मृतका के मायके पक्ष का आरोप है कि पूजा के साथ लगातार दहेज की मांग और मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा था। परिजनों के अनुसार, शादी के समय 10 लाख रुपए की मांग की गई थी, जिसमें केवल 4 लाख रुपए दिए गए। पूजा ने अपनी मौत से पहले अपने मोबाइल के जरिए परिजनों को वीडियो भेजे थे, जिनमें उन्होंने ससुराल वालों के बर्ताव और अपनी व्यथा बताई। ये वीडियो अब पुलिस को साक्ष्य के रूप में सौंपे जा रहे हैं।
पूजा की मौत के बाद पूरे साहू समाज में आक्रोश फैल गया। समाज के सैकड़ों लोग और मृतका के रिश्तेदार जबलपुर पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। उन्होंने नारेबाजी की और दोषियों के खिलाफ तत्काल गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की। समाज के प्रतिनिधियों ने बताया कि यह हत्या बीमारी का रूप देने की कोशिश है।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जीरो में मामला दर्ज कर जांच के लिए डायरी दमोह भेज दी है। एएसपी सूर्यकांत शर्मा ने आश्वासन दिया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस मामले में पूजा की मौत ने परिवार और समाज में भारी आक्रोश पैदा कर दिया है। फिलहाल पुलिस साक्ष्यों और वीडियो की जांच कर रही है ताकि मामले की वास्तविकता सामने आ सके और न्याय सुनिश्चित हो।