DATIYA COLLECTOR’S HEARING: जनसुनवाई में जनता ने जताया रोष, लोग बोले- पुलिस की मौजूदगी के बावजूद कार्रवाई शून्य

HIGHLIGHTS: मारपीट, लूट, अतिक्रमण, पेंशन और मुआवजे से जुड़ी शिकायतें दर्ज पुलिस की सक्रिय मौजूदगी के बावजूद कई मामलों में कोई कार्रवाई नहीं कट्टे की नोक पर मारपीट और जातिसूचक गालियों के आरोप सीसी रोड अतिक्रमण और बिजली हादसे में मुआवजा न मिलने की समस्या दिव्यांगों की पेंशन और स्कूटी की मांग अभी तक अधूरी DATIYA COLLECTOR’S HEARING: दतिया। मंगलवार को न्यू कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई में सैकड़ों लोग अपनी-अपनी समस्याओं के साथ पहुंचे। बता दें की इस जनसुनवाई में पुलिस की सक्रिय मौजूदगी भी देखने को मिली, जिसमें एएसपी सुनील कुमार शिवहरे ने स्वयं कई फरियादियों की शिकायतें सुनीं। केरल का नया नाम ‘केरलम’! मोदी कैबिनेट ने दिया ऐतिहासिक मंजूरी, राज्य की सांस्कृतिक पहचान को नया सम्मान सुचना के मुताबिक जनसुनवाई में सबसे अधिक शिकायतें जमीनी विवाद, अतिक्रमण, मारपीट–लूट, पेंशन बंद होने और शासन से मिलने वाली सहायता राशि न मिलने को लेकर सामने आईं। मारपीट और लूट की शिकायत ग्राम मलक पहाड़ी निवासी पहलवान सिंह जाटव ने बताया कि उनके बेटे सुमित जाटव के साथ पचोखरा में कट्टा अड़ाकर मारपीट की गई। साथ ही आरोपियों ने जातिसूचक गालियां दी और सोने की चैन व 20 हजार रुपए भी छीन लिए। उन्होंने बताया कि शिकायत के बावजूद भी कोई FIR दर्ज नहीं की गयी। मध्यप्रदेश कृषि उत्पादन में देश के शीर्ष राज्यों में शामिल अतिक्रमण और सड़क समस्या भाण्डेर तहसील के ग्राम खिरिया गोपी के ग्रामीणों ने शासकीय सीसी रोड पर अतिक्रमण कर शौचालय और चबूतरे बनाने की शिकायत की। दो साल पहले भी शिकायत की गई थी, लेकिन प्रशासनिक कार्रवाई शून्य रही। मध्यप्रदेश कृषि उत्पादन में देश के शीर्ष राज्यों में शामिल पेंशन और मुआवजा लंबित इंदरगढ़ निवासी विधवा विद्या बघेल ने बताया कि उनके पति सुनील बघेल की करंट लगने से मौत हुई थी, लेकिन दो साल बाद भी मुआवजा नहीं मिला। दिव्यांग पेंशन और स्कूटी की मांग भी अधूरी है, जिससे कई परिवार मुश्किल में हैं। GUNA SUICIDE CASE: गुना के सकतपुर में मजदूर ने की आत्महत्या: पोर्च में फंदे से लटका मिला शव, जमीनी विवाद और अन्य शिकायतें किसान रामसेवक ने ऑनलाइन GIS रिकॉर्ड में रकबा कम दर्ज होने का आरोप लगाया। पड़ोसी द्वारा कूड़ा और गोबर डालने के मामले में भी कोई कार्रवाई नहीं हुई।
Guna Protest: केदारनाथ धाम बंद होने से आहत श्रद्धालु, प्रशासन को सौंपा ज्ञापन

HIGHGLIGHTS: महोदरा पंचायत स्थित केदारनाथ धाम 3 साल से बंद चट्टान खिसकने और दरार के चलते रोके गए दर्शन साधु-संतों व नागरिकों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन वैकल्पिक रास्ता बनाकर दर्शन शुरू करने की मांग धाम को वन विभाग से मुक्त करने की भी उठी मांग Guna Protest: गुना। जिले की महोदरा पंचायत स्थित प्रसिद्ध केदारनाथ धाम को श्रद्धालुओं के लिए दोबारा खोलने की मांग को लेकर मंगलवार को साधु-संतों, स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। बता