HIGHLIGHTS:
- 50 दिन से ज्यादा लंबित केसों पर सख्ती
- लापरवाह अधिकारियों पर लगेगा जुर्माना
- सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के त्वरित निराकरण के निर्देश
- पीएम आवास और श्रम योजनाओं की समीक्षा
- जल संरक्षण और गौवंश प्रबंधन पर फोकस
Datiya collector instructions: मध्यप्रदेश। जिले में बाद रही शिकायतों के चलते दतिया कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने लंबित शिकायतों और समय-सीमा से बाहर चल रहे मामलों को लेकर अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दी है। सोमवार को न्यू कलेक्ट्रेट में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने कहा कि जनसेवा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि सीएम हेल्पलाइन पर 50 दिन से ज्यादा लंबित मामलों का तत्काल निराकरण किया जाए। साथ ही एल-1 स्तर पर जवाब दर्ज नहीं करने वाले अधिकारियों के खिलाफ जुर्माना लगाने के निर्देश भी दिए।
कलेक्टर ने जताई नाराजगी
बैठक में लोक सेवा गारंटी और आरसीएमएस प्रकरणों की समीक्षा के दौरान भी कई विभागों की धीमी कार्यप्रणाली पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई। साथ ही शिक्षा विभाग को स्कूलों में नामांकन प्रक्रिया को तेज करने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा कृषि, पशुपालन और रोजगार योजनाओं की प्रगति सुधारने पर जोर दिया गया।
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पानी व्यवस्था को ठीक करने के दिए निर्देश
कलेक्टर ने जल शक्ति अभियान, नल-जल योजनाओं, खुले बोरवेलों की सुरक्षा और मोटर खराबी से जुड़ी शिकायतों को जल्द ठीक करने के निर्देश भी दिए। वहीं शहर में निराश्रित गौवंश की समस्या और प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 की धीमी प्रगति पर भी चिंता जताई गई।
बैठक में जर्जर भवनों की मरम्मत, बंटवारा-सीमांकन मामलों के शीघ्र निपटारे और दिव्यांगजन के लिए सभी सरकारी कार्यालयों में सुगम सुविधाएं विकसित करने पर भी विशेष जोर दिया गया।