MP: सतना में अतिक्रमण हटाने गई टीम पर पथराव…, SDM और TI जान बचाकर भागे

सतना। एमपी (MP) के सतना (Satna) के डॉली बाबा क्षेत्र (Dolly Baba Area) में शनिवार को हाई कोर्ट के आदेश पर अतिक्रमण हटाने गई टीम पर भारी पथराव हुआ। प्रशासन जैसे ही अवैध निर्माण ढहाने पहुंचाए स्थानीय लोगों और महिलाओं ने पुलिस पर हमला कर दिया जिससे एसडीएम और थाना प्रभारी को जान बचाकर भागना पड़ा। स्थिति काबू करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े। जमीन इंदौर की एक महिला की निजी संपत्ति थी जिस पर कुछ लोगों ने अवैध कब्जा कर रखा था। विरोध के बावजूद प्रशासन ने बुलडोजर चलाकर अवैध निर्माण ध्वस्त कर दिया। पुलिस ने मामले में तीन को हिरासत में लिया है। जान बचाने के लिए भागे एसडीएमपत्थरबाजी इतनी भीषण थी कि एसडीएम और थाना प्रभारी को जान बचाने के लिए भागना पड़ा। स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोलों का सहारा लेना पड़ा। प्रशासनिक अमला जैसे ही जेसीबी लेकर नौशाद कबाड़ी के अवैध निर्माण को ढहाने पहुंचा वहां महिलाओं ने महिला पुलिसकर्मियों के साथ धक्का-मुक्की शुरू कर दी। देखते ही देखते सैकड़ों लोग लामबंद हो गए और पुलिस टीम पर पथराव शुरू कर दिया। आंसू गैस के गोले दागेअचानक हुए इस हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई और एसडीएम समेत अन्य अधिकारी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते और बचाव करते नजर आए। इस हिंसक झड़प में एसडीएम राहुल सिलाड़िया और थाना प्रभारी रावेंद्र द्विवेदी बाल-बाल बच गए। पथराव में कई पुलिसकर्मियों को मामूली चोटें भी आई हैं। बिगड़ते हालात को देखते हुए तत्काल रिजर्व पुलिस फोर्स को मौके पर बुलाया गया। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे, जिसके बाद उपद्रवी पीछे हटे। इंदौर के भू-स्वामी की जमीन पर था कब्जाएसडीएम राहुल सिलाड़िया ने बताया कि यह कार्रवाई माननीय हाई कोर्ट के 2023 के आदेश के पालन में की गई थी। यह जमीन इंदौर निवासी अनीता सिंह की निजी संपत्ति है। इस पर रामललन दहिया, ऊषा दहिया और नौशाद कबाड़ी ने लगभग 500 से 600 वर्गफीट के पक्के मकान और डेयरी बनाकर अवैध कब्जा कर रखा था। तीन आरोपी हिरासत मेंभारी विरोध और हमले के बावजूद प्रशासन ने कदम पीछे नहीं खींचे। अतिरिक्त बल की मौजूदगी में दोबारा कार्रवाई शुरू की गई और सभी अवैध निर्माणों को जमींदोज कर दिया गया। पुलिस ने पथराव के आरोप में दो पुरुषों और एक महिला को हिरासत में लिया है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अन्य हमलावरों की पहचान की जा रही है। एहतियात के तौर पर पूरे इलाके में पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है।
ईरान की छह अरब डॉलर की संपत्ति फ्रीज…. होर्मुज खोलने के लिए US के समक्ष रखी ये शर्त

वॉशिंगटन। पाकिस्तान (Pakistan) में अमेरिका (America) और ईरान (Iran) के बीच वार्ता में तेहरान की फ्रीज छह अरब डॉलर की संपत्ति को जारी करना अहम मुद्दा है। यह संपत्ति अभी कतर में जमा है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, एक ईरानी सूत्र ने बताया कि कतर समेत विदेश में फ्रीज संपत्तियों को जारी करना होर्मुज (Strait of Hormuz ) से सुरक्षित आवाजाही तय करने से सीधे तौर पर जुड़ा है। छह अरब डॉलर की यह राशि सबसे पहले 2018 में रोकी गई थी। वाशिंगटन तथा तेहरान के बीच कैदियों की अदला-बदली के समझौते के तहत इसे 2023 में जारी किया जाना था, पर सात अक्तूबर, 2023 को इस्राइल पर हमास के नेतृत्व में हुए हमले के बाद उसके ईरान से संबंधों को देखते हुए बाइडन प्रशासन ने संपत्तियों को फिर से फ्रीज कर दिया। तब अमेरिकी अधिकारियों ने कहा था कि तेहरान को इस पैसे तक अनिश्चितकाल के लिए पहुंच नहीं दी जाएगी और वाशिंगटन के पास इन निधियों को पूरी तरह से रोक देने का अधिकार सुरक्षित है। यह पैसा दक्षिण कोरिया को किए गए ईरानी कच्चे तेल के निर्यात से आया था। 