दें कि प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए धाम में जल्द से जल्द दर्शन और पूजा प्रारंभ कराने की मांग की। GUNA SUICIDE CASE: गुना के सकतपुर में मजदूर ने की आत्महत्या: पोर्च में फंदे से लटका मिला शव, सूत्रों की माने तो प्रशासन ने करीब तीन साल पहले पहाड़ी की एक चट्टान खिसकने और उसमें दरार आने के कारण मंदिर परिसर में प्रवेश पर रोक लगा दी थी। तब से आम श्रद्धालुओं के दर्शन और पूजा बंद हैं। शिवपुरी में बेखौफ गुंडागर्दी: सरकारी शौचालय बचाने गई नपा टीम पर हमला, FIR न होने से पुलिस पर सवाल धार्मिक महत्व का हवाला प्रदर्शनकारियों ने ज्ञापन में बताया कि यह स्थल प्राचीन धार्मिक आस्था का केंद्र है और इसे महाभारत कालीन देव स्थल माना जाता है। स्थानीय लोगों के अनुसार यहां प्रकृति स्वयं भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करती है। MORENA KERNI SENA: मुरैना के पोरसा में करणी सेना–पुलिस आमने-सामने: NH-552 पर जाम की कोशिश, जिलाध्यक्ष समेत 15 पर केस धाम परिसर में स्थित पवित्र कुंड में अस्थि विसर्जन भी किया जाता था। लोगों का कहना है कि क्षेत्र के लिए यह स्थान प्रयागराज और सोरोजी की तरह ही धार्मिक महत्व रखता है। जानिए प्रमुख मांगें? ज्ञापन में मांग की गई है कि खिसकी हुई चट्टान को हटाकर मंदिर तक सुरक्षित मार्ग बनाया जाए। साथ ही महंत और पुजारी को पूजा के लिए नीचे जाने की अनुमति दी जाए। प्रदर्शनकारियों ने यह भी मांग की कि केदारनाथ धाम परिसर को वन विभाग के नियंत्रण से मुक्त किया जाए, ताकि धार्मिक गतिविधियां सुचारु रूप से संचालित हो सकें।
GUNA SUICIDE CASE: गुना के सकतपुर में मजदूर ने की आत्महत्या: पोर्च में फंदे से लटका मिला शव,

HIGHLIGHTS: सकतपुर इलाके में 35 वर्षीय मजदूर ने की आत्महत्या पोर्च के एंगल पर रस्सी से लगाई फांसी पत्नी और तीन बच्चे बाहर सो रहे थे सुबह 4 बजे पत्नी ने देखा तो फंदे पर लटके मिले पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की GUNA SUICIDE CASE: ग्वालियर। गुना जिले के कैंट थाना क्षेत्र अंतर्गत सकतपुर गांव में एक मजदूर ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। बता दें कि मृतक की पहचान दौलतराम पटेलिया (35) पुत्र पूनम सिंह के रूप में हुई है। कैसे नक्सल मुक्त हुआ मध्य प्रदेश? DGP कैलाश मकवाना ने खोला रणनीति का राज, इन नेताओं को दिया श्रेय जानकारी के अनुसार, दौलतराम अपनी पत्नी और तीन बच्चों के साथ रहते थे। उनके माता-पिता गुजरात में मजदूरी करने गए हुए हैं। वह स्वयं उमरी क्षेत्र में मजदूरी का कार्य करते थे। टी20 में टीम इंडिया का जिम्बाब्वे के खिलाफ शानदार रिकॉर्ड, सुपर-8 मुकाबले से पहले आंकड़े सोमवार शाम वह रोज की तरह काम से घर लौटे। परिवार के साथ भोजन करने के बाद सभी सो गए। देर रात दौलतराम घर के पोर्च में गए और एंगल पर रस्सी बांधकर फंदा बना लिया। सुबह पत्नी ने देखा रात करीब 4 बजे पत्नी की नींद खुली तो पति बिस्तर पर नहीं मिले। तलाश करने पर पोर्च में उनका शव फंदे से लटका मिला। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। MORENA KERNI SENA: मुरैना के पोरसा में करणी सेना–पुलिस आमने-सामने: NH-552 पर जाम की कोशिश, जिलाध्यक्ष समेत 15 पर केस पत्नी ने अपने पिता खदान सिंह को सूचना दी। इसके बाद कैंट पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नीचे उतरवाकर जिला अस्पताल भिजवाया, जहां पोस्टमार्टम किया गया। जांच में जुटी पुलिस मृतक के ससुर का कहना है कि दौलतराम ने कभी किसी परेशानी की बात नहीं बताई थी। फिलहाल पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। आत्महत्या के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है।
MORENA KERNI SENA: मुरैना के पोरसा में करणी सेना–पुलिस आमने-सामने: NH-552 पर जाम की कोशिश, जिलाध्यक्ष समेत 15 पर केस

HIGHLIGHTS: नेशनल हाईवे 552 पर जाम की कोशिश के दौरान धक्का-मुक्की करणी सेना जिलाध्यक्ष विष्णु तोमर को कॉलर पकड़कर थाने ले जाने का आरोप टीआई दिनेश कुशवाहा को हटाने की मांग, नारेबाजी बिना अनुमति प्रदर्शन का पुलिस का दावा शासकीय कार्य में बाधा सहित कई धाराओं में मामला दर्ज MORENA KERNI SENA: ग्वालियर। मुरैना जिले के पोरसा कस्बे में मंगलवार को करणी सेना कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी झड़प हो गई। करीब 10 कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे जिलाध्यक्ष विष्णु तोमर ने पोरसा थाने के सामने स्थित नेशनल हाईवे 552 पर बैठकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। आरोप है कि कार्यकर्ताओं ने हाईवे जाम करने की कोशिश की, जिसके बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। दो काले हिरण का शिकार: रेंजर समेत 6 वनकर्मी सस्पेंड, प्राकृतिक मौत दिखाने का प्रयास विफल स्थिति बिगड़ते देख पुलिस ने विष्णु तोमर समेत दो लोगों को सड़क से उठाकर थाने में बैठा लिया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच जमकर धक्का-मुक्की हुई। टीआई को हटाने की मांग प्रदर्शनकारियों ने थाना प्रभारी टीआई दिनेश कुशवाहा के खिलाफ नारेबाजी की और उन पर पक्षपात व अवैध वसूली जैसे आरोप लगाए। करणी सेना कार्यकर्ताओं ने टीआई को हटाने की मांग की। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पुलिस ने जिलाध्यक्ष को कॉलर पकड़कर खींचते हुए थाने के अंदर ले जाया, जिससे माहौल और तनावपूर्ण हो गया। ऑनलाइन और ऑफलाइन का सह-अस्तित्व: भारत का ई-कॉमर्स 2030 तक 280-300 अरब डॉलर तक बढ़ सकता है विवाद की पृष्ठभूमि जानकारी के मुताबिक, सोमवार शाम पोरसा थाना क्षेत्र में दो पक्षों के बीच मारपीट हुई थी। पुलिस ने दोनों पक्षों पर कार्रवाई करते हुए उन्हें हिरासत में लिया। बताया जा रहा है कि करणी सेना जिलाध्यक्ष ने एक पक्ष की सिफारिश की थी, लेकिन पुलिस ने समान रूप से कार्रवाई की, जिससे नाराजगी बढ़ी। रबी-खरीफ फसल तक का ज्ञान चाहिए, राहुल गांधी को CM मोहन यादव का तंज पुलिस का पक्ष टीआई दिनेश कुशवाहा का कहना है कि बिना अनुमति प्रदर्शन किया जा रहा था और हाईवे जाम करने का प्रयास गैरकानूनी है। उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कार्रवाई की गई। द पैराडाइज’ के सेट से नानी के लिए दिल छू लेने वाला संदेश, निर्देशक ने कहा – हर बार आपने मुझे बनाया पुलिस ने विष्णु तोमर समेत 15 लोगों पर शासकीय कार्य में बाधा, बिना अनुमति प्रदर्शन और बलवा सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
