मौसम विभाग भोपाल के मुताबिक, फिलहाल सक्रिय मौसम प्रणाली कमजोर पड़ रही है, जिसके चलते अगले तीन दिनों तक रिमझिम बारिश का सिलसिला बना रहेगा। शनिवार को भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर सहित प्रदेश के सभी 55 जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने का अनुमान है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं।
अगले सप्ताह सक्रिय होगा नया मौसम तंत्र
मौसम विभाग के अनुसार पाकिस्तान के ऊपर एक पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) सक्रिय हो रहा है। इसके प्रभाव से अगले सप्ताह प्रदेश के मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा और कुछ इलाकों में फिर से भारी बारिश का दौर शुरू हो सकता है।
खरीफ फसलों के लिए राहतभरा संकेत
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल भारी बारिश का सिलसिला थमना खरीफ फसलों के लिए लाभदायक साबित होगा। लगातार तेज बारिश के कारण कई जिलों के खेतों में जलभराव की स्थिति बन गई थी, जिससे फसलों में गलन का खतरा बढ़ने लगा था। बारिश की तीव्रता कम होने से किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है।
सामान्य से अधिक हुई बारिश
प्रदेश में जून महीने के दौरान आंधी और बारिश का दौर बना रहा, लेकिन इसके बावजूद जून के अंत तक सामान्य से करीब 30 प्रतिशत कम वर्षा दर्ज की गई थी। वहीं जुलाई के पहले नौ दिनों में हुई अच्छी बारिश ने यह कमी पूरी कर दी है।
आंकड़ों के अनुसार, मध्य प्रदेश में अब तक 240 मिमी (करीब 9.5 इंच) बारिश दर्ज की जा चुकी है, जबकि सामान्य वर्षा 222.1 मिमी (करीब 8.8 इंच) मानी जाती है। इस तरह प्रदेश में अब तक सामान्य से लगभग 8 से 10 प्रतिशत अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। पूर्वी मध्य प्रदेश में सामान्य से 8 प्रतिशत कम वर्षा हुई है, जबकि पश्चिमी हिस्से में औसत से 24 प्रतिशत अधिक बारिश दर्ज की गई है। भोपाल, इंदौर सहित प्रदेश के 30 जिलों में अब तक सामान्य से ज्यादा वर्षा हो चुकी है।