वैभव सूर्यवंशी का धमाका: MVP के साथ ऑरेंज कैप भी जीती, IPL 2026 में छाए

नई दिल्ली। आईपीएल 2026 का सीजन समाप्त होने के बाद पुरस्कारों की घोषणा में राजस्थान रॉयल्स के युवा सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोरीं। उन्हें इस सीजन का ‘मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर’ (MVP) चुना गया। इसके साथ ही उन्होंने 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप भी अपने नाम की, जो उनके शानदार प्रदर्शन का बड़ा प्रमाण रहा। वैभव सूर्यवंशी ने सीजन के बाद कहा कि लगातार मैचों का दबाव रहता है, इसलिए हर मुकाबले में एक जैसी रणनीति के साथ खेलना आसान नहीं होता। उन्होंने यह भी माना कि फिटनेस और निरंतरता बनाए रखना सबसे बड़ी चुनौती है। सीजन में गेंदबाजों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला, जहां कगिसो रबाडा ने 29 विकेट लेकर पर्पल कैप पर कब्जा जमाया। रबाडा पूरे सीजन में सबसे सफल गेंदबाज साबित हुए। अन्य पुरस्कारों की बात करें तो पंजाब किंग्स को फेयरप्ले अवॉर्ड मिला। वहीं मनीष पांडे को ‘कैच ऑफ द सीजन’ के लिए सम्मानित किया गया, जिन्होंने एक शानदार कैच लेकर सबका ध्यान खींचा। भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज ने इस सीजन में सर्वाधिक 172 डॉट बॉल फेंकने का रिकॉर्ड बनाया, जिसके लिए उन्हें विशेष सम्मान मिला। वहीं साई सुदर्शन ने 75 चौके लगाकर ‘मोस्ट फोरस’ का अवॉर्ड जीता। वैभव सूर्यवंशी ने केवल ऑरेंज कैप ही नहीं, बल्कि ‘इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द सीजन’, ‘सुपर स्ट्राइकर ऑफ द सीजन’ (237.3 स्ट्राइक रेट) और ‘सुपर सिक्सेस ऑफ द सीजन’ (72 छक्के) जैसे कई बड़े अवॉर्ड भी अपने नाम किए। फाइनल मुकाबले की बात करें तो अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए मैच में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने गुजरात टाइटंस को 5 विकेट से हराकर खिताब अपने नाम किया। गुजरात टाइटंस ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 155 रन बनाए, जिसके जवाब में विराट कोहली की नाबाद 75 रनों की पारी ने आरसीबी को जीत दिलाई। इस तरह आईपीएल 2026 न केवल टीमों की जीत का गवाह बना, बल्कि व्यक्तिगत प्रदर्शन के कई नए रिकॉर्ड भी इस सीजन में बने।
RCB की लगातार दूसरी जीत के बाद खिलाड़ियों ने खोले दिल, कोहली की पारी से फाइनल में 5 विकेट से जीत

मध्य प्रदेश । आईपीएल 2026 का खिताब जीतने के बाद रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) के खिलाड़ियों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी, लेकिन टीम के अनुभवी गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार का बयान सबसे ज्यादा चर्चा में रहा। उन्होंने साफ कहा कि उनके लिए व्यक्तिगत उपलब्धियां नहीं, बल्कि टीम की जीत सबसे महत्वपूर्ण है। भुवनेश्वर कुमार ने कहा, “मुझे ट्रॉफी चाहिए थी, पर्पल कैप नहीं। यह सीजन हमारे लिए बेहद खास रहा और हमने शुरुआत से ही मजबूत रणनीति के साथ खेला।” उन्होंने बताया कि लगातार विकेट लेने से आत्मविश्वास बढ़ता है और बड़े मैचों में यह अनुभव काफी काम आता है। भुवनेश्वर इस सीजन में आरसीबी के सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने 16 मैचों में 28 विकेट लिए और सर्वाधिक विकेट लेने वाले गेंदबाजों की सूची में दूसरे स्थान पर रहे। उनसे आगे केवल गुजरात टाइटंस के कगिसो रबाडा रहे, जिन्होंने 29 विकेट झटके, हालांकि उन्होंने एक मैच ज्यादा खेला था। टीम की जीत में बल्लेबाजों का भी अहम योगदान रहा। देवदत्त पड्डिकल ने कहा कि इस टीम के साथ खेलना एक शानदार अनुभव रहा। उन्होंने कहा कि टीम में मौजूद बड़े खिलाड़ियों से सीखने का मौका मिला और गेंदबाजों ने बेहतरीन योजनाओं