GWALIOR BHIN HIGHWAY VIRAL VIDEO: ‘हाईवे बनाओ या टोल हटाओ’— फायरिंग कर टोल प्लाजा पर छोड़ा धमकी भरा संदेश

HIGHLIGHTS: बरैठा टोल प्लाजा पर पिस्टल से फायरिंग धमकी भरी चिट्ठी फेंककर मौके से भागे दो युवक सीसीटीवी में कैद हुई पूरी वारदात ‘आकाश जैसा अब कोई नहीं मरेगा’ लिखा संदेश पुलिस ने शुरू की पहचान और तलाश GWALIOR BHIN HIGHWAY VIRAL VIDEO: ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर-भिंड हाईवे पर स्थित बरैठा टोल प्लाजा पर सोमवार देर शाम सनसनीखेज घटना सामने आई। जहां बाइक सवार दो युवक टोल बूथ पर पहुंचे और पिस्टल से फायरिंग करने लगे, इसके बाद एक धमकी भरी चिट्ठी फेंककर वहां से फरार हो गए। बता दें कि पूरी घटना टोल प्लाजा में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। अजित पवार विमान हादसा: एनसीपी MLC का दावा, क्या पायलट था आत्मघाती हमलावर? मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। चिट्ठी में सरकार को दी खुली चुनौती बदमाशों द्वारा फेंकी गई चिट्ठी में लिखा था— “हाईवे बनाओ या टोल हटाओ। आकाश भदौरिया जैसा अब कोई नहीं मरेगा।” साथ ही सरकार पर निशाना साधते हुए लिखा गया कि “सरकार अंधी हो चुकी है।” GWALIOR BETTING RACKET: ऑनलाइन सट्टा रैकेट का भंडाफोड़: टी-20 मैच पर दांव लगाते 3 युवक गिरफ्तार बताया जा रहा है कि चिट्ठी में चेतावनी भी दी गई है कि यदि सड़क निर्माण का कार्य जल्द शुरू नहीं हुआ तो इससे भी बड़ा कदम उठाया जाएगा। हादसों के लिए कुख्यात हाईवे करीब 80 किलोमीटर लंबा ग्वालियर-भिंड मार्ग लगातार सड़क हादसों के कारण सुर्खियों में रहा है। स्थानीय लोग लंबे समय से इस हाईवे को सिक्स लेन बनाने की मांग कर रहे हैं। संत समाज और सामाजिक संगठनों ने भी कई बार प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपे हैं, लेकिन अब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस की 45 सीट की मांग, DMK केवल 25 सीट देने को तैयार 16 फरवरी को हुई थी आकाश भदौरिया की मौत चिट्ठी में जिस आकाश भदौरिया का जिक्र किया गया है, वह भिंड के विनोद नगर का 24 वर्षीय युवक था। 16 फरवरी को बायपास पर एक तेज रफ्तार टैंकर की टक्कर से उसकी मौत हो गई थी। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में आक्रोश है। Jharkhand: रांची से उड़ी एयर एंबुलेंस चतरा में हुई क्रैश …7 की मौत, पढ़े हादसे की पूरी कहानी पुलिस कर रही तलाश पुलिस ने टोल प्लाजा के सभी सीसीटीवी फुटेज कब्जे में ले लिए हैं और आसपास के क्षेत्रों में नाकाबंदी कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की जा रही है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
GWALIOR BETTING RACKET: ऑनलाइन सट्टा रैकेट का भंडाफोड़: टी-20 मैच पर दांव लगाते 3 युवक गिरफ्तार

