Engineering Student Thief: ग्वालियर। सूने मकानों में चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक हाईटेक गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। बता दें कि ग्वालियर के इंदरगंज थाना पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए करीब 94 लाख 25 हजार रुपए का चोरी किया हुआ माल बरामद किया है।

इंजीनियरिंग छात्र ने बनाया गिरोह
पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरोह का मास्टरमाइंड विवेक प्रजापति कंप्यूटर इंजीनियरिंग का छात्र रहा है। कम समय में ज्यादा पैसा कमाने की चाह में उसने अपराध का रास्ता चुना और एक संगठित गिरोह तैयार कर लिया। बताया जा रहा है कि गिरोह के सदस्य तकनीक का इस्तेमाल कर चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे।
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इंस्टाग्राम कॉल पर की प्लानिंग
पुलिस का कहना है कि आरोपी सामान्य मोबाइल कॉल और मैसेजिंग एप के बजाय इंस्टाग्राम कॉल और सीक्रेट चैट फीचर का उपयोग करते थे, जिससे उनकी एक्टिविटी को ट्रैक करना मुश्किल हो जाता था। गिरफ्तारी के बाद भी मुख्य आरोपी विवेक करीब 48 घंटे तक पुलिस को गुमराह करता रहा, लेकिन सख्त पूछताछ में आखिरकार पूरा नेटवर्क सामने आ गया।

बीहड़ में छिपा रखा था चोरी का माल
5 मई 2026 को इंदरगंज क्षेत्र में रहने वाले अजय शंकर मित्तल के सूने मकान में चोरी की घटना के बाद पुलिस जांच में जुटी थी। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस पनिहार टोल प्लाजा के आगे बीहड़ क्षेत्र में पहुंची, जहां चोरी का माल जमीन में गाड़कर और पत्थरों के नीचे छिपाकर रखा गया था।
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300 ग्राम सोना और 14.5 किलो चांदी जब्त
सीएसपी रोबिन जैन ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से 300 ग्राम सोना, साढ़े 14 किलो चांदी, नकदी और चोरी के पैसों से खरीदी गई आई-20 कार बरामद गई है। मामले में नाबालिग आरोपी सहित चोरी का माल खरीदने वाले सुनार और अन्य सहयोगियों को भी गिरफ्तार कर लिया गया है।