2018 में जब डोनाल्ड ट्रंप ने अपने पहले राष्ट्रपति कार्यकाल के दौरान ईरान परमाणु समझौते से खुद को अलग कर लिया था और प्रतिबंध लागू कर दिए थे, तो यह पैसा दक्षिण कोरियाई बैंकिंग चैनलों में फंस गया था। अमेरिका-ईरान वार्ता के मुख्य चर्चा के बिंदुईरान चाहता है कि अमेरिका उसकी संपत्तियों पर लगी रोक हटा ले और उन प्रतिबंधों को खत्म कर दे, जिन्होंने वर्षों से उसकी अर्थव्यवस्था को पंगु बना रखा है। अमेरिका ने संकेत दिया है कि वह प्रतिबंधों में बड़ी राहत देने को तैयार है, लेकिन वह केवल परमाणु और मिसाइल कार्यक्रमों में रियायतें के बदले में ही करेगा। ईरान होर्मुज मार्ग पर अपने अधिकार की मान्यता चाहता है। ईरान का मकसद होर्मुज में शुल्क वसूलना और पहुंच को नियंत्रित करना है। वहीं, अमेरिका चाहता है कि यह मार्ग तेल टैंकरों और अन्य यातायात के लिए बिना किसी रोक-टोक के खुला रहे, जिसमें टोल शुल्क भी शामिल है। ईरान युद्ध के दौरान हुए सभी नुकसान के लिए मुआवजे की मांग कर रहा है। ईरान यूरेनियम संवर्धन की अनुमति चाहता है, जिसे वाशिंगटन ने सिरे से खारिज कर दिया है। इस्राइल-अमेरिका, दोनों ही चाहते हैं कि ईरान की मिसाइल क्षमताओं में भारी कटौती की जाए। तेहरान ने कहा है कि उसका मिसाइल जखीरा वार्ता का विषय नहीं है। ईरान इस क्षेत्र से अमेरिकी लड़ाकू बलों की वापसी, सभी मोर्चों पर युद्ध की समाप्ति चाहता है। ट्रंप ने कहा है कि जब तक कोई शांति समझौता नहीं हो जाता, तब तक वह पश्चिम एशिया में अपनी सैन्य मौजूदगी बनाए रखेंगे। विरोधाभासी दावे भीबातचीत शुरू होने के साथ ही दोनों पक्षों की ओर से विरोधाभासी बयान भी सामने आए। एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि अमेरिका कतर और अन्य विदेशी बैंकों में ईरान की जब्त 6 अरब डॉलर की संपत्तियों को जारी करने पर सहमत हो गया। बदले में ईरान होर्मुज मार्ग से जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करेगा। लेकिन व्हाइट हाउस ने मीडिया रिपोर्टों को खारिज कर दिया। कतर की ओर से भी इस संबंध में कोई बयान नहीं आया। अमेरिकी टीम के सामने मजबूती से डटे हैं : ईरानशांति वार्ता के बीच ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने कहा कि इस्लामाबाद में वार्ता में ईरान के नेता मजबूती से डटे हैं व पुरजोर तरीके से अपने हितों की रक्षा करते हुए बहादुरी से बातचीत कर रहे हैं। इस्लामाबाद में अमेरिका के साथ वार्ता में ईरान जिन प्रमुख बिंदुओं पर बातचीत चाहता है, उसमें लेबनान में संघर्षविराम प्रमुख है। लड़ाई शुरू होने के बाद से ईरान समर्थित हिजबुल्ला लड़ाकों पर इस्राइली हमलों में करीब 2,000 लोग मारे जा चुके हैं। इस्राइल-अमेरिका का कहना है कि लेबनान अभियान संघर्षविराम का हिस्सा नहीं है। मोजतबा के चेहरे पैर पर गंभीर चोट का दावाईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मोजतबा खामनेई के स्वास्थ्य को लेकर बड़ा दावा किया गया है। सूत्रों के हवाले से मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि मुजतबा खामनेई 28 फरवरी हुए उस हवाई हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिसमें उनके पिता (अली खामनेई) की मृत्यु हुई थी। हमले में उनके चेहरे पर गहरी चोटें आई हैं, जिससे चेहरा विकृत हो गया है। उनके पैरों में भी गंभीर घाव हैं। कुछ खुफिया आकलनों के अनुसार उन्होंने अपना एक पैर भी खो दिया है। 8 मार्च को सर्वोच्च नेता बनने के बाद से 56 वर्षीय मोजतबा जनता के सामने नहीं आए हैं। उनकी कोई फोटो या वीडियाे भी जारी नहीं किया गया है। पिछले दिनों मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया था कि उनका कुम शहर में इलाज चल रहा है। रूस की नसीहत, इस्लामाबाद बातचीत खतरे में न पड़ने देंरूस ने इस्लामाबाद बातचीत में हिस्सा लेने वालों से कहा है कि वे ऐसे किसी भी कदम से परहेज करें, जिससे यह मौका खतरे में पड़ सकता है। सोशल मीडिया पर एक बयान में रूसी विदेश मंत्रालय ने कहा, हम पाकिस्तान में होने वाली बातचीत में हिस्सा लेने वाले सभी लोगों से जिम्मेदारी से काम करने और ऐसे किसी भी कदम से बचने की अपील करते हैं जिससे यह मौका खतरे में पड़ सकता है। वहीं, दूसरी तरफ चीन ने भी पाकिस्तान में हो रही इस अहम वार्ता पर बारीकी से नजरें बना रखी है। मालूम हो कि संघर्ष के दौरान चीन और रूस ईरान के बड़े मददगार रहे हैं।
Weekend Getaways: कम पैसों में घूमने के लिए बेस्ट डेस्टिनेशन, छुट्टी को बनाएं खास