HIGHLIGHTS: क्राइम ब्रांच की दबिश में 3 आरोपी गिरफ्तार किराए के मकान में चल रहा था सट्टा अड्डा 4.49 लाख रुपए नकद, 7 मोबाइल और 3 लैपटॉप जब्त ऑनलाइन साइट से वेस्टइंडीज-जिम्बाब्वे टी-20 पर सट्टा मास्टरमाइंड की तलाश में जुटी पुलिस GWALIOR BETTING RACKET: मध्यप्रदेश। ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने टी-20 मैच पर सट्टा खिलवाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। बता दें कि मध्य प्रदेश पुलिस की क्राइम ब्रांच टीम ने गोला का मंदिर थाना क्षेत्र के आदर्श नगर, पिंटू पार्क के पास स्थित एक किराए के मकान पर सोमवार रात दबिश दी। जिसके बाद मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुख्ता कार्रवाई की गई। क्राइम ब्रांच थाना प्रभारी अमित शर्मा के नेतृत्व में टीम ने घेराबंदी कर मौके से तीन आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया। Jharkhand: रांची से उड़ी एयर एंबुलेंस चतरा में हुई क्रैश …7 की मौत, पढ़े हादसे की पूरी कहानी ऑनलाइन साइट के जरिए लग रहा था दांव पुलिस के अनुसार आरोपी ‘रेडी अन्ना’ नामक ऑनलाइन साइट के माध्यम से वेस्टइंडीज और जिम्बाब्वे के बीच चल रहे टी-20 मैच पर सट्टा लगवा रहे थे। मौके से 4.49 लाख रुपए नकद, 7 मोबाइल फोन, 3 लैपटॉप, एटीएम कार्ड, सिम कार्ड और लाखों रुपए का हिसाब-किताब बरामद किया गया है। जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में ऑनलाइन सट्टा संचालन के सबूत मिले हैं। अरावली की खूबसूरत वादियों में होगी रश्मिका- विजय की शादी…. थ्री-टियर सिक्योरिटी में लेंगे सात फेरे! जालौन निवासी तीन युवक गिरफ्तार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सौरभ राजावत (20), अभिषेक राजावत (19) और अंशुल उपाध्याय (21) के रूप में हुई है। तीनों उत्तर प्रदेश के जालौन जिले के रहने वाले हैं और ग्वालियर में किराए का मकान लेकर सट्टा संचालन कर रहे थे। PAK: सख्त पहरे में जेल से अस्पताल ले जाए गए इमरान खान…आंखों में लगा दूसरा इंजेक्शन मास्टरमाइंड फरार पूछताछ में सामने आया है कि इस पूरे नेटवर्क का मास्टरमाइंड आलोक सिंह सिकरवार है, जिसने मकान किराए पर लेकर सट्टे का पूरा सेटअप तैयार कराया था। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। फिलहाल आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है। पुलिस अन्य संभावित कड़ियों को भी खंगाल रही है।
MP POLICE: एमपी पुलिस आरक्षक भर्ती: 12वीं योग्यता, लेकिन मैदान में बीए-एमए और बीटेक पास युवा दे रहे टेस्ट

HIGHLIGHTS: ग्वालियर में 5600 अभ्यर्थियों का फिजिकल एग्जाम 12वीं पात्रता के बावजूद ग्रेजुएट-पीजी युवा शामिल 23 फरवरी से 14 मार्च तक चलेगी परीक्षा रोजाना 200 से 400 अभ्यर्थियों को बुलावा समय और तारीख में कोई बदलाव नहीं MP POLICE: ग्वालियर । मध्य प्रदेश पुलिस की आरक्षक भर्ती प्रक्रिया का दूसरा चरण ग्वालियर में शुरू हो गया है। लिखित परीक्षा के बाद अब शारीरिक प्रावीण्यता परीक्षा आयोजित की जा रही है। ग्वालियर के 14वीं बटालियन एसएएफ ग्राउंड में बनाए गए केंद्र पर कुल 5600 