के साथ प्रदर्शन किया। उन्होंने विशेष रूप से विराट कोहली की बल्लेबाजी और उनके रन बनाने की भूख की तारीफ की। विकेटकीपर बल्लेबाज जितेश शर्मा ने भी टीम मैनेजमेंट की रणनीति की सराहना की। उन्होंने कहा कि टीम का फोकस दबाव में भी प्रक्रिया पर टिके रहने पर था, न कि सिर्फ नतीजों पर। इसी सोच ने टीम को मजबूत बनाए रखा और लगातार जीत की ओर बढ़ाया। वहीं तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड ने कहा कि टीम का माहौल और सपोर्ट स्टाफ बेहद मजबूत है, जिसने खिलाड़ियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया। उन्होंने भुवनेश्वर की लगातार विकेट लेने की क्षमता को टीम के लिए बड़ा प्लस पॉइंट बताया। फाइनल मुकाबले की बात करें तो गुजरात टाइटंस ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 8 विकेट पर 155 रन बनाए। जवाब में RCB ने विराट कोहली की नाबाद 75 रनों की शानदार पारी की बदौलत 18 ओवर में 5 विकेट पर 161 रन बनाकर मैच जीत लिया। इस जीत के साथ RCB ने लगातार दूसरी बार आईपीएल ट्रॉफी अपने नाम की और टीम ने एक बार फिर साबित किया कि संतुलित प्रदर्शन और मजबूत रणनीति ही सफलता की कुंजी है।
IPL 2026: चैंपियन RCB की हुई करोड़ों की कमाई, GT भी मालामाल, जानिए किसे मिला कौन सा अवॉर्ड

अहमदाबाद। इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 का खिताब अपने नाम करने वाली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) पर इनामों की जमकर बारिश हुई। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबले में आरसीबी ने गुजरात टाइटन्स (GT) को 5 विकेट से हराकर ट्रॉफी अपने नाम की। इसके बाद आयोजित अवॉर्ड सेरेमनी में विजेता और उपविजेता टीमों के साथ-साथ पूरे सीजन में शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया गया। रजत पाटीदार की कप्तानी में आरसीबी ने लगातार दूसरी बार आईपीएल ट्रॉफी जीतते हुए इतिहास रच दिया, जबकि गुजरात टाइटन्स का दूसरा खिताब जीतने का सपना अधूरा रह गया। विजेता और उपविजेता टीमों को कितनी मिली प्राइज मनी?आईपीएल 2026 में शीर्ष चार टीमों को करोड़ों रुपये की पुरस्कार राशि दी गई। चैंपियन – रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु: 20 करोड़ रुपयेरनर-अप – गुजरात टाइटन्स: 12.50 करोड़ रुपयेतीसरा स्थान – राजस्थान रॉयल्स: 7 करोड़ रुपयेचौथा स्थान – सनराइजर्स हैदराबाद: 6.50 करोड़ रुपयेसीजन के सबसे बड़े स्टार बने वैभव सूर्यवंशीराजस्थान रॉयल्स के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने पूरे सीजन में शानदार प्रदर्शन करते हुए कई बड़े अवॉर्ड अपने नाम किए। प्रमुख व्यक्तिगत पुरस्कारऑरेंज कैप (सबसे ज्यादा रन): वैभव सूर्यवंशी – 776 रन, 10 लाख रुपयेपर्पल कैप (सबसे ज्यादा विकेट): कगिसो रबाडा – 29 विकेट, 10 लाख रुपयेइमर्जिंग प्लेयर ऑफ द सीजन: वैभव सूर्यवंशी – 10 लाख रुपयेमोस्ट वैल्युएबल प्लेयर: 15 लाख रुपयेसुपर स्ट्राइकर ऑफ द सीजन: वैभव सूर्यवंशी – टाटा सिएरा कारसबसे ज्यादा छक्के: वैभव सूर्यवंशी (72 छक्के) – 10 लाख रुपयेसबसे ज्यादा डॉट बॉल: मोहम्मद सिराज – 10 लाख रुपयेबेस्ट कैच ऑफ द सीजन: मनीष पांडे – 10 लाख रुपयेसबसे ज्यादा चौके: साई सुदर्शन (75 चौके) – 10 लाख रुपये## अन्य विशेष सम्मान फेयर प्ले अवॉर्ड: पंजाब किंग्सपिच एंड ग्राउंड अवॉर्ड: ईडन गार्डन्स – 50 लाख रुपये ## फाइनल मुकाबले के स्टार खिलाड़ीफाइनल में शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को भी विशेष पुरस्कार दिए गए। प्लेयर ऑफ द मैच: विराट कोहलीसुपर स्ट्राइकर ऑफ द मैच: वेंकटेश अय्यरसुपर सिक्सेस ऑफ द मैच: विराट कोहलीऑन द गो-4s ऑफ द मैच: विराट कोहलीग्रीन डॉट बॉल ऑफ द मैच: भुवनेश्वर कुमार IPL 2026 में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज 1. वैभव सूर्यवंशी (राजस्थान रॉयल्स) – 776 रन2. शुभमन गिल (गुजरात टाइटन्स) – 732 रन3. साई सुदर्शन (गुजरात टाइटन्स) – 722 रन4. विराट कोहली (रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु) – 675 रन5. हेनरिक क्लासेन (सनराइजर्स हैदराबाद) – 624 रनIPL 2026 में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज 1. कगिसो रबाडा (गुजरात टाइटन्स) – 29 विकेट2. भुवनेश्वर कुमार (रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु) – 28 विकेट3. जोफ्रा आर्चर (राजस्थान रॉयल्स) – 25 विकेट4. राशिद खान (गुजरात टाइटन्स) – 21 विकेट5. अंशुल कम्बोज (चेन्नई सुपर किंग्स) – 21 विकेट IPL 2026 में जहां आरसीबी ने ट्रॉफी जीतकर अपना दबदबा कायम रखा, वहीं वैभव सूर्यवंशी पूरे टूर्नामेंट के सबसे चर्चित और सफल खिलाड़ी बनकर उभरे। बल्लेबाजी, स्ट्राइक रेट और छक्कों के मामले में उनका प्रदर्शन इस सीजन की सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल रहा।
देश के लिए पदक का सपना अधूरा रह गया: पैरा खिलाड़ी चिराग त्यागी की हत्या से खेल जगत स्तब्ध

नई दिल्ली। देश के लिए अंतरराष्ट्रीय मंच पर पदक जीतने का सपना देख रहे युवा पैरा एथलीट चिराग त्यागी की हत्या ने पूरे खेल जगत को झकझोर कर रख दिया है। महज 24 वर्ष की उम्र में राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुके चिराग की गाजियाबाद में गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के खुलासे के बाद सामने आई जानकारी ने सभी को हैरान कर दिया, क्योंकि हत्या का आरोपी कोई और नहीं बल्कि उनका पुराना साथी और पैरा खिलाड़ी निकला। गाजियाबाद के मुरादनगर क्षेत्र के बसंतपुर सैंथली गांव निवासी चिराग त्यागी देश के उभरते हुए पैरा एथलीटों में गिने जाते थे। हाल ही में उन्होंने बेंगलुरु में आयोजित राष्ट्रीय पैरा एथलेटिक्स प्रतियोगिता की 400 मीटर दौड़ में स्वर्ण पदक जीतकर बड़ी उपलब्धि हासिल की थी। इस जीत के साथ उन्होंने अक्टूबर में जापान में होने वाले पैरा एशियन गेम्स के लिए भी अपनी जगह लगभग सुनिश्चित कर ली थी। परिवार और गांव में उनकी सफलता का जश्न मनाया जा रहा था, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि यह खुशी कुछ ही दिनों में मातम में बदल जाएगी। पुलिस के अनुसार साईं कुंज इलाके में एक युवक का शव मिलने की सूचना के बाद जांच शुरू की गई। घटनास्थल पर पहुंची टीम ने पाया कि चिराग को बेहद नजदीक से गोली मारी गई थी। शुरुआती जांच में हत्या की आशंका के बाद पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। इसी दौरान एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया, जिसकी पहचान यश खटीक के रूप में हुई। पूछताछ के दौरान यश खटीक ने हत्या की बात स्वीकार कर ली। पुलिस जांच में सामने आया कि यश भी पैरा एथलेटिक्स से जुड़ा खिलाड़ी है और पहले चिराग के साथ प्रशिक्षण लिया करता था। दोनों ब्लाइंड कैटेगरी की प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेते थे। आरोपी ने बताया कि कुछ समय पहले दस्तावेज सत्यापन से जुड़े एक मामले में चिराग ने उसके खिलाफ शिकायत की थी। शिकायत के बाद उसका क्वालिफिकेशन रद्द हो गया और वह प्रतियोगिता से बाहर हो गया था। इसी बात को लेकर वह चिराग से नाराज चल रहा था और बदला लेने की योजना बना रहा था। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने अवैध रूप से पिस्तौल की व्यवस्था की और मौका मिलते ही चिराग को निशाना बना दिया। हत्या के बाद वह फरार होने की कोशिश कर रहा था, लेकिन सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच की मदद से उसे जल्द ही पकड़ लिया गया। परिजनों के अनुसार चिराग घर से यह कहकर निकले थे कि वह हॉस्टल जा रहे हैं। काफी देर तक संपर्क न होने पर परिवार चिंतित हो गया था। इसी बीच पुलिस को एक शव मिलने की सूचना मिली और बाद में उसकी पहचान चिराग के रूप में हुई। इस खबर से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। पुलिस अब हत्या में इस्तेमाल की गई पिस्तौल की तलाश कर रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि क्या इस वारदात में किसी अन्य व्यक्ति की भी भूमिका थी। मामले में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। चिराग त्यागी की असमय मौत ने न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे खेल समुदाय को गहरे सदमे में डाल दिया है। एक ऐसा खिलाड़ी, जो कुछ महीनों बाद जापान में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाला था, अब सिर्फ यादों में रह गया है।
IPL 2026 फाइनल का करोड़ों का दांव! RCB या GT, चैंपियन बनते ही मिलेगी इतनी बड़ी प्राइज मनी

नई दिल्ली। इंडियन प्रीमियर लीग 2026 अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच चुकी है और अब क्रिकेट प्रेमियों की निगाहें फाइनल मुकाबले पर टिकी हैं। डिफेंडिंग चैंपियन Royal Challengers Bengaluru और Gujarat Titans के बीच 31 मई को होने वाला खिताबी मुकाबला सिर्फ ट्रॉफी की जंग नहीं बल्कि करोड़ों रुपये की इनामी राशि का भी मुकाबला है। ऐसे में फैंस के बीच यह जानने की उत्सुकता बढ़ गई है कि आईपीएल 2026 की प्राइज मनी में कोई बदलाव हुआ है या नहीं और विजेता टीम को आखिर कितनी रकम मिलने वाली है। अब तक उपलब्ध जानकारी के अनुसार भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी Board of Control for Cricket in India ने आईपीएल 2026 की प्राइज मनी में किसी बदलाव की घोषणा नहीं की है। इसका मतलब है कि पिछले कई वर्षों से चली आ रही इनामी राशि इस सीजन में भी बरकरार रहने की संभावना है। आईपीएल के मौजूदा प्राइज स्ट्रक्चर के अनुसार टूर्नामेंट जीतने वाली टीम को 20 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि प्रदान की जाएगी। वहीं फाइनल में हारने वाली रनरअप टीम को लगभग 13 करोड़ रुपये का इनाम मिलेगा। इसके अलावा प्लेऑफ में तीसरे स्थान पर रहने वाली टीम को 7 करोड़ रुपये और चौथे स्थान पर रहने वाली टीम को 6.5 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। दिलचस्प बात यह है कि आईपीएल की शुरुआत वर्ष 2008 में हुई थी, तब विजेता टीम को सिर्फ 4.8 करोड़ रुपये और उपविजेता को 2.4 करोड़ रुपये मिलते थे। टूर्नामेंट की लोकप्रियता और व्यावसायिक सफलता बढ़ने के साथ-साथ इनामी राशि में भी लगातार वृद्धि हुई। वर्ष 2010 में विजेता राशि बढ़ाकर 10 करोड़ रुपये कर दी गई, जबकि 2014 में यह बढ़कर 15 करोड़ रुपये पहुंच गई। इसके बाद 2016 में आखिरी बार बड़ा बदलाव हुआ और विजेता टीम की प्राइज मनी 20 करोड़ रुपये निर्धारित की गई। तब से लेकर अब तक यही राशि जारी है। टीमों को मिलने वाली इनामी राशि के अलावा खिलाड़ियों के लिए भी कई व्यक्तिगत पुरस्कार रखे गए हैं। पूरे सीजन में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज को ऑरेंज कैप के साथ 10 लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज को पर्पल कैप और 10 लाख रुपये मिलेंगे। वहीं मोस्ट वैल्यूएबल प्लेयर को 15 लाख रुपये तथा इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द सीजन को 20 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी। इसके अलावा सुपर स्ट्राइकर ऑफ द सीजन और फेयर प्ले अवॉर्ड जैसी श्रेणियों में भी 10-10 लाख रुपये की राशि दी जाती है। ये पुरस्कार खिलाड़ियों और टीमों के पूरे सीजन के प्रदर्शन को सम्मानित करने के लिए दिए जाते हैं। अब जब आईपीएल 2026 अपने चरम पर पहुंच चुका है, तो करोड़ों क्रिकेट प्रेमियों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि आखिर ट्रॉफी और 20 करोड़ रुपये की इनामी राशि पर कौन कब्जा जमाता है। क्या रजत पाटीदार की कप्तानी में आरसीबी लगातार दूसरी बार खिताब जीत पाएगी या शुभमन गिल की गुजरात टाइटंस नया इतिहास रचेगी, इसका फैसला आज रात मैदान पर होगा।