नई दिल्ली।रविवार का दिन अक्सर आराम और घर पर बिताने के लिए माना जाता है, लेकिन अगर आप इस दिन को थोड़ा खास बनाना चाहते हैं तो पास की किसी खूबसूरत जगह पर एक छोटी ट्रिप का प्लान कर सकते हैं। मौसम में हल्की ठंडक के बीच एक दिन की यात्रा न सिर्फ आपको तरोताजा करती है बल्कि तनाव और रोजमर्रा की थकान को भी दूर करती है। आजकल एक दिन की ट्रिप के लिए दूर जाने की जरूरत नहीं होती, क्योंकि हर शहर के आसपास ऐसी कई जगहें मौजूद होती हैं जहां कम पैसे में भी बेहतरीन अनुभव लिया जा सकता है। 1. नजदीकी हिल स्टेशन बनाएं पहला विकल्पअगर आपके शहर से 3 से 5 घंटे की दूरी पर कोई हिल स्टेशन है, तो यह रविवार बिताने का बेहतरीन विकल्प हो सकता है। आप शनिवार रात यात्रा शुरू करके रविवार सुबह वहां पहुंच सकते हैं और पूरे दिन प्राकृतिक नजारों का आनंद ले सकते हैं। पहाड़ों की ठंडी हवा, हरियाली और शांत वातावरण मन को सुकून देता है। शाम तक वापस लौटकर सोमवार की दिनचर्या भी आसानी से संभाली जा सकती है। 2. ऐतिहासिक स्थलों की सैर करेंभारत के हर राज्य में कई ऐतिहासिक धरोहरें मौजूद हैं, जो एक दिन की ट्रिप के लिए परफेक्ट हैं। चाहे वह किले हों, स्मारक हों या पुराने मंदिर—इन जगहों पर जाकर इतिहास को करीब से महसूस किया जा सकता है। दिल्ली का कुतुब मीनार, आगरा का ताजमहल या जयपुर का आमेर किला जैसे स्थल घूमने के लिए बेहतरीन विकल्प हैं। ये जगहें न सिर्फ ज्ञान बढ़ाती हैं बल्कि शानदार फोटोग्राफी का मौका भी देती हैं। 3. प्रकृति के बीच बिताएं सुकून भरा दिनअगर आप शांति और सुकून की तलाश में हैं तो अपने शहर के आसपास मौजूद झीलों, नेचर पार्क या वॉटरफॉल्स का रुख कर सकते हैं। परिवार या दोस्तों के साथ पिकनिक का प्लान बनाकर पूरा दिन प्राकृतिक वातावरण में बिताया जा सकता है। हरे-भरे पेड़, पानी की कलकल और ताजी हवा मन को शांत कर देती है और नई ऊर्जा का एहसास कराती है। 4. एडवेंचर स्पॉट्स पर लें रोमांच का मजाअगर आप एडवेंचर पसंद करते हैं तो ट्रेकिंग, बोटिंग या साइक्लिंग जैसी गतिविधियों वाले स्थान चुन सकते हैं। कई ऐसे डेस्टिनेशन हैं जहां एक ही दिन में एडवेंचर एक्टिविटीज कराकर शाम तक वापसी संभव होती है। हल्की ठंड में एडवेंचर करना अनुभव को और भी यादगार बना देता है। एक दिन की ट्रिप के फायदे कम खर्च में घूमने का मौकामानसिक तनाव से राहतपरिवार और दोस्तों के साथ क्वालिटी टाइमनई जगहों को एक्सप्लोर करने का अवसरकाम के लिए नई ऊर्जा मिलती है अगर आप हर रविवार घर पर बोर हो जाते हैं, तो पास की जगहों पर एक दिन की यात्रा आपके लिए बेहतरीन विकल्प है। चाहे हिल स्टेशन हो, ऐतिहासिक स्थल हो या नेचर स्पॉट—थोड़ी सी प्लानिंग से आप अपने वीकेंड को यादगार बना सकते हैं और नई ऊर्जा के साथ हफ्ते की शुरुआत कर सकते हैं।
सूर्य देव की कृपा पाने के उपाय, रविवार को करें इन शक्तिशाली मंत्रों का उच्चारण

नई दिल्ली। हिंदू धर्म में रविवार का दिन सूर्य देव को समर्पित माना जाता है। इस दिन सुबह स्नान करके सूर्य देव को जल अर्पित करना और श्रद्धा भाव से उनकी पूजा करना अत्यंत शुभ माना जाता है। मान्यता है कि सूर्य देव की उपासना से जीवन में ऊर्जा, आत्मविश्वास, स्वास्थ्य और सफलता का संचार होता है। विशेषकर जब रविवार के दिन सूर्य मंत्रों का जाप किया जाए, तो व्यक्ति के जीवन से नकारात्मकता दूर होती है और कई प्रकार के कष्टों से राहत मिलने की मान्यता है। रविवार को सूर्य को जल अर्पित करने का महत्वसुबह जल्दी उठकर स्नान करने के बाद तांबे के लोटे में जल लेकर उसमें लाल पुष्प, अक्षत और रोली डालकर सूर्य देव को अर्घ्य देना शुभ माना जाता है। जल अर्पित करते समय “ॐ सूर्याय नमः” का उच्चारण करने से मन शांत होता है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। ऐसा करने से व्यक्ति के जीवन में आत्मबल बढ़ता है और ग्रहों की स्थिति भी अनुकूल होने की मान्यता है। सूर्य बीज मंत्र का महत्व और जाप विधिरविवार के दिन सबसे प्रभावशाली मंत्रों में सूर्य बीज मंत्र को विशेष स्थान दिया गया है। शांत स्थान पर आसन लगाकर सुबह स्नान के बाद मन को एकाग्र करके“ॐ ह्रां ह्रीं ह्रौं सः सूर्याय नमः”का 108 बार जाप करना अत्यंत फलदायी माना जाता है। कहा जाता है कि इस मंत्र के नियमित जाप से व्यक्ति की कुंडली में सूर्य की स्थिति मजबूत होती है और कार्यों में सफलता मिलने लगती है। यह मंत्र आत्मविश्वास बढ़ाने और जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाला माना जाता है। सूर्य गायत्री मंत्र से मिलती है मानसिक शांतिसूर्य देव की कृपा पाने के लिए रविवार के दिन सूर्य गायत्री मंत्र का जाप भी अत्यंत लाभकारी माना गया है।