HIGHLIGHTS:
- मोबाइल ब्लास्ट और आग लगने की अफवाह से मचा हड़कंप
- ट्रेन से उतरने पर दूसरी ट्रेन की चपेट में आए यात्री
- हादसे में महिला समेत 4 लोगों की दर्दनाक मौत
- 500 मीटर तक बिखरे शवों के हिस्से, पोटली में समेटे गए
- रेलवे ने जांच के लिए 6 सदस्यीय कमेटी गठित की

MORENA TRAIN ACCIDENT: मुरैना। खजुराहो-उदयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस में फैली एक अफवाह ने चार लोगों जिंदगियां छीन ली। बता दें कि ट्रेन में मोबाइल फटने और आग लगने की बात सुनकर घबराए यात्री चलती ट्रेन से नीचे उतर गए। इसी दौरान दूसरी ट्रैक पर आ रही ट्रेन की चपेट में आने से चारों यात्रियों की मौत हो गई।
पोटलियों में समेटना पड़ा शरीर
हादसा इतना भयावह था कि मृतकों के शरीर के हिस्से करीब 500 मीटर तक बिखर गए। पोस्टमॉर्टम के लिए शवों के अंगों को पोटलियों में समेटना पड़ा। हादसे के बाद परिजनों का कहना है कि उनके अपनों की जान किसी दुर्घटना ने नहीं, बल्कि एक अफवाह ने ले ली।
जानकारी के मुताबिक, रविवार शाम करीब 4:15 बजे खजुराहो-उदयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस हेतमपुर और धौलपुर स्टेशन के बीच चेन पुलिंग के कारण रुक गई थी। ट्रेन में किसी यात्री ने मोबाइल फटने और आग लगने की अफवाह फैला दी। इससे घबराकर कई यात्री ट्रेन से नीचे उतर गए। तभी दूसरी लाइन पर आ रही ट्रेन की चपेट में चार लोग आ गए।
हादसे में राजस्थान के बीकानेर निवासी बिरमा देवी (60), आगरा की शकुंतला सिंह (60), आफरीन (35) और उनके चार वर्षीय बेटे असद की मौत हो गई।
टीम घटनास्थल का निरीक्षण करेगी
झांसी मंडल के जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह ने बताया कि पूरे मामले की जांच के लिए 6 सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी गठित की गई है। टीम घटनास्थल का निरीक्षण करेगी और अधिकारियों व प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज करेगी।
जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही मृतकों के परिजनों को आर्थिक सहायता भी दी जाएगी।
