अब तक उपलब्ध जानकारी के अनुसार भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी Board of Control for Cricket in India ने आईपीएल 2026 की प्राइज मनी में किसी बदलाव की घोषणा नहीं की है। इसका मतलब है कि पिछले कई वर्षों से चली आ रही इनामी राशि इस सीजन में भी बरकरार रहने की संभावना है।
आईपीएल के मौजूदा प्राइज स्ट्रक्चर के अनुसार टूर्नामेंट जीतने वाली टीम को 20 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि प्रदान की जाएगी। वहीं फाइनल में हारने वाली रनरअप टीम को लगभग 13 करोड़ रुपये का इनाम मिलेगा। इसके अलावा प्लेऑफ में तीसरे स्थान पर रहने वाली टीम को 7 करोड़ रुपये और चौथे स्थान पर रहने वाली टीम को 6.5 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
दिलचस्प बात यह है कि आईपीएल की शुरुआत वर्ष 2008 में हुई थी, तब विजेता टीम को सिर्फ 4.8 करोड़ रुपये और उपविजेता को 2.4 करोड़ रुपये मिलते थे। टूर्नामेंट की लोकप्रियता और व्यावसायिक सफलता बढ़ने के साथ-साथ इनामी राशि में भी लगातार वृद्धि हुई। वर्ष 2010 में विजेता राशि बढ़ाकर 10 करोड़ रुपये कर दी गई, जबकि 2014 में यह बढ़कर 15 करोड़ रुपये पहुंच गई। इसके बाद 2016 में आखिरी बार बड़ा बदलाव हुआ और विजेता टीम की प्राइज मनी 20 करोड़ रुपये निर्धारित की गई। तब से लेकर अब तक यही राशि जारी है।
टीमों को मिलने वाली इनामी राशि के अलावा खिलाड़ियों के लिए भी कई व्यक्तिगत पुरस्कार रखे गए हैं। पूरे सीजन में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज को ऑरेंज कैप के साथ 10 लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज को पर्पल कैप और 10 लाख रुपये मिलेंगे। वहीं मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर को 15 लाख रुपये तथा इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द सीजन को 20 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी।
इसके अलावा सुपर स्ट्राइकर ऑफ द सीजन और फेयर प्ले अवॉर्ड जैसी श्रेणियों में भी 10-10 लाख रुपये की राशि दी जाती है। ये पुरस्कार खिलाड़ियों और टीमों के पूरे सीजन के प्रदर्शन को सम्मानित करने के लिए दिए जाते हैं।
अब जब आईपीएल 2026 अपने चरम पर पहुंच चुका है, तो करोड़ों क्रिकेट प्रेमियों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि आखिर ट्रॉफी और 20 करोड़ रुपये की इनामी राशि पर कौन कब्जा जमाता है। क्या रजत पाटीदार की कप्तानी में आरसीबी लगातार दूसरी बार खिताब जीत पाएगी या शुभमन गिल की गुजरात टाइटंस नया इतिहास रचेगी, इसका फैसला आज रात मैदान पर होगा।