“ॐ भास्कराय विद्महे महादुत्याथिकराया धीमहि तन्नो आदित्यः प्रचोदयात्”का श्रद्धा पूर्वक जाप करने से मानसिक तनाव कम होता है और व्यक्ति को आत्मिक शांति प्राप्त होती है। मान्यता है कि इस मंत्र के प्रभाव से जीवन में आने वाली बाधाएं धीरे-धीरे समाप्त होने लगती हैं और व्यक्ति सही निर्णय लेने में सक्षम होता है। घृणि सूर्य मंत्र से बढ़ता है आत्मविश्वासरविवार को एक और प्रभावशाली मंत्र माना जाता है“ॐ घृणि सूर्याय नमः”इस मंत्र का 108 बार जाप करने से शरीर में ऊर्जा का संचार होता है और आत्मविश्वास बढ़ता है। कहा जाता है कि यह मंत्र स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं में भी राहत देने वाला है और व्यक्ति को मानसिक रूप से मजबूत बनाता है। नकारात्मकता दूर करने वाला सूर्य मंत्रयदि जीवन में नकारात्मकता अधिक महसूस हो रही हो, तो“ॐ घृणि सूर्य्य आदित्यः”मंत्र का जाप करने की सलाह दी जाती है। शांत मन से इसका नियमित उच्चारण करने से मनोबल बढ़ता है और व्यक्ति के विचार सकारात्मक होने लगते हैं। यह मंत्र जीवन में स्थिरता और संतुलन लाने वाला माना जाता है। मनोकामना पूर्ति के लिए विशेष सूर्य मंत्रमनोकामनाओं की पूर्ति के लिए सूर्य देव को समर्पित एक विशेष मंत्र का उल्लेख मिलता है।“ॐ ह्रीं ह्रीं सूर्याय सहस्रकिरणाय मनोवांछित फलम् देहि देहि स्वाहा”इस मंत्र का 108 बार जाप करने के बाद सूर्य देव को जल अर्पित करना अत्यंत शुभ माना गया है। कहा जाता है कि इससे जीवन में सुख-समृद्धि आती है और रुके हुए कार्यों में गति मिलती है। सावधानी और नियमइन मंत्रों का जाप करते समय मन को शांत और एकाग्र रखना आवश्यक है। बिना श्रद्धा और नियम के किया गया जाप पूर्ण फल नहीं देता, ऐसा माना जाता है। साथ ही, किसी भी प्रकार की जीवन समस्या के लिए केवल आध्यात्मिक उपाय पर निर्भर रहने के बजाय व्यावहारिक प्रयास भी जरूरी हैं। रविवार के दिन सूर्य देव की पूजा और मंत्र जाप भारतीय परंपरा में ऊर्जा, आत्मविश्वास और सकारात्मकता का प्रतीक माना जाता है। नियमित रूप से श्रद्धा पूर्वक सूर्य उपासना करने से जीवन में नई दिशा, शांति और सफलता मिलने की मान्यता है।
पसीने की बदबू से छुटकारा पाने के लिए अपनाएं आयुर्वेदिक उपचार, मिलेगा लंबे समय तक आराम

नई दिल्ली। गर्मियों के मौसम में शरीर से ज्यादा पसीना निकलना एक आम समस्या है, लेकिन कई बार यह पसीना बदबूदार हो जाता है। आयुर्वेद के अनुसार इसे शरीर में वात और कफ दोष के असंतुलन से जोड़ा जाता है। जब शरीर में ये दोष बिगड़ते हैं तो पसीना अधिक निकलता है और त्वचा पर बैक्टीरिया तेजी से पनपते हैं, जिससे दुर्गंध उत्पन्न होती है। इसके अलावा गलत खान-पान, कम पानी पीना और सिंथेटिक कपड़ों का उपयोग भी इस समस्या को बढ़ा देता है। तला-भुना और मसालेदार भोजन शरीर में गर्मी बढ़ाता है, जिससे पसीना और बदबू दोनों बढ़ जाते हैं। आयुर्वेदिक उपाय जो अंदर से करेंगे शरीर को साफआयुर्वेद में इस समस्या का समाधान केवल बाहरी नहीं, बल्कि अंदरूनी संतुलन में बताया गया है। 1. सुबह गुनगुना पानी और सौंफ का सेवनदिन की शुरुआत गुनगुने पानी से करना और सौंफ का पानी पीना शरीर को ठंडक देता है। यह पाचन सुधारता है और शरीर से विषैले तत्वों को बाहर निकालने में मदद करता है। 2. गुलाब जल का सेवनदिन में सीमित मात्रा में गुलाब जल का सेवन शरीर और मन दोनों को ठंडक देता है। यह तनाव कम करने और शरीर की दुर्गंध को नियंत्रित करने में सहायक माना जाता है। 3. नारियल पानी का सेवनगर्मियों में नियमित रूप से नारियल पानी पीना शरीर को हाइड्रेट रखता है और शरीर की गर्मी को कम करता है। यह प्राकृतिक डिटॉक्स का काम भी करता है। 4. भुना जीरा छाछदोपहर के समय भुना जीरा मिलाकर छाछ पीना पाचन को मजबूत करता है और शरीर को ठंडा रखता है। यह लू से बचाव में भी मदद करता है। बाहरी शरीर की देखभाल भी जरूरी- 1. नीम से स्नानआयुर्वेद में नीम को प्राकृतिक एंटी-बैक्टीरियल माना गया है। नीम के पत्तों से स्नान करने पर त्वचा की गंदगी और बैक्टीरिया कम होते हैं, जिससे दुर्गंध नियंत्रित होती है। 