आईपीएल 2026: रिकॉर्ड रन बरसात के बीच रबाडा का जलवा, गेंदबाजों में नंबर-1 बने

नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के दूसरे क्वालीफायर मुकाबले के बाद ऑरेंज कैप और पर्पल कैप की रेस और भी दिलचस्प हो गई है। गुजरात टाइटंस (Gujarat Titans) और राजस्थान रॉयल्स (Rajasthan Royals) के बीच खेले गए हाई-स्कोरिंग मुकाबले ने सीजन के बल्लेबाजी और गेंदबाजी आंकड़ों को पूरी तरह बदल दिया है। ऑरेंज कैप की दौड़ में राजस्थान के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अपनी धमाकेदार पारी के दम पर शीर्ष स्थान बनाए रखा है। वैभव ने 47 गेंदों में 96 रनों की बेहतरीन पारी खेली और पूरे सीजन में 16 मैचों में 776 रन बनाकर सबसे आगे बने हुए हैं। उनकी स्ट्राइक रेट 237 के आसपास रही, जो उनकी आक्रामक बल्लेबाजी शैली को दर्शाती है। वहीं गुजरात टाइटंस के कप्तान शुभमन गिल ने अपनी 53 गेंदों में 104 रनों की शानदार शतकीय पारी के साथ रेस को और रोमांचक बना दिया है। गिल अब 722 रनों के साथ दूसरे स्थान पर पहुंच गए हैं और लगातार ऑरेंज कैप के मजबूत दावेदार बने हुए हैं। उनके साथी ओपनर साई सुदर्शन भी शानदार फॉर्म में हैं और 710 रन बनाकर तीसरे स्थान पर मौजूद हैं। सनराइजर्स हैदराबाद के विकेटकीपर बल्लेबाज हेनरिक क्लासेन ने 624 रन बनाकर चौथा स्थान हासिल किया है, जबकि ईशान किशन 602 रन के साथ टॉप-5 में अपनी जगह बनाए हुए हैं। इस तरह ऑरेंज कैप की दौड़ अब अंतिम मुकाबले से पहले पूरी तरह खुली हुई है, जहां हर पारी रैंकिंग को बदल सकती है। दूसरी ओर, पर्पल कैप की रेस में बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। गुजरात टाइटंस के तेज गेंदबाज कगिसो रबाडा ने 28 विकेट लेकर शीर्ष स्थान हासिल कर लिया है और भुवनेश्वर कुमार को पीछे छोड़ दिया है। भुवनेश्वर अब 26 विकेट के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गए हैं। रबाडा ने दूसरे क्वालीफायर में भी 2 विकेट लेकर अपनी बढ़त को मजबूत किया। राजस्थान रॉयल्स के तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर 25 विकेट के साथ तीसरे स्थान पर बने हुए हैं, जबकि चेन्नई सुपर किंग्स के अंशुल कंबोज 21 विकेट लेकर चौथे स्थान पर हैं। सनराइजर्स हैदराबाद के ईशान मलिंगा 20 विकेट के साथ पांचवें स्थान पर हैं। अब आईपीएल 2026 का फाइनल मुकाबला रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (Royal Challengers Bengaluru) और गुजरात टाइटंस के बीच अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला जाएगा। इसी मैच के साथ यह भी तय होगा कि ऑरेंज कैप और पर्पल कैप के असली विजेता कौन बनते हैं।
GT vs RR: गिल का ऐतिहासिक शतक, प्लेऑफ में रचा नया इतिहास; गुजरात फाइनल में पहुंची

नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के दूसरे क्वालीफायर मुकाबले में क्रिकेट प्रेमियों को एक हाई-स्कोरिंग और रोमांचक मैच देखने को मिला, जहां गुजरात टाइटंस (Gujarat Titans) ने राजस्थान रॉयल्स (Rajasthan Royals) को 7 विकेट से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। इस जीत के असली हीरो कप्तान शुभमन गिल रहे, जिन्होंने अपनी ऐतिहासिक बल्लेबाजी से रिकॉर्ड बुक में नया अध्याय जोड़ दिया। राजस्थान रॉयल्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 6 विकेट पर 214 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। टीम की ओर से युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 47 गेंदों में 96 रनों की धमाकेदार पारी खेली। उनकी पारी में 8 चौके और 7 छक्के शामिल रहे, जिसने टीम को मजबूत शुरुआत दिलाई। इसके अलावा मध्यक्रम में रवींद्र जडेजा ने 35 गेंदों पर नाबाद 45 रन बनाकर पारी को संभाला, जबकि डोनोवन फेरेरा ने अंतिम ओवरों में 11 गेंदों में 38 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेली। जीटी की गेंदबाजी में कगिसो रबाडा और जेसन होल्डर ने 2-2 विकेट लेकर महत्वपूर्ण सफलता दिलाई, लेकिन स्कोर बड़ा होने के कारण टीम पर दबाव साफ नजर आया। 