अभ्यर्थियों को बुलाया गया है। पहले दिन सुबह 6 बजे से अभ्यर्थियों की एंट्री शुरू हुई और दोपहर तक बड़ी संख्या में उम्मीदवार परीक्षा में शामिल हुए। बढ़ती उम्र में मांसपेशियां कमजोर? दही-इडली से रखें मसल्स मजबूत, 60 के बाद भी फिट रहें 12वीं योग्यता, लेकिन उच्च शिक्षित अभ्यर्थियों की भीड़ इस भर्ती के लिए न्यूनतम पात्रता 12वीं पास रखी गई है, लेकिन फिजिकल टेस्ट में शामिल होने पहुंचे कई अभ्यर्थी ग्रेजुएट और पोस्ट ग्रेजुएट हैं। यहां बीए, बीएससी, एमए, एमएससी और बीटेक पास युवा भी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार, बड़ी संख्या में उच्च शिक्षित युवाओं का पुलिस सेवा की ओर रुझान देखने को मिल रहा है। चीज: स्वादिष्ट भी, सेहत के लिए फायदेमंद भी? डाइटीशियन से जानें न्यूट्रिशनल वैल्यू और हेल्थ बेनिफिट्स रोजाना 200 से 400 उम्मीदवारों को बुलावा ग्वालियर रेंज के डीआईजी अमित सांघी के अनुसार, 23 फरवरी से 14 मार्च तक यह परीक्षा आयोजित की जाएगी। शुरुआती दो दिनों में 200-200 अभ्यर्थियों को बुलाया गया है, जबकि इसके बाद प्रतिदिन 400 अभ्यर्थियों को फिजिकल टेस्ट के लिए आमंत्रित किया जाएगा। हरसिंगार प्लांटेशन: सफेद फूलों और खुशबू से सजाएं अपना गार्डन समय चूके तो नहीं मिलेगा दूसरा मौका प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अभ्यर्थियों को तय तारीख और समय पर ही उपस्थित होना होगा। किसी भी प्रकार की रियायत या पुनः अवसर नहीं दिया जाएगा। ऐसे में उम्मीदवारों में समय से पहले पहुंचने की होड़ देखी जा रही है। गौरतलब है कि ग्वालियर समेत आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में युवा इस भर्ती प्रक्रिया में हिस्सा ले रहे हैं, जो सरकारी नौकरी के प्रति बढ़ते आकर्षण को दर्शाता है।
DATIYA NEWS: भांडेर में तहसीलदार पर रिश्वत मांगने के आरोप, कांग्रेस नेता ने सौंपा ज्ञापन

HIGHLIGHTS: भांडेर तहसीलदार पर खुलेआम रिश्वत मांगने का आरोप कांग्रेस नेता ने एसडीएम को सौंपा ज्ञापन 50 से अधिक सीमांकन प्रकरण लंबित होने का दावा नामांतरण और बंटवारे के मामले दो साल से अटके तहसीलदार ने सभी आरोपों को बताया निराधार DATIYA NEWS: दतिया। भांडेर तहसील में सीमांकन, नामांतरण और बंटवारे के मामलों को लेकर तहसीलदार सुनील भदौरिया पर खुलेआम पैसों की मांग करने का गंभीर आरोप लगा है। बता दें कि ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व पार्षद जगदीश पाराशर ने सोमवार को एसडीएम कार्यालय पहुंचकर सोनाली राजपूत को ज्ञापन सौंपा और मामले की जांच की मांग की। बीमा की गलत बिक्री अब अपराध: बैंकों को वित्त मंत्री की दो टूक चेतावनी, 1 जुलाई से सख्त नियम 50 से अधिक सीमांकन रोके जाने का दावा ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि भांडेर और आसपास के गांवों में 50 से 60 से अधिक सीमांकन (नाप) के प्रकरण जानबूझकर लंबित रखे गए हैं। शिकायतकर्ता के अनुसार सीमांकन के बदले मोटी रकम मांगी जाती है और पैसा न मिलने पर पटवारी व राजस्व निरीक्षक को जमीन नापने से रोक दिया जाता है। इससे जमीन विवाद और अवैध कब्जों की समस्या