2. फिटकरी वाला पानीअगर नीम उपलब्ध न हो तो नहाने के पानी में फिटकरी मिलाना भी लाभकारी माना जाता है। यह त्वचा को साफ रखता है और बैक्टीरिया को खत्म करने में मदद करता है। 3. चंदन और गुलाबजल का प्रयोगशरीर पर चंदन और गुलाबजल का लेप लगाने से त्वचा को ठंडक मिलती है और प्राकृतिक खुशबू बनी रहती है। यह पसीने की दुर्गंध को काफी हद तक कम करता है। जरूरी सावधानीयदि पसीने की दुर्गंध बहुत अधिक हो या लगातार बनी रहे, तो केवल घरेलू उपायों पर निर्भर न रहें और चिकित्सकीय सलाह जरूर लें। संतुलित आहार और साफ-सफाई भी बेहद जरूरी है। गर्मियों में पसीने की बदबू को केवल डियोड्रेंट से नहीं, बल्कि आयुर्वेदिक दिनचर्या और सही खान-पान से नियंत्रित किया जा सकता है। अंदरूनी शुद्धता और बाहरी स्वच्छता दोनों मिलकर इस समस्या का स्थायी समाधान दे सकते हैं।
Aaj Ka Rashifal: रविवार को किस्मत चमकेगी, पैतृक संपत्ति से मिल सकता है बड़ा फायदा

नई दिल्ली। 12 अप्रैल 2026, रविवार का दिन ग्रह-नक्षत्रों की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रसिद्ध भविष्यवक्ता डॉ. अनीष व्यास के अनुसार इस दिन शनि और बुध की दुर्लभ युति कई राशियों के जीवन में बड़े बदलाव ला सकती है। जहां कुछ राशियों के लिए यह दिन तरक्की और सफलता के नए रास्ते खोलेगा, वहीं कुछ जातकों को आर्थिक मामलों में सतर्क रहने की सलाह दी गई है। विशेष रूप से सिंह, मकर और मीन राशि के लिए यह दिन बेहद शुभ रहने की संभावना है। इन जातकों के लंबे समय से रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं और करियर में नई ऊंचाइयों के द्वार खुल सकते हैं। वहीं मिथुन और धनु राशि के लोगों को धन लेन-देन में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। मेष राशि (Aries)आज कार्यों की अधिकता रहेगी और सरकारी कामों में सावधानी जरूरी है। परिवार में चल रही दूरियां खत्म हो सकती हैं।करियर: व्यस्तता बढ़ेगीफाइनेंस: खर्चों पर नियंत्रण रखेंलव: पारिवारिक सहयोग मिलेगास्वास्थ्य: थकान संभव वृषभ राशि (Taurus)कार्यस्थल पर प्रभाव बढ़ेगा, संपत्ति या वाहन खरीद के योग बन सकते हैं।करियर: सफलता के अवसरफाइनेंस: निवेश से लाभलव: पारिवारिक समय अच्छा रहेगास्वास्थ्य: मानसिक शांति जरूरी मिथुन राशि (Gemini)दिन उतार-चढ़ाव भरा रहेगा, धन लेन-देन से बचें।करियर: मेहनत अधिक करनी होगीफाइनेंस: उधारी से बचेंलव: जीवनसाथी का सहयोग मिलेगास्वास्थ्य: मानसिक शांति मिलेगी कर्क राशि (Cancer)भाग्य का साथ मिलेगा, नए अवसर मिल सकते हैं।करियर: नौकरी के ऑफर संभवफाइनेंस: लाभ के संकेतलव: परिवार में खुशीस्वास्थ्य: अच्छा रहेगा सिंह राशि (Leo)आज का दिन अत्यंत शुभ है, भाग्य पूरी तरह साथ देगा।करियर: प्रशंसा और सफलताफाइनेंस: कर्ज से राहतलव: रिश्ते मजबूत होंगेस्वास्थ्य: उत्तम रहेगा कन्या राशि (Virgo)आत्मविश्वास बढ़ेगा और सामाजिक मान-सम्मान मिलेगा।करियर: सफलता के योगफाइनेंस: स्थिर स्थितिलव: शुभ समाचार संभवस्वास्थ्य: ऊर्जा बनी रहेगी तुला राशि (Libra)प्रभावशाली लोगों से मुलाकात लाभदायक रहेगी।करियर: नए अवसर मिलेंगेफाइनेंस: धन लाभ के संकेतलव: रिश्तों में मजबूतीस्वास्थ्य: मानसिक शांति वृश्चिक राशि (Scorpio)साझेदारी में लाभ मिलेगा और करियर में सुधार होगा।करियर: प्रगति के योगफाइनेंस: आर्थिक मजबूतीलव: रिश्तों में मधुरतास्वास्थ्य: सामान्य रहेगा धनु राशि (Sagittarius)दिन सावधानी बरतने वाला रहेगा, जल्दबाजी से बचें।करियर: सतर्क रहेंफाइनेंस: बजट जरूरीलव: सहयोग मिलेगास्वास्थ्य: तनाव से बचें मकर राशि (Capricorn)आय के नए स्रोत खुलेंगे और सफलता मिलेगी।करियर: अधिकारियों का सहयोगफाइनेंस: आय में वृद्धिलव: पारिवारिक खुशीस्वास्थ्य: अच्छा रहेगा कुंभ राशि (Aquarius)पैतृक संपत्ति से लाभ और रुके कार्य पूरे हो सकते हैं।करियर: प्रगति के संकेतफाइनेंस: पुराने निवेश से लाभलव: सामाजिक समय अच्छास्वास्थ्य: मानसिक शांति रखें मीन राशि (Pisces)आज का दिन बेहद शुभ रहेगा, बड़ी सफलता मिल सकती है।करियर: व्यापार में लाभफाइनेंस: आर्थिक सुधारलव: मांगलिक आयोजन संभवस्वास्थ्य: बेहतर रहेगा
