नई दिल्ली। सब-जूनियर मेन्स नेशनल हॉकी चैंपियनशिप में उत्तर प्रदेश की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब अपने नाम किया। फाइनल में यूपी ने हॉकी मध्य प्रदेश को 5-2 से हराकर ट्रॉफी पर कब्जा जमाया। पूरी चैंपियनशिप में टीम अपराजेय रही और हर मैच में दमदार खेल दिखाया।
“खुली बातचीत और भरोसा ही जीत की कुंजी”
टीम के कप्तान केतन कुशवाहा ने जीत का राज बताते हुए कहा कि टीम के अंदर खुली बातचीत और एक-दूसरे पर भरोसा ही सबसे बड़ी ताकत रही। उन्होंने बताया कि हर खिलाड़ी अपनी गलतियों पर चर्चा करता था और उन्हें सुधारने की कोशिश करता था, जिससे टीम लगातार बेहतर होती गई।
टीम के कप्तान केतन कुशवाहा ने जीत का राज बताते हुए कहा कि टीम के अंदर खुली बातचीत और एक-दूसरे पर भरोसा ही सबसे बड़ी ताकत रही। उन्होंने बताया कि हर खिलाड़ी अपनी गलतियों पर चर्चा करता था और उन्हें सुधारने की कोशिश करता था, जिससे टीम लगातार बेहतर होती गई।
शुरुआती गोल से मिला आत्मविश्वास
केतन कुशवाहा ने कहा कि फाइनल में शुरुआती गोल ने टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया। इसके बाद टीम ने पूरे मैच में दबाव बनाए रखा और विपक्षी टीम को वापसी का मौका नहीं दिया।
केतन कुशवाहा ने कहा कि फाइनल में शुरुआती गोल ने टीम का आत्मविश्वास बढ़ा दिया। इसके बाद टीम ने पूरे मैच में दबाव बनाए रखा और विपक्षी टीम को वापसी का मौका नहीं दिया।
कोच और सिस्टम की बड़ी भूमिका
उत्तर प्रदेश हॉकी के अध्यक्ष डॉ. आरपी सिंह ने इस जीत को राज्य की मजबूत हॉकी प्रणाली का नतीजा बताया। उन्होंने कहा कि युवा खिलाड़ियों को समय रहते पहचानकर उन्हें सही कोचिंग और माहौल देना इस सफलता की असली वजह है। कोच रजनीश मिश्रा के योगदान की भी उन्होंने सराहना की।
उत्तर प्रदेश हॉकी के अध्यक्ष डॉ. आरपी सिंह ने इस जीत को राज्य की मजबूत हॉकी प्रणाली का नतीजा बताया। उन्होंने कहा कि युवा खिलाड़ियों को समय रहते पहचानकर उन्हें सही कोचिंग और माहौल देना इस सफलता की असली वजह है। कोच रजनीश मिश्रा के योगदान की भी उन्होंने सराहना की।
लगातार बेहतर हो रहा यूपी हॉकी का प्रदर्शन
यूपी हॉकी ने पिछले कुछ वर्षों में लगातार शानदार प्रदर्शन किया है। 2021 से अब तक राज्य की टीमों ने विभिन्न कैटेगरी में 13 पदक जीते हैं, जिनमें 5 गोल्ड शामिल हैं। यह दिखाता है कि राज्य में हॉकी का मजबूत आधार तैयार हो रहा है।
यूपी हॉकी ने पिछले कुछ वर्षों में लगातार शानदार प्रदर्शन किया है। 2021 से अब तक राज्य की टीमों ने विभिन्न कैटेगरी में 13 पदक जीते हैं, जिनमें 5 गोल्ड शामिल हैं। यह दिखाता है कि राज्य में हॉकी का मजबूत आधार तैयार हो रहा है।