215 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी गुजरात टाइटंस की शुरुआत बेहद धमाकेदार रही। कप्तान शुभमन गिल ने अपनी क्लासिक बल्लेबाजी का प्रदर्शन करते हुए मात्र 53 गेंदों में 104 रन ठोक दिए। उन्होंने अपनी पारी में 15 चौके और 3 छक्के लगाए और विपक्षी गेंदबाजों को कोई मौका नहीं दिया। इस पारी के साथ ही गिल आईपीएल इतिहास में प्लेऑफ मुकाबले में शतक लगाने वाले पहले कप्तान बन गए। गिल ने साई सुदर्शन के साथ मिलकर पहले विकेट के लिए 12.5 ओवर में 167 रनों की साझेदारी की, जिसने मैच की दिशा पूरी तरह बदल दी। सुदर्शन ने भी 32 गेंदों में 58 रनों की तेजतर्रार पारी खेली, जिसमें 8 चौके और एक छक्का शामिल था। मिडिल ऑर्डर में वॉशिंगटन सुंदर ने 16 रन और राहुल तेवतिया ने नाबाद 17 रनों का योगदान देकर टीम को जीत के करीब पहुंचाया। गुजरात टाइटंस ने यह लक्ष्य 18.4 ओवर में केवल 3 विकेट खोकर हासिल कर लिया। इस जीत के साथ गुजरात टाइटंस ने तीसरी बार आईपीएल फाइनल में प्रवेश किया है। अब फाइनल मुकाबले में टीम का सामना रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (Royal Challengers Bengaluru) से अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में होगा, जहां खिताब के लिए जोरदार भिड़ंत देखने को मिलेगी।
IPL 2026 Qualifier-2: शुभमन गिल की ऐतिहासिक सेंचुरी, राजस्थान बाहर-GT पहुंची फाइनल में

नई दिल्ली। आईपीएल 2026 के क्वालिफायर-2 में मुल्लांपुर के महाराजा यादवेंद्र सिंह इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में गुजरात टाइटन्स ने दमदार प्रदर्शन करते हुए राजस्थान रॉयल्स को 7 विकेट से करारी शिकस्त दी और फाइनल में प्रवेश कर लिया। इस मुकाबले के हीरो रहे कप्तान Shubman Gill, जिन्होंने ऐतिहासिक शतक जड़कर टीम को जीत की राह पर पहुंचाया। राजस्थान रॉयल्स ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया और युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने विस्फोटक अंदाज में 96 रनों की शानदार पारी खेली। उनके अलावा डोनोवन फरेरा और रविंद्र जडेजा ने भी उपयोगी योगदान दिया, जिसकी बदौलत राजस्थान ने 20 ओवर में 214/6 का बड़ा स्कोर खड़ा किया। हालांकि इतना बड़ा लक्ष्य भी गुजरात टाइटन्स की आक्रामक बल्लेबाजी के सामने छोटा साबित हुआ। लक्ष्य का पीछा करने उतरी गुजरात की शुरुआत बेहद धमाकेदार रही। Shubman Gill और साई सुदर्शन की ओपनिंग जोड़ी ने पहले विकेट के लिए 167 रन जोड़कर मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। गिल ने कप्तानी पारी खेलते हुए सिर्फ 53 गेंदों में 104 रनों की विस्फोटक पारी खेली। उनकी पारी में 15 चौके और 3 शानदार छक्के शामिल रहे। दूसरी ओर साई सुदर्शन ने भी 32 गेंदों में 58 रन बनाकर बेहतरीन सहयोग दिया। दोनों बल्लेबाजों ने राजस्थान के गेंदबाजों को किसी भी चरण में वापसी का मौका नहीं दिया। गुजरात टाइटन्स ने यह लक्ष्य सिर्फ 18.4 ओवर में हासिल कर लिया और एक बार फिर साबित किया कि यह टीम बड़े मैचों में कितनी खतरनाक साबित हो सकती है। इस जीत के साथ गुजरात तीसरी बार आईपीएल फाइनल में पहुंची है। इस मुकाबले के साथ Shubman Gill ने कई ऐतिहासिक रिकॉर्ड अपने नाम किए। वह