Surya Dev Upay: जीवन में सफलता और ऊर्जा पाने के लिए आज ही करें मंत्र जाप

नई दिल्ली। हिंदू धर्म में रविवार का दिन सूर्य देव को समर्पित माना गया है। इस दिन श्रद्धा भाव से व्रत, पूजा और जल अर्पण करने से जीवन में सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और आत्मविश्वास बढ़ने की मान्यता है। सूर्य देव को ऊर्जा, तेज और जीवन शक्ति का प्रतीक माना गया है। इसलिए रविवार के दिन सूर्य की उपासना विशेष फलदायी मानी जाती है। रविवार व्रत का महत्वरविवार का व्रत रखने से व्यक्ति के जीवन में आने वाले संकट कम होने और कुंडली में सूर्य दोष शांत होने की मान्यता है। व्रत के दौरान सुबह स्नान करके सूर्य देव को तांबे के लोटे से जल अर्पित किया जाता है और पूरे दिन संयम रखा जाता है। इस दिन सूर्य मंत्रों का जाप और व्रत कथा का श्रवण अत्यंत शुभ माना जाता है। रविवार व्रत कथा (संक्षेप में)पौराणिक कथा के अनुसार एक नगर में एक वृद्ध महिला रहती थी, जो हर रविवार सूर्य देव का व्रत और पूजा करती थी। वह नियमित रूप से उपवास रखती और सूर्य देव को जल अर्पित करती थी। उसकी श्रद्धा और नियमों के पालन से उसके जीवन के सभी दुख समाप्त हो गए और घर धन-धान्य से भर गया। कथा में आगे बताया गया कि एक बार पड़ोसन की ईर्ष्या के कारण उसे कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन उसकी श्रद्धा और सूर्य देव की कृपा से उसके घर में एक गाय आई, जो सोने जैसा गोबर देती थी। इससे वह महिला अत्यंत धनवान हो गई। बाद में राजा को भी इस चमत्कार का ज्ञान हुआ और उसने भी सूर्य व्रत प्रारंभ किया। कहा जाता है कि इसके बाद पूरे राज्य में सुख-समृद्धि आ गई। यह कथा श्रद्धा और भक्ति का महत्व बताती है। रविवार को किए जाने वाले शक्तिशाली सूर्य मंत्र- 1. सूर्य बीज मंत्र“ॐ ह्रां ह्रीं ह्रौं सः सूर्याय नमः” 108 बार जाप करने से आत्मविश्वास और ऊर्जा बढ़ती है। 2. सूर्य गायत्री मंत्र“ॐ भास्कराय विद्महे महाद्युतिकराय धीमहि तन्नो आदित्यः प्रचोदयात्” मानसिक शांति और सकारात्मक सोच के लिए उत्तम माना जाता है। 3. सरल सूर्य मंत्र“ॐ घृणि सूर्याय नमः” नकारात्मकता दूर करने और जीवन में स्थिरता लाने वाला मंत्र। सूर्य पूजा की विधि सुबह स्नान करके साफ वस्त्र पहनेंतांबे के लोटे से सूर्य को जल अर्पित करेंलाल फूल और अक्षत चढ़ाएंसूर्य मंत्रों का 108 बार जाप करेंरविवार व्रत कथा का श्रवण करें सावधानीइन उपायों को श्रद्धा और विश्वास के साथ करना चाहिए। केवल आध्यात्मिक उपायों पर निर्भर रहने के बजाय मेहनत और सकारात्मक कर्म भी आवश्यक हैं। रविवार व्रत, सूर्य पूजा और मंत्र जाप भारतीय परंपरा में ऊर्जा, समृद्धि और सफलता का प्रतीक माने जाते हैं। श्रद्धा पूर्वक सूर्य उपासना करने से जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आने की मान्यता है।
नए गठबंधन के मोह से अखिलेश ने मोड़ा मुख, 'पीडीए' के दम पर भाजपा के शुद्धिकरण का किया शंखनाद

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश की राजनीति के फलक पर आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर समाजवादी पार्टी (सपा) ने अपनी रणनीतिक बिसात बिछा दी है। राजस्थान की राजधानी जयपुर में आयोजित एक कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने स्पष्ट कर दिया है कि आगामी यूपी विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी किसी भी नए राजनीतिक दल के साथ गठबंधन का प्रयोग नहीं करेगी। उन्होंने दोटूक शब्दों में कहा कि वर्तमान में जो गठबंधन (इंडिया अलायंस) अस्तित्व में है, वही 2027 की चुनावी जंग में भी पार्टी का आधार बनेगा। अखिलेश के इस बयान ने उन तमाम अटकलों पर विराम लगा दिया है, जिनमें छोटे दलों के साथ नए तालमेल की संभावना जताई जा रही थी। अनुभवों से ली सीख, पुराने साथियों पर भरोसाअखिलेश यादव ने गठबंधन के अपने पुराने और खट्टे-मीठे अनुभवों को साझा करते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी ने अलग-अलग समय में कई प्रयोग किए हैं। हमारे पास गठबंधन का लंबा अनुभव है और इसी आधार पर हमने तय किया है कि जो साथी वर्तमान में हमारे साथ खड़े हैं, हम उन्हीं के साथ मजबूती से आगे बढ़ेंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस बार भाजपा का मुकाबला केवल किसी