बढ़ रही है। जायका टीम ने एमपी ट्रांसको की ट्रांसमिशन लाइन और सब स्टेशन का विस्तृत निरीक्षण किया .. दो-दो साल से लंबित नामांतरण शिकायत में यह भी कहा गया है कि नामांतरण, फौती नामांतरण और बंटवारे के कई मामले दो-दो साल से लंबित हैं। आरोप है कि जब तक रकम तय नहीं होती, फाइल दर्ज नहीं की जाती, ताकि समय सीमा लागू न हो सके। सौदा तय होने के बाद ही कार्रवाई आगे बढ़ाई जाती है। नरसिंहपुर में सड़क हादसा, निर्माणाधीन ब्रिज से पिकअप वाहन गिरने से 3 मजदूरों की मौत, 7 गंभीर घायल फरियादियों से अभद्र व्यवहार का आरोप कांग्रेस नेता जगदीश पाराशर ने आरोप लगाया कि फरियादियों से अभद्र भाषा में बात की जाती है और स्पष्ट कहा जाता है कि रुपए आए बिना काम नहीं होगा। साथ ही अवैध अतिक्रमण के मामलों में भी लेन-देन के आधार पर कार्रवाई करने का आरोप लगाया गया है। फिल्में जिनमें सितारों ने फीस नहीं ली और बनीं यादगार हिट तहसीलदार ने आरोपों को बताया निराधार आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए तहसीलदार सुनील भदौरिया ने सभी दावों को पूरी तरह निराधार बताया है। उनका कहना है कि वे नियमों के तहत कार्य कर रहे हैं और लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं।
SYBER CRIMES: रिटायर्ड एयरफोर्स अधिकारी से 2 करोड़ 52 लाख की ठगी, जाने साइबर ठग कैसे करते है फ्रॉड?

HIGHLIGHTS: ग्वालियर में एयरफोर्स के रिटायर्ड अफसर से 2.50 करोड़ की ठगी सीबीआई-ईडी अधिकारी बनकर ठगों ने किया कॉल दंपती को डिजिटल अरेस्ट कर जेल भेजने की दी धमकी सेविंग अकाउंट और एफडीआर तुड़वाकर कराई रकम ट्रांसफर साइबर पुलिस ने दर्ज किया केस, जांच जारी SYBER CRIMES: ग्वालियर। मध्यप्रदेश में साइबर ठगी के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं। बता दें कि ताजा मामला ग्वालियर से सामने आया है, जहां साइबर बदमाशों ने एयरफोर्स के 90 वर्षीय सेवानिवृत्त रेडियोलॉजिस्ट नारायण महादेव को अपना शिकार बना लिया। ठगों ने खुद को सीबीआई और ईडी का अधिकारी बताकर उन्हें और उनकी पत्नी को डिजिटल अरेस्ट कर लिया और 2.50 करोड़ रुपए ठग लिए। सोमवार के अचूक शिव उपाय, सुख शांति और मनोकामना पूर्ति का सरल आध्यात्मिक मार्ग.. 28 जनवरी से थे ‘डिजिटल अरेस्ट’ पुलिस शिकायत के अनुसार 28 जनवरी से साइबर ठग लगातार उन्हें कॉल कर-कर धमका रहे थे। बताया जा रहा है कि ठगों ने उन्हें मनी लॉन्ड्रिंग जैसे गंभीर आरोपों में फंसाने और जेल भेजने की धमकी दी थी। जिसके बाद डर के कारण दंपती मानसिक दबाव में रहे और ठगों के निर्देशों का पालन लगातार करते रहे। 23 फरवरी 2026 का पंचांग, फाल्गुन षष्ठी पर ब्रह्म योग का शुभ संयोग, अनुशासन और साधना का संदेश सेविंग अकाउंट से लेकर एफडीआर तक तुड़वाई पहले सेवानिवृत्त अधिकारी ने अपने सेविंग अकाउंट से रकम ट्रांसफर की। इसके बाद भी धमकियां जारी रहीं तो उन्होंने बैंक में जमा अपनी एफडीआर तक तुड़वाकर ठगों के खातों में पैसे भेज दिए। इस तरह कुल 2.50 करोड़ रुपए की ठगी को अंजाम दिया गया। साइबर पुलिस ने दर्ज किया मामला नारायण महादेव की शिकायत पर