आईपीएल प्लेऑफ में शतक लगाने वाले पहले कप्तान बन गए हैं। इसके अलावा उन्होंने एक ही सीजन में शानदार रन बनाते हुए कई उपलब्धियां भी हासिल कीं, जिससे उनका नाम रिकॉर्ड बुक में और मजबूत हो गया। वहीं साई सुदर्शन भी लगातार शानदार फॉर्म में नजर आए और आईपीएल इतिहास में उन चुनिंदा बल्लेबाजों की सूची में शामिल हो गए जिन्होंने लगातार दो सीजन में 700+ रन बनाए। गुजरात की इस जीत ने साफ कर दिया कि टीम का शीर्ष क्रम इस समय बेहद मजबूत स्थिति में है। गिल और सुदर्शन की साझेदारी ने न सिर्फ मैच जीता बल्कि पूरे सीजन में उनकी जोड़ी को सबसे खतरनाक ओपनिंग कॉम्बिनेशन के रूप में स्थापित कर दिया है। अब 31 मई को होने वाले फाइनल में गुजरात टाइटन्स का सामना रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु से होगा, जहां एक बार फिर बड़े मुकाबले और बड़े सितारों की टक्कर देखने को मिलेगी।
IPL 2026: आईपीएल 2026 में फ्लॉप प्रदर्शन का असर, लखनऊ टीम में बड़ा बदलाव

IPL 2026: नई दिल्ली । Indian Premier League 2026 में बेहद निराशाजनक प्रदर्शन के बाद ऋषभ पंत ने Lucknow Super Giants की कप्तानी छोड़ दी है। टीम के लगातार खराब प्रदर्शन और पॉइंट्स टेबल में सबसे निचले स्थान पर रहने के बाद यह बड़ा फैसला सामने आया। फ्रेंचाइजी ने शुक्रवार को आधिकारिक बयान जारी कर इसकी पुष्टि की। लखनऊ सुपर जायंट्स ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए कहा कि ऋषभ पंत ने फ्रेंचाइजी से कप्तानी की जिम्मेदारियों से मुक्त किए जाने का अनुरोध किया था, जिसे तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया गया है। इस घोषणा के बाद आईपीएल जगत में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है, क्योंकि पंत को टीम ने रिकॉर्ड रकम देकर अपने साथ जोड़ा था। NITI Aayog Roadmap: 2035 तक 150 अरब डॉलर के सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम का लक्ष्य, भारत ने वैश्विक टेक दौड़ में बढ़ाया बड़ा कदम एलएसजी के क्रिकेट निदेशक टॉम मूडी ने कहा कि ऋषभ पंत का यह फैसला आसान नहीं था, लेकिन फ्रेंचाइजी ने उनके निर्णय का सम्मान किया। उन्होंने कहा कि पंत ने कप्तान के तौर पर ड्रेसिंग रूम में सकारात्मक माहौल और नेतृत्व क्षमता दिखाई, जिसके लिए टीम हमेशा आभारी रहेगी। मूडी ने यह भी संकेत दिए कि अब फ्रेंचाइजी टीम के पुनर्गठन और नए सिरे से मजबूत संयोजन तैयार करने पर ध्यान देगी। आईपीएल 2026 से पहले लखनऊ सुपर जायंट्स ने ऋषभ पंत को 27 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड कीमत में रिटेन किया था। इससे पहले आईपीएल नीलामी में भी उन्हें इतनी बड़ी रकम में खरीदा गया था, जिसने उन्हें लीग के सबसे महंगे खिलाड़ियों में शामिल कर दिया। हालांकि इतनी बड़ी उम्मीदों के बावजूद टीम मैदान पर उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सकी। पिछले सीजन में पंत की कप्तानी में एलएसजी ने 14 में से केवल 6 मुकाबले जीते थे और टीम 12 अंकों के साथ सातवें स्थान पर रही थी। उस सीजन पंत ने बल्ले से 269 रन बनाए थे, जिसमें एक नाबाद शतक भी शामिल था। बावजूद इसके टीम प्लेऑफ में जगह नहीं बना पाई थी। केदारनाथ पैदल मार्ग पर भटके बुजुर्ग दंपती, अलर्ट पुलिस ने सकुशल किया रेस्क्यू हालांकि IPL 2026 टीम के लिए और भी ज्यादा खराब साबित हुआ। लखनऊ सुपर जायंट्स 14 में से 10 मुकाबले हार गई और अंक तालिका में सबसे नीचे रही। टीम का बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में संतुलन नजर नहीं आया। ऋषभ पंत ने इस सीजन 28.36 की औसत से 312 रन बनाए और विकेटकीपर के तौर पर 10 कैच भी पकड़े, लेकिन उनका व्यक्तिगत प्रदर्शन टीम को जीत दिलाने में नाकाफी साबित हुआ। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि अगले सीजन में लखनऊ सुपर जायंट्स की कमान किस खिलाड़ी को सौंपी जाएगी। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि फ्रेंचाइजी अब नए कप्तान और मजबूत रणनीति के साथ वापसी की तैयारी करेगी। वहीं ऋषभ पंत के इस फैसले को उनके करियर और टीम दोनों के लिए नए बदलाव की शुरुआत माना जा रहा है।