राजनीतिक गठबंधन से नहीं, बल्कि एक ‘समुदाय’ से होगा। यह समुदाय ‘पीडीए’ (पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक) है, जो भाजपा की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ एकजुट होकर मतदान करेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सपा की नजर फिलहाल केवल उत्तर प्रदेश पर है और राजस्थान में चुनाव लड़ने का उनका कोई इरादा नहीं है। वोटर लिस्ट में ‘शुद्धिकरण’ पर छिड़ा वाकयुद्धमतदाता सूची में धांधली के मुद्दे पर अखिलेश यादव ने सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने ग्रामीण क्षेत्रों के बजाय शहरी इलाकों में बड़े पैमाने पर वोट काटने की साजिश रची थी, क्योंकि वहां उसे हार का डर सता रहा था। सपा प्रमुख ने दावा किया कि उनके ‘पीडीए प्रहरियों’ ने हर बूथ पर पैनी नजर रखी, जिससे सत्ता पक्ष की गणित फेल हो गई। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “भाजपा मतदाता सूची के शुद्धिकरण का दावा कर रही है, लेकिन उन्हें यह नहीं पता कि प्रदेश की जनता आने वाले चुनाव में उनकी सरकार का ही पूर्ण शुद्धिकरण कर देगी।” उन्होंने कार्यकर्ताओं को निर्देश दिया है कि वे जिला स्तर पर मतदाता सूची का सूक्ष्म विश्लेषण जारी रखें। ‘नकली संतों’ की राजनीति पर प्रहारस्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के समर्थन में उतरते हुए अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश की सत्ता के शीर्ष पर बैठे लोगों पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि अविमुक्तेश्वरानंद उन ‘नकली संतों’ से संघर्ष कर रहे हैं जिन्होंने धर्म का चोला पहनकर राजनीति को दूषित किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नाम लिए बिना उन्होंने कहा कि जो लोग दूसरों से प्रमाण मांग रहे हैं, उनके पास खुद कोई प्रामाणिक आधार नहीं है। समाजवादी पार्टी वास्तविक संतों का सम्मान करती है और स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का आशीर्वाद पार्टी के साथ हमेशा रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि जल्द ही इन ‘नकली संतों’ की वास्तविकता पर भी कोई वेब सीरीज सामने आ सकती है। सिनेमाई एजेंडे और पड़ोसी राज्यों पर कटाक्षहालिया रिलीज फिल्म ‘धुरंधर’ का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए काल्पनिक बातों को फिल्मों के जरिए वास्तविकता बनाकर पेश कर रही है। हालांकि, जनता ने ‘धुरंधर’ का जवाब ‘धुआंधार’ तरीके से देकर यह बता दिया है कि वह अब बहकावे में आने वाली नहीं है। पड़ोसी राज्य बिहार की राजनीति पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का ‘डिमोशन’ करते हुए उन्हें धीरे-धीरे रिटायरमेंट की राह दिखा दी है। अखिलेश के इन तेवरों से साफ है कि वे आने वाले समय में केवल चुनावी मैदान में ही नहीं, बल्कि वैचारिक और सामाजिक मोर्चे पर भी भाजपा की घेराबंदी करने के लिए तैयार हैं।
एनसीपी मंत्री वीडियो कांड: आरोपी पहुँचा हाईकोर्ट, ट्रांसजेंडर के खिलाफ वसूली और साजिश का लगाया आरोप

नई दिल्ली। राजनैतिक गलियारों में हलचल मचाने वाले एनसीपी मंत्री नरहरी जिरवाल से जुड़े कथित आपत्तिजनक वीडियो मामले ने अब कानूनी मोड़ ले लिया है। इस मामले में मुख्य आरोपी ने बॉम्बे हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाते हुए अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर (FIR) को रद्द करने की गुहार लगाई है। यह याचिका मुंबई के कफ परेड पुलिस स्टेशन में दर्ज उस मामले के विरोध में दायर की गई है, जिसमें आरोपी पर वीडियो लीक करने और छेड़छाड़ करने के गंभीर आरोप लगे हैं। आरोपी और ट्रांसजेंडर के बीच ‘वसूली’ की जंगइस पूरे विवाद की जड़ में एक ट्रांसजेंडर व्यक्ति की शिकायत है, जिसने आरोपी को अपना भाई बताते हुए आरोप लगाया था कि उसने वीडियो के साथ छेड़छाड़ कर उसे धमकाने की कोशिश की। दूसरी ओर, आरोपी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए ट्रांसजेंडर पर ही पलटवार किया है। आरोपी ने अपनी याचिका में दावा किया है कि उसे झूठे मामले में फंसाया जा रहा है और वास्तव में उसे ब्लैकमेल कर वसूली की कोशिश की जा रही थी। उसने अदालत से मांग की है कि ट्रांसजेंडर के खिलाफ आपराधिक साजिश और धमकी देने के आरोप में मामला दर्ज किया जाना चाहिए। वीडियो लीक कांड और मंत्री की भूमिकामामले की गंभीरता तब बढ़ी जब एक ऐसा वीडियो सार्वजनिक हुआ जिसमें कथित तौर पर एनसीपी मंत्री एक ट्रांसजेंडर व्यक्ति के साथ आपत्तिजनक स्थिति में दिखाई दे रहे हैं। इस वीडियो के सामने आने के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में भूचाल आ गया था। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या यह वीडियो वास्तविक है या इसके साथ तकनीकी रूप से छेड़छाड़ की गई है। आरोपी का कहना है कि उसे निशाना बनाया जा रहा है, जबकि शिकायतकर्ता का तर्क है कि उसकी निजता और सुरक्षा के साथ खिलवाड़ हुआ है। अदालती सुनवाई पर टिकी निगाहेंफिलहाल बॉम्बे हाईकोर्ट में इस याचिका पर सुनवाई का इंतजार है, जिसके बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी कि एफआईआर रद्द होगी या जांच का दायरा और बढ़ेगा। पुलिस ने दोनों पक्षों के बयानों और साक्ष्यों के आधार पर अपनी प्रक्रिया जारी रखी है। यह मामला न केवल एक मंत्री की छवि से जुड़ा है, बल्कि इसमें साइबर अपराध, ब्लैकमेलिंग और आपसी रंजिश के कई पेचीदा पहलू शामिल हो गए हैं। आने वाले दिनों में अदालत का फैसला इस विवाद की दिशा तय करेगा।
कूनो से आयी खुशखबरी: मादा चीता ‘गामिनी’ ने दिया 4 शावकों को जन्म, देश में चीतों की संख्या बढ़कर 57 हुई

श्योपुर। मध्य प्रदेश के कूनो राष्ट्रीय उद्यान से वन्यजीव संरक्षण को लेकर बड़ी खुशखबरी सामने आई है। यहां मादा चीता गामिनी ने चार शावकों को जन्म दिया है जिससे देश में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 57 हो गई है। सीएम ने दी जानकारी जताई खुशी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया के जरिए इस उपलब्धि की जानकारी साझा की। मुख्यमंत्री ने लिखा है कि मध्य प्रदेश अब चीतों के पुनरुद्धार के प्रमुख केंद्र के रूप में उभर रहा है। कूनो के खुले जंगलों में गामिनी चीते से जन्मी 25 महीने की भारतीय मूल की मादा चीते द्वारा चार शावकों का जन्म इस बात का प्रमाण है कि मध्य प्रदेश की भूमि चीतों के वंश विस्तार के लिए पूरी तरह से अनुकूल है। प्रकृति और वन्यजीव संरक्षण के प्रति हमारी प्रतिबद्धता सफल हो रही है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए कूनो के प्रबंधकों और वन्यजीव पशु चिकित्सकों को बधाई दी है। केंद्र ने भी बताया बड़ी सफलता केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने भी इस उपलब्धि पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि 2022 में शुरू हुए चीता पुनर्स्थापन कार्यक्रम के बाद यह एक महत्वपूर्ण सफलता है जब प्राकृतिक जंगल में शावकों का जन्म हुआ है।प्राकृतिक वातावरण में सफल प्रजनन अब मध्यप्रदेश चीतों के ‘पुनरुद्धार’ का भी मुख्य केंद्र बन रहा है। ‘गामिनी’ से जन्मी भारतीय मूल की 25 माह आयु की मादा चीता द्वारा खुले जंगलों में 4 शावकों को जन्म देना इस बात का प्रमाण है कि मध्यप्रदेश की धरती चीतों के वंश विस्तार के लिए पूरी तरह अनुकूल है। प्रकृति और वन्यजीव… pic.twitter.com/EZsJobzmsG — Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) April 11, 2026 वन विभाग के अनुसार मादा चीता गामिनी पिछले एक साल से खुले जंगल में रह रही थी और वहां की परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढाल चुकी थी। जंगल में शावकों का जन्म इस बात का संकेत है कि कूनो का इकोसिस्टम चीतों के लिए सुरक्षित और अनुकूल बन चुका है। परियोजना के लक्ष्य की ओर बड़ा कदम मुख्य वन संरक्षक उत्तम कुमार शर्मा ने बताया कि यह घटना चीता परियोजना के उद्देश्य को आगे बढ़ाने वाला अहम पड़ाव है। गामिनी खुद भी एक शावक के रूप में यहां लाई गई थी और अब उसका सफल प्रजनन दीर्घकालिक सफलता का संकेत है।मां और शावक सभी स्वस्थ निगरानी जारी अधिकारियों के अनुसार गामिनी और उसके चारों शावक पूरी तरह स्वस्थ हैं। उनकी लगातार निगरानी की जा रही है ताकि किसी तरह की परेशानी न हो। इन चार नए शावकों के जन्म के बाद कूनो राष्ट्रीय उद्यान में चीतों की संख्या और बढ़ गई है। वर्तमान में देश के अधिकांश चीते यहीं मौजूद हैं जबकि कुछ चीतों को मंदसौर के गांधी सागर अभयारण्य में भी बसाया गया है।