साइबर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की जाएगी। क्लीनमैक्स एनवायरो एनर्जी सॉल्यूशंस का 3100 करोड़ का IPO खुला, 25 फरवरी तक मौका, न्यूनतम निवेश 14742 रुपये उच्च शिक्षित भी बन रहे शिकार बता दें कि एयरफोर्स के रेडियोलॉजिस्ट आमतौर पर आर्मी मेडिकल कोर से जुड़े कमीशन्ड अधिकारी होते हैं और स्पेशलिस्ट डॉक्टर के रूप में कार्य करते हैं। इसके बावजूद इतनी बड़ी ठगी होना साइबर अपराधियों के बढ़ते हौसले को दर्शाता है।
MP BUGET SESSION: हेमंत कटारे का बड़ा बयान: पद छोड़ा, पर सरकार के खिलाफ लड़ाई रहेगी जारी

HIGHLIGHTS|: राष्ट्रीय अध्यक्ष को भेजा पद से कार्यमुक्ति का पत्र विधानसभा में गंभीर मुद्दों पर चर्चा न होने से नाराजगी इस्तीफा दबाव में नहीं, आवाज और बुलंद होगी केस री-ओपन पर बोले – FIR से नहीं डरते बीजेपी में जाने की अटकलों को किया खारिज MP BUGET SESSION: मध्यप्रदेश। बजट सत्र के दौरान उप नेता प्रतिपक्ष पद से इस्तीफा देने वाले अटेर विधायक हेमंत कटारे ने अपनी चुप्पी तोड़ते हुए साफ किया कि उनका निर्णय किसी दबाव में नहीं, बल्कि विधानसभा की कार्यप्रणाली से निराश होकर लिया गया है। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष को पत्र लिखकर पद से कार्यमुक्त करने की भावना व्यक्त की है। जबलपुर में भाजपा पर कांग्रेस ने लगाया कार्यालय पर हमले का आरोप, पुलिस से धक्का-मुक्की कटारे ने कहा कि सदन में गंभीर और जनहित के मुद्दों पर चर्चा नहीं हो पा रही। उन्होंने उदाहरण देते हुए भोपाल के गौमांस प्रकरण और भागीरथपुरा में हुई मौतों का जिक्र किया। उनका कहना है कि वे पूरी तैयारी के साथ मुद्दे उठाने जाते हैं, लेकिन सरकार चर्चा से बचती नजर आती है। इस्तीफा प्रचार के लिए नहीं कटारे ने स्पष्ट किया कि उनका पत्र न तो सार्वजनिक करने के लिए था और न ही किसी दबाव की रणनीति का हिस्सा, यह उनके मन की भावना थी। साथ ही उन्होंने कहा कि पार्टी जो भी निर्णय लेगी, वे उसका सम्मान करेंगे। पुलिस एबीवीपी झड़प: छतरपुर की काया विधि महाविद्यालय में धांधली के आरोप पर विरोध प्रदर्शन भड़क उठा मेरी आवाज पहले से ज्यादा गूंजेगी उन्होंने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि इस्तीफा देने का मतलब चुप होना नहीं है। उनकी जुबान पहले की तरह धारदार रहेगी और भाजपा के खिलाफ भ्रष्टाचार के मुद्दे और मजबूती से उठाए जाएंगे। केस री-ओपन पर दिया दो टूक जवाब केस दोबारा खुलने और दबाव के सवाल पर कटारे ने कहा, “हम चंबल की मिट्टी से हैं, FIR से डरने वाले नहीं। जब FIR आती है, तो हम पार्टी करते हैं।” उन्होंने बीजेपी में जाने की अटकलों को भी सिरे से खारिज किया। FAKE DAIRY PROTDUCTS: भिंड में अवैध डेयरी पर छापा: रिफाइंड ऑयल और ग्लूकोज से बन रहा था नकली मावा लंबी राजनीति की बात कटारे ने कहा कि उनकी राजनीतिक उम्र लंबी है और जो लोग उनके परिवार या कार्यकर्ताओं को निशाना बना रहे हैं, उन्हें भविष्य में जवाब मिलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि विपक्ष में रहते हुए वे सरकार का उतनी ही ताकत से विरोध करेंगे, जितनी ताकत सरकार में है।