खिलाड़ियों और अधिकारियों के लिए नए नियम लागू, उल्लंघन पर होगी कार्रवाई

नई दिल्ली । Board of Control for Cricket in India की भ्रष्टाचार-रोधी और सुरक्षा इकाई एसीएसयू ने Indian Premier League में बड़ा फैसला लेते हुए खिलाड़ियों और मैच अधिकारियों के क्षेत्र यानी पीएमओए के अंदर स्मार्ट ग्लास और स्मार्ट गॉगल्स के इस्तेमाल पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है। बोर्ड ने साफ कर दिया है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले खिलाड़ियों या सपोर्ट स्टाफ पर जुर्माना लगाया जाएगा। बीसीसीआई का यह फैसला ऐसे समय आया है जब एसीएसयू को जानकारी मिली कि कुछ कंपनियां खिलाड़ियों और टीम के सपोर्ट स्टाफ को हाई-टेक स्मार्ट चश्मों का प्रचार और बिक्री कर रही हैं। इन स्मार्ट डिवाइसों में एडवांस कम्युनिकेशन फीचर्स मौजूद हैं, जो टूर्नामेंट के सख्त भ्रष्टाचार-रोधी नियमों के लिए खतरा बन सकते हैं। एसीएसयू द्वारा जारी आंतरिक निर्देश के अनुसार इन स्मार्ट ग्लास में लाइव स्ट्रीमिंग, टेक्स्ट मैसेज भेजने और प्राप्त करने, ऑडियो-वीडियो कॉलिंग और मोबाइल डेटा या वाई-फाई के जरिए संचार जैसी सुविधाएं मौजूद हैं। यही वजह है कि बोर्ड ने इन्हें ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग और कम्युनिकेशन डिवाइस की श्रेणी में रखा है। एसीएसयू ने सभी आईपीएल फ्रेंचाइजियों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ मैच के दिन पीएमओए में प्रवेश करते समय अपने मोबाइल फोन, स्मार्टवॉच और स्मार्ट गॉगल्स जैसे सभी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस सिक्योरिटी लाइजन ऑफिसर के पास जमा कराएं। बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी तरह की लापरवाही या डिवाइस जमा न कराने की स्थिति में आर्थिक दंड लगाया जाएगा। बीसीसीआई के नियमों के मुताबिक पीएमओए को स्टेडियम के बाकी हिस्सों से पूरी तरह अलग और सुरक्षित क्षेत्र माना जाता है। इस क्षेत्र में केवल खिलाड़ियों, सपोर्ट स्टाफ, मैच अधिकारियों और विशेष मान्यता प्राप्त सीमित लोगों को ही प्रवेश की अनुमति होती है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत यहां हर समय सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं। आईपीएल के भ्रष्टाचार-रोधी नियम पहले से ही इलेक्ट्रॉनिक संचार उपकरणों के इस्तेमाल को लेकर बेहद सख्त रहे हैं। टीम मैनेजर को केवल ड्रेसिंग रूम क्षेत्र में फोन इस्तेमाल करने की अनुमति होती है, जबकि डगआउट में मोबाइल उपयोग प्रतिबंधित रहता है। वहीं टीम एनालिस्ट अपनी निर्धारित एनालिस्ट टेबल पर कंप्यूटर का उपयोग कर सकते हैं। बोर्ड ने यह भी साफ किया है कि खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ के मोबाइल फोन, स्मार्टवॉच और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण स्टेडियम पहुंचने पर बंद अवस्था में जमा कराने होंगे। इसके अलावा ड्रेसिंग रूम अटेंडेंट, कैटरिंग स्टाफ और मैच मैनेजर जैसे मान्यता प्राप्त स्टाफ को भी पीएमओए में किसी प्रकार का संचार उपकरण ले जाने की अनुमति नहीं होगी। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल के बीच बीसीसीआई का यह कदम आईपीएल की पारदर्शिता और सुरक्षा बनाए रखने के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बोर्ड किसी भी संभावित भ्रष्टाचार या गोपनीय जानकारी के लीक होने के खतरे को पूरी तरह खत्म करना चाहता है।