जिसने 34% की गिरावट दिखाई। इसका पिछला क्लोजिंग प्राइस 0.45 रुपये रहा। 1988 में स्थापित यह कंपनी एडवांस्ड फार्मास्युटिकल इंटरमीडिएट्स और अन्य फार्मा उत्पादों की ट्रेडिंग करती है।
तीसरे स्थान पर पारले इंडस्ट्रीज (Parle Industries) है, जिसने 33% का नुकसान झेला। इसका क्लोजिंग प्राइस 4.96 रुपये था। 1983 में स्थापित यह कंपनी इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट डेवलपमेंट के क्षेत्र में काम करती है।
चौथे नंबर पर है ए-1 एसिड लिमिटेड (A-1 Acid), जिसने 28% की गिरावट दर्ज की। पिछला क्लोजिंग प्राइस 18.16 रुपये था और मार्केट कैप 835 करोड़ रुपये। 2004 में स्थापित यह कंपनी एसिड और केमिकल्स की होलसेल ट्रेडिंग के साथ-साथ ट्रांसपोर्टेशन बिजनेस में भी सक्रिय है।
पांचवें नंबर पर है नवकार अर्बनस्ट्रक्चर (Navkar Urbanstructure), जिसने 27% की गिरावट दर्ज की। इसका क्लोजिंग प्राइस 0.95 रुपये और मार्केट कैप 107 करोड़ रुपये रहा। 1992 में स्थापित यह कंपनी RCC और RMC पाइप्स सहित इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के निर्माण और विकास में सक्रिय है।
पेनी स्टॉक्स निवेशकों को आकर्षित करते हैं क्योंकि इनकी कीमत कम होती है और इनमें जल्दी मुनाफा कमाने की संभावना रहती है। लेकिन इनके साथ जुड़े जोखिम भी कम नहीं हैं। कम लिक्विडिटी और अधिक अस्थिरता के कारण इन स्टॉक्स को बेचना मुश्किल हो सकता है। इसके अलावा इन कंपनियों के बारे में जानकारी सीमित होती है, जिससे कीमतों में हेरफेर और अचानक क्रैश का खतरा रहता है। बिना स्पष्ट रणनीति और जोखिम प्रबंधन के निवेशकों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।
इसलिए, अगर आप भी पेनी स्टॉक्स में निवेश करते हैं, तो बाजार की हालिया गतिविधियों पर नज़र रखना और समझदारी से निर्णय लेना बेहद जरूरी है।